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जेई को तीन घंटे बंधक बनाकर रखा
jhjhar
Updated Tue, 05 Aug 2014 12:17 AM IST
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गुभाना गांव में पेयजल समस्या से परेशान ग्रामीणों ने सोमवार को जलघर पहुंचकर जेई और एक अन्य कर्मचारी को बंधक बना लिया। गुस्साए ग्रामीणों ने जलघर पर ताला जड़कर अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। ग्रामीणों ने पुलिस की एक भी बात सुनने से साफ इनकार कर दिया। वे जिद्द पर अड़े रहे कि जब तक अधिकारी मौके पर नहीं आएंगे, तब तक जलघर का ताला नहीं खोलेंगे। बाद में विभाग के एसडीओ राज सिंह मलिक ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों को भरोसा दिया कि दो दिन में पूरे गांव में पानी की सप्लाई सुचारु कर दी जाएगी। इस आश्वासन पर जलघर के गेट पर तीन घंटे से लटका ताला खोल दिया गया।
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जलघर पर प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने बताया कि पिछले चार दिनों से गांव में पेयजल सप्लाई बंद पड़ी है। बार-बार शिकायत करने के बाद भी सप्लाई सुचारु नहीं की गई। सोमवार सुबह भी जब पानी नहीं आया तो ग्रामीणों के सब्र का बांध टूट गया। ग्रामीण इकट्ठा होकर जलघर पर पहुंचे और वहां मौजूद जेई सुनील कुमार और कर्मचारी हरिओम से पानी की सप्लाई न आने का कारण पूछा। जेई के जवाब से असंतुष्ट महिलाओं ने दोनों को यह कहते हुए सप्लाई रूम में बंद कर दिया कि जब तक पानी नहीं आएगा, तब तक उन्हें भी परेशानी झेलनी पड़ेगी। मौके पर गांव के सरपंच कुलबीर भी पहुंचे और ग्रामीण महिलाओं को समझाने का प्रयास किया। जब महिलाओं ने उनकी नहीं सुनी तो किसी ने पुलिस को सूचित किया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। चौकी इंचार्ज जयकिशन दहिया ने ग्रामीणों को समझाने का काफी प्रयास किया, लेकिन सफल नहीं हो पाए। ग्रामीण इस जिद्द पर अड़े थे कि जब तक अधिकारी स्वयं आकर उन्हें कोई ठोस भरोसा नहीं देते, तब तक जलघर पर ताला जड़ा रहेगा। मामला बढ़ता देख विभाग के एसडीओ राज सिंह मलिक को मौके पर पहुुंचना पड़ा।
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जमकर निकाली भड़ास
एसडीओ राज सिंह के समक्ष महिलाओं ने जमकर भड़ास निकाली। तालाब पर मौजूद मंजू, पूनम, सावित्री, केला ने बताया कि गांव में चार दिनों से पानी की सप्लाई नहीं हो रही है, जिसके चलते पीने का पानी तक नहीं है। रविवार की देर रात गांव के कुछ हिस्से में पानी की सप्लाई आई थी, लेकिन पानी इस कदर गंदा और दूषित था कि कपड़े धोने या पशुओं को पिलाने के लिए भी इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। जिला पार्षद अमित गुभाना, सत्तू ठेकेदार, दिलबाग सिंह, मनोज, देवेंद्र ने कहा कि पूरी तरह से परेशान होने के बाद ही उन्हें यह कदम उठाने पर विवश होना पड़ा है।
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दो दिन में करा दूंगा समस्या का समाधान
एसडीओ ने ग्रामीणों की समस्या सुनने के बाद भरोसा दिलाया कि दो दिनों में पूरे गांव में पानी की सप्लाई ठीक करा दूंगा। जहां संभव है, वहां बिजली मिलते ही पानी की सप्लाई कराई जाएगी। उन्होंने गांव की सभी लीकेज ठीक कराने का भरोसा भी दिया। इस पर ग्रामीणों ने जलघर का ताला खोल दिया, जिसके बाद सप्लाई रूम में बंद जेई और कर्मचारी को बाहर निकाल लिया गया।
तीन घंटे के हंगामे के बाद पता चला कारण
जलघर का ताला खोलने के बाद वहां मौजूद महिलाओं ने एसडीओ को दूषित और गंदा पानी दिखाया। दूषित पानी दिखाने पर एसडीओ ने जेई सुनील से बातचीत की। बाद में एसडीओ ने महिलाओं को बताया कि फिल्टर मीडिया खराब होने से गंदा पानी सप्लाई हो गया, जिसे दो दिन में ठीक करा दिया जाएगा।
क्या कहते हैं एसडीओ
मौके पर एसडीओ राज सिंह मलिक ने बताया कि जलघर के फिल्टर मीडिया खराब हो गए थे, जिसके चलते पानी की सप्लाई बाधित हो गई थी। अब फिल्टर मीडिया को ठीक कराया जा रहा है और संभव हुआ तो बदल दिया जाएगा। दो दिनों में पूरे गांव में सप्लाई सुचारु करा दी जाएगी।