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Hisar News: वेतन न मिलने पर सफाई ठेकेदार के कर्मचारियों ने की हड़ताल
Wed, 04 Jun 2025 01:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Wed, 04 Jun 2025 01:03 AM IST
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हांसी। नगर परिषद के सफाई ठेकेदार के कर्मचारियों ने वेतन न मिलने पर मंगलवार को हड़ताल कर दी। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें बीते चार महीने से वेतन नहीं मिला है। वहीं कर्मचारियों की हड़ताल के चलते मुख्य मार्गों व दस वार्डों से कचरे का उठान नहीं हुआ।
जिसके चलते शहर में जगह-जगह कचरे के ढेर देखने को मिले। ठेकेदार का कहना है कि बुधवार को समस्या का समाधान कर दिया जाएगा। वहीं कर्मचारियों का कहना है कि जब तक वेतन नहीं मिलता वह काम नहीं करेंगे। वेतन न मिलने से नाराज कर्मचारी सुबह करीब सवा 11 बजे नगर परिषद कार्यालय के समीप एकत्रित हुए और विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन करने वाली कर्मचारी रामकली देवी, बबली, सरोज रानी, ललित रानी, प्रवीन, मनीषा, किरण व अन्य ने बताया कि चार महीने से ठेकेदार उनसे काम करवा रहा है। लेकिन उनका वेतन समय से नहीं दे रहा है। अभी चार महीने का वेतन बाकी है।
वेतन न मिलने के चलते उन्हें घर खर्च में परेशानी हो रही है। वेतन न मिलने के कारण उन्हें मजबूरी में विरोध प्रदर्शन करना पड़ रहा है। वहीं कर्मचारियों के हड़ताल पर जाने से तिकोना पार्क, उमरा गेट, बड़सी गेट, पुरानी सब्जी मंडी, शहर के अंदर से गुजरने वाले हाईवे सहित कई जगहों पर कचरे के ढेर देखे गए।
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बता दें कि नगर परिषद ने शहर में सफाई का ठेका जींद की श्री राम एसोसिएट फर्म को प्रति महीने 19.5 लाख रुपये की दर से एक वर्ष के लिए दिया हुआ है। करीब 70 कर्मचारी ठेकेदार के पास काम करते हैं। प्रत्येक कर्मचारी को 16,250 रुपये मासिक वेतन मिलता है। ठेकेदार को ठेके के तहत प्रतिदिन मुख्य मार्गों व दस वार्डों से सफाई करके कचरे का उठान करना होता है।
डेढ़ माह देरी से दर्ज करवाई ऑनलाइन हाजिरी
नगर परिषद के अधिकारियों के अनुसार सफाई कर्मचारियों की हाजिरी के लिए हरियाणा सरकार ने एक पोर्टल शुरू किया हुआ है। जिस पर सभी कर्मचारियों की प्रतिदिन ऑनलाइन हाजिरी लगती है। इस पोर्टल पर ठेकेदार को प्रत्येक कर्मचारी की जानकारी दर्ज करनी थी। लेकिन जानकारी करीब डेढ़ महीना देरी से डाली गई। कर्मचारियों की हाजिरी 7 अप्रैल से लगनी शुरू हुई। इस कारण डेढ़ महीने के वेतन के भुगतान में नगर परिषद के अधिकारियों ने ठेकेदार को असमर्थता जताई है। डेढ़ महीने का भुगतान न हो पाने के कारण ठेकेदार भी सफाई कर्मचारियों का वेतन नहीं दे रहा है।
हमें शहर में सफाई करते हुए चार महीने का समय हो गया। हम दो महीने का वेतन कर्मचारियों को दे चुके हैं। दो महीने का वेतन पोर्टल पर हाजिरी देरी से शुरू होने के कारण रुका हुआ है। इसके लिए हमने अधिकारियों से बात की है। बुधवार को इसका समाधान निकलवाकर कर्मचारियों को वेतन दे देंगे।- रविंद्र पूनिया, ठेकेदार
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जिसके चलते शहर में जगह-जगह कचरे के ढेर देखने को मिले। ठेकेदार का कहना है कि बुधवार को समस्या का समाधान कर दिया जाएगा। वहीं कर्मचारियों का कहना है कि जब तक वेतन नहीं मिलता वह काम नहीं करेंगे। वेतन न मिलने से नाराज कर्मचारी सुबह करीब सवा 11 बजे नगर परिषद कार्यालय के समीप एकत्रित हुए और विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन करने वाली कर्मचारी रामकली देवी, बबली, सरोज रानी, ललित रानी, प्रवीन, मनीषा, किरण व अन्य ने बताया कि चार महीने से ठेकेदार उनसे काम करवा रहा है। लेकिन उनका वेतन समय से नहीं दे रहा है। अभी चार महीने का वेतन बाकी है।
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वेतन न मिलने के चलते उन्हें घर खर्च में परेशानी हो रही है। वेतन न मिलने के कारण उन्हें मजबूरी में विरोध प्रदर्शन करना पड़ रहा है। वहीं कर्मचारियों के हड़ताल पर जाने से तिकोना पार्क, उमरा गेट, बड़सी गेट, पुरानी सब्जी मंडी, शहर के अंदर से गुजरने वाले हाईवे सहित कई जगहों पर कचरे के ढेर देखे गए।
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बता दें कि नगर परिषद ने शहर में सफाई का ठेका जींद की श्री राम एसोसिएट फर्म को प्रति महीने 19.5 लाख रुपये की दर से एक वर्ष के लिए दिया हुआ है। करीब 70 कर्मचारी ठेकेदार के पास काम करते हैं। प्रत्येक कर्मचारी को 16,250 रुपये मासिक वेतन मिलता है। ठेकेदार को ठेके के तहत प्रतिदिन मुख्य मार्गों व दस वार्डों से सफाई करके कचरे का उठान करना होता है।
डेढ़ माह देरी से दर्ज करवाई ऑनलाइन हाजिरी
नगर परिषद के अधिकारियों के अनुसार सफाई कर्मचारियों की हाजिरी के लिए हरियाणा सरकार ने एक पोर्टल शुरू किया हुआ है। जिस पर सभी कर्मचारियों की प्रतिदिन ऑनलाइन हाजिरी लगती है। इस पोर्टल पर ठेकेदार को प्रत्येक कर्मचारी की जानकारी दर्ज करनी थी। लेकिन जानकारी करीब डेढ़ महीना देरी से डाली गई। कर्मचारियों की हाजिरी 7 अप्रैल से लगनी शुरू हुई। इस कारण डेढ़ महीने के वेतन के भुगतान में नगर परिषद के अधिकारियों ने ठेकेदार को असमर्थता जताई है। डेढ़ महीने का भुगतान न हो पाने के कारण ठेकेदार भी सफाई कर्मचारियों का वेतन नहीं दे रहा है।
हमें शहर में सफाई करते हुए चार महीने का समय हो गया। हम दो महीने का वेतन कर्मचारियों को दे चुके हैं। दो महीने का वेतन पोर्टल पर हाजिरी देरी से शुरू होने के कारण रुका हुआ है। इसके लिए हमने अधिकारियों से बात की है। बुधवार को इसका समाधान निकलवाकर कर्मचारियों को वेतन दे देंगे।- रविंद्र पूनिया, ठेकेदार