बास। नगर पालिका का दर्जा रद्द कर बास को फिर से पंचायत बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों का सब्र का बांध मंगलवार को टूट गया। ग्रामीणों ने नगरपालिका कार्यालय पर ताला जड़ दिया। इससे पहले फसल के मुआवजे की मांग को लेकर खेड़ी चौपटा उप तहसील के 17 गांव के किसानों ने उपतहसील पर भी ताला लगाया हुआ है।
पूर्व सरपंच भरत सिंह, बलवान शर्मा, सूबेदार इंद्र सिंह, सतवीर, बलवीर, सुरेंद्र, सत्यनारायण, राजकुमार, कर्मबीर, सुंदर सैनी, चंदन, प्रताप जांगड़ा, चंद्रभान ने बताया कि पिछले एक महीने से ग्रामीण नगर पालिका का दर्जा समाप्त कराने के लिए धरना दे रहे हैं। इसको लेकर तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा लेकिन सरकार ने अभी तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। ग्रामीणों ने सरकार को चेतावनी दी है कि जब तक हमारी मांगों को पूरा नहीं किया जाता तब तक ताला नहीं खोला जाएगा। ग्रामीणों ने कहा कि सुविधाओं की अपेक्षा उनसे चार्ज ज्यादा वसूले जाएंगे, कॉलेज या यूनिवर्सिटी में दाखिले के समय ग्रामीण क्षेत्र से मिलने वाली पांच अंकों की छूट नहीं मिलेगी, बिजली के रेट महंगे हो जाएंगे, जमीन की खरीद व बेचने में स्टांप ड्यूटी में बढ़ोतरी होगी, सभी किसान मजदूरों को हाउस टैक्स, चूल्हा टैक्स, पानी बिल महंगे हो जाएंगे और मजदूरों के लिए मनरेगा के काम बंद हो जाएंगे।