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सेंट्रल जेल वन में कैदी के पास मिला सुसाइड नोट
Updated Sun, 06 Aug 2017 01:04 AM IST
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अमर उजाला ब्यूूरो
हिसार।
दिल्ली रोड स्थित सेंट्रल जेल वन में कैथल निवासी कैैदी नरेश कुमार के पास से स्टाफ ने एक सुसाइड नोट बरामद किया है। जेल प्रबंधन ने इसकी शिकायत सिविल लाइन पुलिस से की है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार कैथल का नरेश कुमार यहां सेंट्रल जेल वन में एक मुकदमे में सजा काट रहा है। बैरक नंबर एक में बंद है। नरेश को अदालत की ओर से आठ साल की सजा सुनाई गई है। एक बंदी को उसके पास सुसाइड नोट होने का शक हुआ। बंदी ने इसकी सूचना जेल के सुरक्षाकर्मियों को दे दी। सुरक्षाकर्मियों ने तलाशी ली तो उसके पास एक कागज मिला। स्टाफ ने पढ़ा तो वो सुसाइड नोट निकला। सुरक्षाकर्मियों ने इस बारे में जेल अधीक्षक शमशेर दहिया को अवगत कराया। बाद में यह मामला सिविल लाइन थाने तक पहुंच गया। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार चार दिन पहले जेल प्रबंधन के पास सूचना पहुंची थी कि बंदी ने किसी मकसद से अपनी अंगुली को चोट पहुंचाई है। जेल प्रबंधन ने उसे बुुलाया तो वह बोला कि उसकी अंगुली दरवाजा बंद करते हुए फंसने से चोटिल हो गई। उसे फिर बैरक में भेज दिया गया था। सूत्रों के अनुसार वह पहले भी ऐसी हरकत कर चुका है।
कैदी नरेश के खिलाफ आत्महत्या प्रयास का केस दर्ज कर लिया है। आरोपी से एक सुसाइड नोट बरामद किया गया है, जिसकी छानबीन की जा रही है।
- जगदीश कुमार, पीएलए चौकी इंचार्ज हिसार
आरोपी को अदालत की ओर से सुनाई गई है आठ साल की सजा
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हिसार।
दिल्ली रोड स्थित सेंट्रल जेल वन में कैथल निवासी कैैदी नरेश कुमार के पास से स्टाफ ने एक सुसाइड नोट बरामद किया है। जेल प्रबंधन ने इसकी शिकायत सिविल लाइन पुलिस से की है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार कैथल का नरेश कुमार यहां सेंट्रल जेल वन में एक मुकदमे में सजा काट रहा है। बैरक नंबर एक में बंद है। नरेश को अदालत की ओर से आठ साल की सजा सुनाई गई है। एक बंदी को उसके पास सुसाइड नोट होने का शक हुआ। बंदी ने इसकी सूचना जेल के सुरक्षाकर्मियों को दे दी। सुरक्षाकर्मियों ने तलाशी ली तो उसके पास एक कागज मिला। स्टाफ ने पढ़ा तो वो सुसाइड नोट निकला। सुरक्षाकर्मियों ने इस बारे में जेल अधीक्षक शमशेर दहिया को अवगत कराया। बाद में यह मामला सिविल लाइन थाने तक पहुंच गया। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार चार दिन पहले जेल प्रबंधन के पास सूचना पहुंची थी कि बंदी ने किसी मकसद से अपनी अंगुली को चोट पहुंचाई है। जेल प्रबंधन ने उसे बुुलाया तो वह बोला कि उसकी अंगुली दरवाजा बंद करते हुए फंसने से चोटिल हो गई। उसे फिर बैरक में भेज दिया गया था। सूत्रों के अनुसार वह पहले भी ऐसी हरकत कर चुका है।
कैदी नरेश के खिलाफ आत्महत्या प्रयास का केस दर्ज कर लिया है। आरोपी से एक सुसाइड नोट बरामद किया गया है, जिसकी छानबीन की जा रही है।
- जगदीश कुमार, पीएलए चौकी इंचार्ज हिसार
आरोपी को अदालत की ओर से सुनाई गई है आठ साल की सजा