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मुआवजे की मांग को लेकर दूसरे दिन भी जारी रहा किसानों का धरना

Thu, 21 Mar 2019 01:42 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 21 Mar 2019 01:42 AM IST
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मुआवजे की मांग को लेकर दूसरे दिन भी जारी रहा किसानों का धरना
अमर उजाला ब्यूरो
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बहादुरगढ़। उचित मुआवजे की मांग को लेकर गांव जसोरखेड़ी स्थित परमाणु अनुसंधान केंद्र के पास चल रहा किसानों का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। बुधवार को भारतीय किसान यूनियन सहित कई अन्य किसान संगठनों के प्रतिनिधियों ने किसानों के धरने को समर्थन दिया। किसानों ने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांग पूरी नहीं होती, उनका धरना जारी रहेगा। शुक्रवार को इस संबंध में वे मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम बहादुरगढ़ को ज्ञापन भी देंगे। धरने पर बैठे किसानों के मुताबिक, वर्ष-1954 में आसौदा, जसोरखेड़ी आदि के किसानों ने आसपास के दूसरे गांवों से संपर्क साधने के लिए अपनी निजी जमीन पर कच्चा रास्ता बनाया था। इस रास्ते में नीलोठी व सोनीपत जिले के गांव पाई व ब्रोणा गांव के किसानों ने भी कुछ जमीन दी। वर्ष-1964 में जिला परिषद ने जमीन पर क्लेम किया और यह जमीन बीएंड आर को ट्रांसफर कर दी। बीएंडआर ने पक्की सड़क बना डाली। इसके बाद ग्रामीण ने अदालत की शरण ली। अदालत ने किसानों के पक्ष में फैसला दिया और संबंधित विभाग से किसानों को मुआवजा देने के आदेश दिए। वर्षों बीत गए पर किसानों को उनकी जमीन का मुआवजा नहीं मिल सका।
धरने की अध्यक्षता कर रहे राज सिंह तहलान ने कहा कि यदि किसानों की जमीन गई तो उन्हें मुआवजा तो दिया जाना चाहिए। दशकों पहले जो जमीन किसानों ने गांवों में संपर्क स्थापित करने के लिए दी थी आज वह आसौदा-खरखौदा मार्ग में बदल चुका है। किसानों को मुआवजा तो मिला नहीं अब इस मार्ग का विस्तारीकरण किया जा रहा है। किसान विस्तारीकरण का विरोध नहीं करते लेकिन सरकार को उचित मुआवजा तो देना ही चाहिए। जब तक किसानों के खाते में मुआवजा राशि नहीं आती वे विस्तारीकरण कार्य शुरू नहीं होने देंगे।
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बुधवार को धरने को समर्थन देने पहुंचे चौधरी प्रताप सिंह छिल्लर, उमराव सिंह छिकारा, डॉ. शमशेर सिंह, किसान नेता प्रदीप धनखड़ ने कहा कि किसानों की मांग को अनदेखा करने की सूरत में किसान सड़क को उखाड़कर बाजरे की खेती कर डालेंगे। साथ ही यदि किसानों के साथ न्याय नहीं होता है तो लोकसभा चुनाव में भाजपा का बहिष्कार कर दिया जाएगा। इस अवसर पर श्रीकृष्ण, ओमप्रकाश, दर्शन सिंह, कर्ण सिंह, सूबे सिंह आदि उपस्थित रहे। शुक्रवार को ये किसान अपनी मांगों को लेकर एसडीएम को ज्ञापन देंगे।
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