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Hisar News: एचएसवीपी की सफाई व्यवस्था कचरा, मनरेगामर्जी मजदूर लगाए, आवै आवै ना आवै
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कैंप कार्यालय में निगम अधिकारियों के साथ बैठक करते मेयर गौतम सरदाना। स्रोत नगर निगम
हिसार।
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की सफाई व्यवस्था कचरा हो रखी है। हालात यह है कि एक साल से सफाई का टेंडर ही नहीं लगा हुआ और अधिकारी जुगाड़ करके काम चला रहे हैं। इस जुगाड़ के कारण लोगों के घरों से एक-एक सप्ताह तक कचरे का उठान नहीं हो पा रहा है।
एचएसवीपी की तरफ से मनरेगा मजदूरी के आधार पर अपने अधीन आने वाले सेक्टरों में सफाई कर्मचारी लगाए हैं। किसी सेक्टर में 2 तो किसी में 3 कर्मचारी लगाए गए हैं। कचरा एकत्रित करने के लिए इन्हें हाथ रेहड़ी उपलब्ध करवाई गई है। ये कर्मचारी अपनी मनमर्जी से काम करते हैं। जहां घरों से प्रतिदिन कचरे का उठान होना चाहिए, वहीं एक-एक सप्ताह तक कचरा नहीं उठ रहा है। इसके अलावा सड़कों पर झाड़ू की बात करें तो 15-15 दिन तक झाड़ू नहीं लग रहा।
बता दें कि पिछले वर्ष दिसंबर में एचएसवीपी का सफाई का टेंडर खत्म हो गया था। इसके बाद अधिकारियों टेंडर का एस्टीमेट बनाया, जिसमें उन्होंने 10 अलग हेड बना दिए। इस पर मुख्यालय ने अधिकारियों से कहा कि इकट्ठा टेंडर बनाओ। जब इकट्ठा टेंडर बनाया तो यह राशि 3 करोड़ रुपये हो गई। मुख्यालय ने इस राशि को मंजूर करने से मना कर दिया। यही नहीं सीए ने आदेश दिए कि नगर निगम से सफाई करवा लो। उन्हें भुगतान कर देंगे। मगर नगर निगम ने सफाई करवाने से इन्कार कर दिया। इस पर अधिकारियों ने 1-1 करोड़ रुपये के लगाने का फैसला किया, लेकिन इसे भी मुख्यालय से मंजूरी नहीं मिली। इसके बाद अधिकारी भी हाथ पर हाथ रखकर बैठ गए और एक साल बिना टेंडर के ही बीत गया।
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प्रतिदिन सेक्टरों से निकलता 5 टन कचरा
शहर के 6 सेक्टर अभी तक पूरी तरह से विकसित नहीं हुए हैं और ये सेक्टर एचएसवीपी के अधीन हैं। इन सेक्टरों में सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी एचएसवीपी की है। इन सेक्टरों से प्रतिदिन करीब 5 टन कचरा निकलता है। चूंकि इस कचरे का उठान नहीं हो रहा है तो सेक्टरवासी मजबूरी में इस कचरे का आसपास के खाली प्लॉट में फेंक रहे हैं या जला रहे हैं। इस बारे में इन सेक्टरों की आरडब्ल्यूए का कहना है कि अब कितने दिनों तक कचरे को घर में जमा कर सकते हैं। इस कारण से कचरे को आसपास के प्लॉट में डाल रहे हैं।
6 सेक्टरों की स्थिति
सेक्टर कुल प्लॉट रिहायश
1-4-- -- -- -- -2300-- -- -- -- -1150
3-5-- -- -- -- -- -1450-- -- -- -- -- 500
14 पार्ट टू-- -- -- 1462-- -- -- 500
33-- -- -- -- -- -- -2290-- -- -- -- -- 800
टेंडर न होने से सेक्टरों की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। सेक्टरवासी खाली प्लॉट में कचरा डालने को मजबूर है। अधिकारी जल्द से जल्द से सफाई का टेंडर लगाए। जब तक टेंडर नहीं लगता, तब तक सफाई की व्यवस्था सुचारू की जाए। - प्रवीण सिंघल, संरक्षक, आरडब्ल्यूए, सेक्टर 14 पार्ट टू
एक साल से सफाई का टेंडर लगना अधिकारियों की नाकामी का सबूत है। समय पर सफाई न होने के कारण पिछले एक साल से सेक्टरवासी परेशान हैं। अधिकारी सब कुछ जानकार भी अंजान बने हुए हैं। - दीपक सूरा, प्रधान, आरडब्ल्यूए, सेक्टर 1-4
एक साल से सफाई व्यवस्था बेपटरी हो रखी है। कुछ दिन तक सफाई ठीक रहती है तो बीच में कई-कई दिनों तक कचरा ही नहीं उठता। यही नहीं एचएसवीपी के पास कचरा डालने के लिए कोई उपयुक्त जगह ही नहीं है। कुछ समय तक तो खुले में ही कचरा डाला जा रहा था, जिस पर रोक लगा दी गई। - डीएस पान्नू, प्रधान, आरडब्ल्यूए, सेक्टर 33
आज शहर में तीन जगहों पर चलाया जाएगा सफाई अभियान
शहर की सफाई व्यवस्था को लेकर सोमवार को मेयर गौतम सरदाना की अध्यक्षता में एक बैठक हुई। मेयर ने कहा कि शहर की सफाई व्यवस्था को ओर बेहतर करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। शहर में मंगलवार को तीन जगह से सफाई अभियान की शुरुआत की जाएगी, जिसमें सबसे पहले मिलगेट रोड स्थित कैंची चौक से दूसरा आधार अस्पताल से दिल्ली रोड व तीसरा ढंढूर के पास की जगह शामिल है। अभियान में शहर की कुछ संस्थाएं भी भाग लेंगी। मेयर सुबह 8 बजे कैंची चौक से अभियान का शुभारंभ करेंगे। सफाई अभियान को लेकर 20 दिसंबर को मार्केट एसोसिएशन के साथ भी बैठक की जाएगी। इस मौके पर संयुक्त आयुक्त प्रीतपाल, सीएसआई राजकुमार, एएसआई रोहित मौजूद रहे।
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हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की सफाई व्यवस्था कचरा हो रखी है। हालात यह है कि एक साल से सफाई का टेंडर ही नहीं लगा हुआ और अधिकारी जुगाड़ करके काम चला रहे हैं। इस जुगाड़ के कारण लोगों के घरों से एक-एक सप्ताह तक कचरे का उठान नहीं हो पा रहा है।
एचएसवीपी की तरफ से मनरेगा मजदूरी के आधार पर अपने अधीन आने वाले सेक्टरों में सफाई कर्मचारी लगाए हैं। किसी सेक्टर में 2 तो किसी में 3 कर्मचारी लगाए गए हैं। कचरा एकत्रित करने के लिए इन्हें हाथ रेहड़ी उपलब्ध करवाई गई है। ये कर्मचारी अपनी मनमर्जी से काम करते हैं। जहां घरों से प्रतिदिन कचरे का उठान होना चाहिए, वहीं एक-एक सप्ताह तक कचरा नहीं उठ रहा है। इसके अलावा सड़कों पर झाड़ू की बात करें तो 15-15 दिन तक झाड़ू नहीं लग रहा।
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बता दें कि पिछले वर्ष दिसंबर में एचएसवीपी का सफाई का टेंडर खत्म हो गया था। इसके बाद अधिकारियों टेंडर का एस्टीमेट बनाया, जिसमें उन्होंने 10 अलग हेड बना दिए। इस पर मुख्यालय ने अधिकारियों से कहा कि इकट्ठा टेंडर बनाओ। जब इकट्ठा टेंडर बनाया तो यह राशि 3 करोड़ रुपये हो गई। मुख्यालय ने इस राशि को मंजूर करने से मना कर दिया। यही नहीं सीए ने आदेश दिए कि नगर निगम से सफाई करवा लो। उन्हें भुगतान कर देंगे। मगर नगर निगम ने सफाई करवाने से इन्कार कर दिया। इस पर अधिकारियों ने 1-1 करोड़ रुपये के लगाने का फैसला किया, लेकिन इसे भी मुख्यालय से मंजूरी नहीं मिली। इसके बाद अधिकारी भी हाथ पर हाथ रखकर बैठ गए और एक साल बिना टेंडर के ही बीत गया।
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प्रतिदिन सेक्टरों से निकलता 5 टन कचरा
शहर के 6 सेक्टर अभी तक पूरी तरह से विकसित नहीं हुए हैं और ये सेक्टर एचएसवीपी के अधीन हैं। इन सेक्टरों में सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी एचएसवीपी की है। इन सेक्टरों से प्रतिदिन करीब 5 टन कचरा निकलता है। चूंकि इस कचरे का उठान नहीं हो रहा है तो सेक्टरवासी मजबूरी में इस कचरे का आसपास के खाली प्लॉट में फेंक रहे हैं या जला रहे हैं। इस बारे में इन सेक्टरों की आरडब्ल्यूए का कहना है कि अब कितने दिनों तक कचरे को घर में जमा कर सकते हैं। इस कारण से कचरे को आसपास के प्लॉट में डाल रहे हैं।
6 सेक्टरों की स्थिति
सेक्टर कुल प्लॉट रिहायश
1-4
3-5
14 पार्ट टू
33
टेंडर न होने से सेक्टरों की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। सेक्टरवासी खाली प्लॉट में कचरा डालने को मजबूर है। अधिकारी जल्द से जल्द से सफाई का टेंडर लगाए। जब तक टेंडर नहीं लगता, तब तक सफाई की व्यवस्था सुचारू की जाए। - प्रवीण सिंघल, संरक्षक, आरडब्ल्यूए, सेक्टर 14 पार्ट टू
एक साल से सफाई का टेंडर लगना अधिकारियों की नाकामी का सबूत है। समय पर सफाई न होने के कारण पिछले एक साल से सेक्टरवासी परेशान हैं। अधिकारी सब कुछ जानकार भी अंजान बने हुए हैं। - दीपक सूरा, प्रधान, आरडब्ल्यूए, सेक्टर 1-4
एक साल से सफाई व्यवस्था बेपटरी हो रखी है। कुछ दिन तक सफाई ठीक रहती है तो बीच में कई-कई दिनों तक कचरा ही नहीं उठता। यही नहीं एचएसवीपी के पास कचरा डालने के लिए कोई उपयुक्त जगह ही नहीं है। कुछ समय तक तो खुले में ही कचरा डाला जा रहा था, जिस पर रोक लगा दी गई। - डीएस पान्नू, प्रधान, आरडब्ल्यूए, सेक्टर 33
आज शहर में तीन जगहों पर चलाया जाएगा सफाई अभियान
शहर की सफाई व्यवस्था को लेकर सोमवार को मेयर गौतम सरदाना की अध्यक्षता में एक बैठक हुई। मेयर ने कहा कि शहर की सफाई व्यवस्था को ओर बेहतर करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। शहर में मंगलवार को तीन जगह से सफाई अभियान की शुरुआत की जाएगी, जिसमें सबसे पहले मिलगेट रोड स्थित कैंची चौक से दूसरा आधार अस्पताल से दिल्ली रोड व तीसरा ढंढूर के पास की जगह शामिल है। अभियान में शहर की कुछ संस्थाएं भी भाग लेंगी। मेयर सुबह 8 बजे कैंची चौक से अभियान का शुभारंभ करेंगे। सफाई अभियान को लेकर 20 दिसंबर को मार्केट एसोसिएशन के साथ भी बैठक की जाएगी। इस मौके पर संयुक्त आयुक्त प्रीतपाल, सीएसआई राजकुमार, एएसआई रोहित मौजूद रहे।