फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   Hansi: Villagers of Masoodpur held a meeting regarding installation of digital meters

Hansi: डिजिटल मीटर लगाने को लेकर मसूदपुर के ग्रामीणों ने की बैठक, पुराने की जगह नए मीटरों का होगा बहिष्कार

Sun, 24 Dec 2023 03:52 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, हांसी, हिसार (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, हांसी, हिसार (हरियाणा) Published by: भूपेंद्र सिंह Updated Sun, 24 Dec 2023 03:52 PM IST
सार

ग्रामीणों ने कहा कि बिजली निगम जगमग योजना के बहाने ग्रामीणों के बिजली के मीटर घरों से बाहर निकालकर उनके स्थान पर डिजिटल मीटर लगाने की सोच रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि वह बिजली निगम के इन डिजिटल मीटरों को लगाने का विरोध करते हैं।

विज्ञापन
Hansi: Villagers of Masoodpur held a meeting regarding installation of digital meters
हिसार जिले के गांव मसूदपुर में बैठक करते ग्रामीण - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

गांवों में डिजिटल बिजली मीटर लगाने की सूचना के बाद ग्रामीणों में सरकार के प्रति रोष देखने को मिल रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि जो पुराने बिजली के मीटर लगे हुए हैं वह ठीक है मगर बिजली विभाग नए डिजिटल मीटर लगाने की तैयारी कर रहा है जिसका ग्रामीण बहिष्कार करते हैं।
विज्ञापन


गांव मसूदपुर में डिजिटल बिजली मीटर लगाने की सूचना के बाद रविवार को समस्त गांव के लोगों ने एकत्रित होकर रोघी खाप के पूर्व अध्यक्ष रोशन दलाल की अध्यक्षता में बैठक की। ग्रामीणों ने बिजली निगम के नए मीटरों का विरोध किया है। ग्रामीणों ने एकत्रित होकर बिजली निगम की योजना का विरोध किया है।
विज्ञापन


ग्रामीणों को संबोधित करते हुए रोशन दलाल व युवा किसान नेता सुनील दलाल ने कहा कि नए डिजिटल मीटर गांव में नहीं लगने देंगे। ग्रामीणों ने हाथ उठाकर बिजली निगम की जगमग योजना का विरोध करते हुए शपथ ली कि गांव में बिजली विभाग के अधिकारियों को मीटर घरों से बाहर निकालने नहीं देंगे। चाहे इसके लिए उन्हें कोई भी कुर्बानी क्यों न देनी पड़े पीछे नही हटेंगे। ग्रामीणों ने कहा कि अगर बिजली निगम के अधिकारी जबरदस्ती डिजिटल मीटर लगाने का काम करेगी तो हम उसका डट कर विरोध करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिसकी सारी जिम्मेदारी बिजली निगम की होगी। ग्रामीणों ने जगमग योजना को किसान विरोधी करार देते हुए कहा कि खेतों में सिंचाई के लिए तो उन्हें मात्र 6 घंटे बिजली सप्लाई दी जा रही है जबकि गांवों में जगमग योजना लागू करके 24 घंटे बिजली देने की बात कहती है। अगर सरकार वास्तव में किसानों का हित चाहती है तो इस योजना को बंद करके खेतों में सिंचाई के लिए 24 घंटे बिजली देने की बात करे, ताकि किसान अपनी फसलों को सही समय पर पानी लगा सकें और खेतों की प्यास बुझा सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed