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Hisar News: मलेरिया और डेंगू मच्छर के लारवा नष्ट करने के लिए तालाबों में डाली गम्बूजियां मछली
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हिसार। बारिश के मौसम में मच्छर जनित बीमारियों मलेरिया और डेंगू से नियंत्रण, रोकथाम और बचाव को लेकर मलेरिया विभाग ने गांव के तालाबों और पानी भरने वाली जगहों पर मच्छर के लारवा को आहार के रूप में खाने वाली गम्बूजियां मछलियां छोड़ी गईं। अभियान का यह दूसरा चरण है।
इससे पहले अप्रैल माह के दौरान प्रथम चरण में मछलियां छोड़ी गई थीं। अभियान के तहत जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. सुभाष खतरेजा के निर्देशानुसार सीएचसी सीसवाल के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. संदीप दहिया के नेतृत्व में 47 गांवों में मछलियां छोड़ी गई हैं। ये मछलियां मच्छरों की वृद्धि को रोकने के लिए बेहद कारगर साबित हो रही हैं। पीएचसी न्योली के एमपीएचडब्ल्यू नूर मोहम्मद ने बताया कि बुधवार को जारी अभियान के अंतर्गत पीएचसी न्योली कलां और डोभी में गांवों में मछलियां छोड़ी गई हैं। उन्होंने बताया कि घर के आस पड़ोस में एकत्रित पानी में मिट्टी का तेल, काला तेल, डीजल या सरसों का तेल छिड़क दें ताकि मच्छर के लारवा न पनप सके। न्योली कलां, मात्रश्याम, न्योली खुर्द, मल्लापुर, लाडवी, मिंगनी खेड़ा, जाखोद, सलेमगढ़ आदि गांवों के तालाबों में मछलियां छोड़ी गई हैं। इस अवसर पर हेल्थ इंस्पेक्टर सत्यवान खटक, एमपीएचडब्ल्यू प्रवीण सरोहा, रामनिवास, कृष्ण कुमार, महावीर आदि शामिल थे।
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इससे पहले अप्रैल माह के दौरान प्रथम चरण में मछलियां छोड़ी गई थीं। अभियान के तहत जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. सुभाष खतरेजा के निर्देशानुसार सीएचसी सीसवाल के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. संदीप दहिया के नेतृत्व में 47 गांवों में मछलियां छोड़ी गई हैं। ये मछलियां मच्छरों की वृद्धि को रोकने के लिए बेहद कारगर साबित हो रही हैं। पीएचसी न्योली के एमपीएचडब्ल्यू नूर मोहम्मद ने बताया कि बुधवार को जारी अभियान के अंतर्गत पीएचसी न्योली कलां और डोभी में गांवों में मछलियां छोड़ी गई हैं। उन्होंने बताया कि घर के आस पड़ोस में एकत्रित पानी में मिट्टी का तेल, काला तेल, डीजल या सरसों का तेल छिड़क दें ताकि मच्छर के लारवा न पनप सके। न्योली कलां, मात्रश्याम, न्योली खुर्द, मल्लापुर, लाडवी, मिंगनी खेड़ा, जाखोद, सलेमगढ़ आदि गांवों के तालाबों में मछलियां छोड़ी गई हैं। इस अवसर पर हेल्थ इंस्पेक्टर सत्यवान खटक, एमपीएचडब्ल्यू प्रवीण सरोहा, रामनिवास, कृष्ण कुमार, महावीर आदि शामिल थे।
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