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शिक्षा विभाग का क्लर्क चालीस हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार
Updated Thu, 02 Aug 2018 01:24 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार। विजिलेंस ने शिक्षा विभाग के क्लर्क संजय सोनी को 40 हजार रुपये की रिश्वत के साथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी संजय सोनी ने ऑफिस में चपरासी लगवाने के नाम पर 50 हजार रिश्वत मांगी थी। लघु सचिवालय की चौथी मंजिल पर कैंटीन में पैसे गिनते हुए विजिलेंस ने संजय सोनी को गिरफ्तार किया।
गांव मिर्जापुर के संजय कुमार ने विजिलेंस डीएसपी अनिल कुमार को अपनी शिकायत दी थी। शिकायत में संजय कुमार ने बताया कि वह बेरोजगार है। उसे शिक्षा विभाग में डीसी रेट पर चपरासी नियुक्त करने की जानकारी मिली। उसने बीईओ कार्यालय में संपर्क किया। यहां पर उसकी मुलाकात क्लर्क संजय सोनी से हुई। संजय कुमार ने उससे कहा कि अगर वह पचास हजार रुपये का इंतजाम कर ले तो वह उसको चपरासी की नौकरी दिलवा सकता है। शिकायतकर्ता संजय कुमार कहा कि उससे एक साथ पचास हजार रुपये का इंतजाम नही कर सकता। इस पर क्लर्क संजय सोनी ने उससे कहा कि वह चालीस हजार रुपये पहले दे दे। बकाया दस हजार नौकरी मिलने के बाद दे देना। इस पर संजय कुमार ने हां कर दी।
विजिलेंस ने एक टीम का गठन किया। जिसमें डीएसपी अनिल कुमार, इंस्पेक्टर सुभाष, सब इंस्पेक्टर धर्मबीर दहिया, सब इंस्पेक्टर रमेशचंद्र को शामिल किया गया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट की जिम्मेवारी नायब तहसीलदार अकाउंट संकल्प कुमार को सौंपी गई।
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बुधवार दोपहर टीम ने संजय कुमार को चालीस हजार रुपये देकर आरोपी संजय के पास भेजा। दो दो हजार रुपये के 20 नोट पर विशेष पाउडर लगाया। क्लर्क संजय सोनी ने 40 हजार रुपये लेने के लिए संजय कुमार को लघु सचिवालय की की छत पर बुला लिया। क्लर्क संजय सोनी ने पैसे लेकर गिनना शुरू किया। इसी बीच विजिलेंस टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी का नागरिक अस्पताल में मेडिकल करवाने के बाद उसे सिविल लाईन थाना भेज दिया।
हिसार। विजिलेंस ने शिक्षा विभाग के क्लर्क संजय सोनी को 40 हजार रुपये की रिश्वत के साथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी संजय सोनी ने ऑफिस में चपरासी लगवाने के नाम पर 50 हजार रिश्वत मांगी थी। लघु सचिवालय की चौथी मंजिल पर कैंटीन में पैसे गिनते हुए विजिलेंस ने संजय सोनी को गिरफ्तार किया।
गांव मिर्जापुर के संजय कुमार ने विजिलेंस डीएसपी अनिल कुमार को अपनी शिकायत दी थी। शिकायत में संजय कुमार ने बताया कि वह बेरोजगार है। उसे शिक्षा विभाग में डीसी रेट पर चपरासी नियुक्त करने की जानकारी मिली। उसने बीईओ कार्यालय में संपर्क किया। यहां पर उसकी मुलाकात क्लर्क संजय सोनी से हुई। संजय कुमार ने उससे कहा कि अगर वह पचास हजार रुपये का इंतजाम कर ले तो वह उसको चपरासी की नौकरी दिलवा सकता है। शिकायतकर्ता संजय कुमार कहा कि उससे एक साथ पचास हजार रुपये का इंतजाम नही कर सकता। इस पर क्लर्क संजय सोनी ने उससे कहा कि वह चालीस हजार रुपये पहले दे दे। बकाया दस हजार नौकरी मिलने के बाद दे देना। इस पर संजय कुमार ने हां कर दी।
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विजिलेंस ने एक टीम का गठन किया। जिसमें डीएसपी अनिल कुमार, इंस्पेक्टर सुभाष, सब इंस्पेक्टर धर्मबीर दहिया, सब इंस्पेक्टर रमेशचंद्र को शामिल किया गया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट की जिम्मेवारी नायब तहसीलदार अकाउंट संकल्प कुमार को सौंपी गई।
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बुधवार दोपहर टीम ने संजय कुमार को चालीस हजार रुपये देकर आरोपी संजय के पास भेजा। दो दो हजार रुपये के 20 नोट पर विशेष पाउडर लगाया। क्लर्क संजय सोनी ने 40 हजार रुपये लेने के लिए संजय कुमार को लघु सचिवालय की की छत पर बुला लिया। क्लर्क संजय सोनी ने पैसे लेकर गिनना शुरू किया। इसी बीच विजिलेंस टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी का नागरिक अस्पताल में मेडिकल करवाने के बाद उसे सिविल लाईन थाना भेज दिया।