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Hisar News: तलवंडी राणा के श्मशान घाट का रास्ता गंदे पानी में डूबा
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हिसार। गांव तलवंडी राणा के श्मशान घाट का रास्ता काफी समय से गंदे पानी में डूबा हुआ है। इस कारण से किसी शव यात्रा को मजबूरी में गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। यही नहीं छह-सात वर्षों से श्मशान घाट की चहारदीवारी बनाने की मांग उठाई जा रही है। मगर आज तक उनकी यह मांग पूरी नहीं हुई। ग्रामीणों के अनुसार गांव की आधी श्मशान भूमि में भी अक्सर तालाब या बारिश का पानी जमा रहता है। परेशान ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से लेकर प्रदेश के मुख्यमंत्री कार्यालय तक इस दिशा में ध्यान देने की गुहार लगाई है।
ग्रामीण देवीलाल, नरेश कुमार, चिमन लाल, ईश्वर, अनिल, सुनील, संदीप आदि ने बताया कि तलवंडी राणा के मुख्य श्मशान घाट की चहारदीवारी का निर्माण कार्य बीच में ही लटका पड़ा है। मुख्य श्मशान घाट की दो तरफ चहारदीवारी बनी हुई है। मगर दो तरफ की चहारदीवारी न होने से श्मशान घाट बेसहारा पशुओं की शरण स्थली बन कर रह गया है। ग्रामीणों के अनुसार उनके श्मशान घाट में प्रवेश करने का रास्ता अक्सर बरसाती पानी या गांव के गंदे पानी से डूबा रहता है। इस कारण शव यात्रा से लेकर आने वाले लोगों को भी इस गंदे पानी से होकर ही गुजरना पड़ता है। साथ ही श्मशान घाट के बाहरी तरफ फिरनी की बहुत अधिक आवश्यकता है।
इसके अलावा मुख्य श्मशान घाट में पूर्व पंचायत ने पानी की दो टंकियां तो बनवा दी थी, लेकिन उसका पानी का कनेक्शन चार-पांच वर्ष से अब तक नहीं हुआ है। इसके अलावा श्मशान घाट में बने हुए टीन शेड का आकार छोटा होने के कारण ग्रामीणों ने और टीन शेड के निर्माण की भी मांग की है।
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ग्रामीण देवीलाल, नरेश कुमार, चिमन लाल, ईश्वर, अनिल, सुनील, संदीप आदि ने बताया कि तलवंडी राणा के मुख्य श्मशान घाट की चहारदीवारी का निर्माण कार्य बीच में ही लटका पड़ा है। मुख्य श्मशान घाट की दो तरफ चहारदीवारी बनी हुई है। मगर दो तरफ की चहारदीवारी न होने से श्मशान घाट बेसहारा पशुओं की शरण स्थली बन कर रह गया है। ग्रामीणों के अनुसार उनके श्मशान घाट में प्रवेश करने का रास्ता अक्सर बरसाती पानी या गांव के गंदे पानी से डूबा रहता है। इस कारण शव यात्रा से लेकर आने वाले लोगों को भी इस गंदे पानी से होकर ही गुजरना पड़ता है। साथ ही श्मशान घाट के बाहरी तरफ फिरनी की बहुत अधिक आवश्यकता है।
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इसके अलावा मुख्य श्मशान घाट में पूर्व पंचायत ने पानी की दो टंकियां तो बनवा दी थी, लेकिन उसका पानी का कनेक्शन चार-पांच वर्ष से अब तक नहीं हुआ है। इसके अलावा श्मशान घाट में बने हुए टीन शेड का आकार छोटा होने के कारण ग्रामीणों ने और टीन शेड के निर्माण की भी मांग की है।
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