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जाट आरक्षण आंदोलन के नुकसान के साक्ष्य मांगे
Updated Fri, 09 Mar 2018 01:20 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुए नुकसान के आकलन हेतु दावा आयुक्त पूर्व न्यायाधीश जस्टिस केसी पुरी ने वीडियो या अन्य किसी भी प्रकार के साक्ष्य उन्हें उपलब्ध करवाने के संबंध में उपायुक्त को पत्र लिखा है।
पत्र में जस्टिस केसी पुरी ने कहा है कि फरवरी 2016 में हुए जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान सड़क व रेल यातायात को बाधित करने के अलावा सरकारी व निजी संपत्ति को हुए नुकसान के साक्ष्य के रूप में यदि नागरिक, अधिकारी, कर्मचारी, निजी संस्था या सरकारी विभाग के पास किसी भी प्रकार की वीडियो, अन्य रिकॉर्डिंग अथवा किसी भी प्रकार की प्रासंगिक वस्तु उपलब्ध है, तो वह साक्ष्य तुरंत उन्हें उपलब्ध करवाया जाए। ताकि उसके आधार पर नुकसान का वास्तविक आकलन किया जा सके।
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हिसार।
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुए नुकसान के आकलन हेतु दावा आयुक्त पूर्व न्यायाधीश जस्टिस केसी पुरी ने वीडियो या अन्य किसी भी प्रकार के साक्ष्य उन्हें उपलब्ध करवाने के संबंध में उपायुक्त को पत्र लिखा है।
पत्र में जस्टिस केसी पुरी ने कहा है कि फरवरी 2016 में हुए जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान सड़क व रेल यातायात को बाधित करने के अलावा सरकारी व निजी संपत्ति को हुए नुकसान के साक्ष्य के रूप में यदि नागरिक, अधिकारी, कर्मचारी, निजी संस्था या सरकारी विभाग के पास किसी भी प्रकार की वीडियो, अन्य रिकॉर्डिंग अथवा किसी भी प्रकार की प्रासंगिक वस्तु उपलब्ध है, तो वह साक्ष्य तुरंत उन्हें उपलब्ध करवाया जाए। ताकि उसके आधार पर नुकसान का वास्तविक आकलन किया जा सके।
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