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'दादा' गौतम का बड़ा बयान- जेजेपी पार्टी नहीं गिरोह, इसमें शामिल होना जिंदगी की सबसे बड़ी भूल

Tue, 09 Jun 2020 10:44 AM IST
रोहतक ब्यूरो अमर उजाला, नारनौंद(हिसार)
अमर उजाला, नारनौंद(हिसार) Published by: रोहतक ब्यूरो Updated Tue, 09 Jun 2020 10:44 AM IST
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JJP is not a party but a gang, joining it was the biggest mistake in life: Gautam
पत्रकारों से बातचीत करते विधायक रामकुमार गौतम - फोटो : अमर उजाला
हलका नारनौंद से जजपा के विधायक रामकुमार गौतम सोमवार को एक बार फिर अपनी ही पार्टी के मुखिया एवं उपमुख्यमंत्री दुष्यंत के खिलाफ मुखर हो गए। उन्होंने आरोप लगाया कि जेजेपी एक पार्टी नहीं गिरोह है, इस गिरोह में शामिल होना जिंदगी की मेरी सबसे बड़ी भूल थी। टिकट लिया और चुनाव लड़ा, वह मेरे लिए काला दिन था। इस भूल को तो अब भगवान ही सुधारेगा।
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गौतम सोमवार को स्थानीय अनाज मंडी में मीडिया से बातचीत कर रहे थे। पत्रकार वार्ता के दौरान विधायक गौतम ने दुष्यंत चौटाला और कैप्टन अभिमन्यु पर एक साथ निशाना साध उन्हें मौसा-बेटा बताते हुए कई गंभीर आरोप भी लगाए। गौतम ने कहा- मैं मुख्यमंत्री से कहता हूं कि अगर ईमानदारी से सरकार चलानी है तो बेईमानों को नजदीक मत लगने दो। ये लोग पूरे प्रदेश को लूट रहे हैं।
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मौसा-बेटा की सेटिंग हो गई है। पहले जो विभाग मौसा के पास थे, आज वही विभाग बेटा (दुष्यंत) संभाल रहा है। पहले वह (कैप्टन) माल ऊपर तक पहुंचाता था और आज यह (दुष्यंत) पहुंचाता है। पोता तो यू ओमप्रकाश चौटाला का ही है, मैं तो इसका बनावटी दादा था, क्योंकि मेरा इसनै फायदा उठाना था।
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किसी मंत्री पद का लालच न रहा और न ही है
गौतम की जुबां पर मंत्री न बनने का दर्द भी एक बार फिर छलक गया और उन्होंने कहा कि हम तो मुख्यमंत्री बनाने वाले लोग हैं। हमें किसी मंत्री पद का लालच न रहा और नहीं है। मैं तो इस गिरोह में ही बहुत गलत फंस गया। विधानसभा में मैं किसी पार्टी का विधायक बनकर नहीं बोलता, सिर्फ रामकुमार गौतम बनकर ही अपने हलके की आवाज को उठाता हूं।

सोनाली को अपशब्द कहे हैं तो उसको जूतों से भी बड़ी चीज से पीटना चाहिए था...
लॉकडाउन के बाद पहली बार मीडिया से मुखातिब होते हुए विधायक रामकुमार गौतम ने सोनाली फौगाट के मामले पर कहा कि अगर अधिकारी सही है तो उसके साथ गलत हुआ है। अगर अधिकारी भ्रष्ट है और उसने एक महिला को अपशब्द कहे हैं तो उसको जूतों से भी बड़ी चीज से पीटना चाहिए था।
 

खाद्य आपूर्ति विभाग में ऊपर से नीचे तक भ्रष्टाचार

गौतम ने कहा कि खाद्य आपूर्ति विभाग में ऊपर से लेकर नीचे तक भ्रष्टाचार होता है। हिसार के डीएफएससी व विभाग के सभी अधिकारियों ने इस बार आढ़तियों को बर्बाद कर दिया है। उन्होंने कहा कि नारनौंद व बास अनाज मंडी में गेहूं उठान के ठेके में गड़बड़ी की गई थी।

इस पर मुख्यमंत्री से बातचीत कर जो ठेका 459 प्रतिशत में दिया गया था, बाद में वह 170 प्रतिशत में हुआ। किसानों को अपनी फसल के पैसे से ही खर्च चलाना है, लेकिन उनको पैसे नहीं दिए जा रहे हैं। सरकार ने 72 घंटों में पेमेंट देने का वादा किया था। गौतम ने कहा कि सभी बेईमान अधिकारियों को पद से हटाया जाए और मंडियों में बर्बाद हुए गेहूं की भरपाई उनसे करवाई जाए।

एसईटी के गठन पर सवाल
शराब मामले में गठित एसईटी पर सवाल खड़े करते हुए गौतम ने कहा कि गृह मंत्री अनिल विज ने एसईटी के लिए अशोक खेमका व राजीव कौशल जैसे काबिल अफसरों के साथ टीसी गुप्ता का नाम गलत दिया और उसको एसईटी का अध्यक्ष बनाना सरकार की सबसे बड़ी गलती थी।

अब यह मामला रफा-दफा हो चुका है। पीटीआई को हटाने पर गौतम ने कहा कि उन्होंने खुद मुख्यमंत्री से कहा था कि जब तक नई भर्ती नहीं हो जाती इनको मत हटाओ, क्योंकि इसका नुकसान सरकार को भी है। इनकी वजह से 1983 पद खाली हो जाएंगे।

पहले कब-कब मुखर हुए विधायक गौतम

गौतम पहली बार खुलकर 25 दिसंबर 2019 को राखी बारह खाप के एक कार्यक्रम में दुष्यंत चौटाला के खिलाफ बोले। उन्होंने कहा था - मत पूछो बहोत जख्म कर राखे सै इसनै, पहली गलती बीजेपी छोड़ी, दूसरी कांग्रेस छोड़ी, अब सबसे बड़ी गलती जजपा से चुनाव लड़ा

- उसके बाद 27 दिसंबर 2019 को गौतम ने कहा था - जिंदगी में दुष्यंत से नहीं रहा अब कोई वास्ता। बात करते हैं कमेरे और लुटेरे की, खुद सबसे बड़े लुटेरे हैं। पिता व दादा पर आय से अधिक संपत्ति के मुकदमे चल रहे हैं। हलके व प्रदेश की जनता का मन्नै बड़ा नुकसान किया है।

- फिर 14 जनवरी 2020 को डाटा गोशाला में आयोजित एक कार्यक्रम में दुष्यंत चौटाला के दादा रणजीत सिंह के सामने खिलाफत की थी। उस दौरान कहा था - मैं उनमें से नहीं हूं जो अलग पार्टी भी बना लेते हैं और इस्तीफा भी नहीं देते।

- 23 जनवरी 2020 को विधायक पद से इस्तीफे की अफवाहों पर एक वीडियो वायरल कर विराम लगाते हुए कहा था - लोगों ने मुझे पांच साल के लिए विधायक चुना है। उनके काम करने के लिए और उनकी सेवा करने के लिए मैं पांच साल तक जितना हो सकेगा हलके की जनता के लिए ज्यादा से ज्यादा काम करने की कोशिश करूंगा।

- जनवरी में विधानसभा सत्र के दौरान एक कक्ष में बैठकर कुछ विधायकों के सामने दुष्यंत के खिलाफ कहा था - सभी सीटें जितवाने में मेरा अहम रोल। या कोई पार्टी नहीं, आले-दिवाले की पार्टी है, यू तो सौदा ए कुछ न्हीं।
दुष्यंत चौटाला व कैप्टन अभिमन्यु पर गुरुग्राम के एंबियस मॉल में सेटिंग का आरोप भी लगाया था।

- उसके बाद अब लॉकडाउन के चलते गौतम मीडिया के सामने नहीं आए थे। सोमवार को उन्होंने बाकायदा प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर एक बार फिर से दुष्यंत चौटाला पर आरोप लगाए।
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