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अव्यवस्था : मरीजों की राह में परेशानी के रोड़े
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सामान्य नागरिक अस्पताल में काम करने के दौरान भरा पानी रास्ता किया गया बंद।
माई सिटी रिपोर्टर
हिसार। कहीं कटर मशीन की किर्र किर्र तो कहीं ड्रिल मशीन का कानफोडू शोर। कहीं टाइल टकराने की आवाज और कहीं रेत, सीमेंट की उड़ती धूल तो कहीं आंगन से कमरों तक फैली कीचड़। यह नजारा किसी खुले स्थान का नहीं बल्कि महाराजा अग्रसेन जिला अस्पताल परिसर का है।
अस्पताल में वहां करोड़ों रुपये के सुधार कार्य किए जा रहे हैं। यह कार्य 14 सितंबर तक पूरा करने का लक्ष्य है। सुधारे गए भवन का लोकार्पण 15 सितंबर को होना है। इस अच्छे कार्य का खामियाजा वहां आने वाले और भर्ती मरीजों को भुगतना पड़ रहा है।
अस्पताल के तीन ऑपरेशन थिएटर में से एक-एक करके मरम्मत की जा रही है। पहले दिन तो कुछ ऑपरेशन तक टालने पड़े थे। महिला वार्ड और प्रसूति विभाग में वार्ड की मरम्मत के कारण मरीजों के बेड बरामदों में लगाए गए हैं। अस्पताल के आंगन से कमरों तक निर्माण सामग्री फैली है।
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अस्पताल की सीवर लाइन खराब है। इस कारण परिसर के बीच में मरीजों के बैठने के लिए बने पार्क में दुर्गंधयुक्त सीवर का पानी भरा पड़ा है। सिविल सर्जन कार्यालय के बाहर सीसी टाइल बिछाई जा रही है। मलेरिया अधिकारी कार्यालय के बाहर सड़क बनाने के लिए सीसी मार्ग को तोड़ा जा रहा है।
ओपीडी और आपातकालीन वार्ड में दुरुस्त टाइल उखाड़कर नई लगाई जा रही हैं। कुछ लोग इसे सार्वजनिक निधि का दुरुपयोग भी बता रहे हैं। लोगों का कहना है कि जितनी लागत से इसे सुधारा जा रहा है, उतनी रकम से कमरों की संख्या और सुविधाएं बढ़ाई जानी चाहिए थी। टीबी अस्पताल का जर्जर मकान तोड़कर भी परिसर को सुधारा जाना चाहिए।
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हिसार। कहीं कटर मशीन की किर्र किर्र तो कहीं ड्रिल मशीन का कानफोडू शोर। कहीं टाइल टकराने की आवाज और कहीं रेत, सीमेंट की उड़ती धूल तो कहीं आंगन से कमरों तक फैली कीचड़। यह नजारा किसी खुले स्थान का नहीं बल्कि महाराजा अग्रसेन जिला अस्पताल परिसर का है।
अस्पताल में वहां करोड़ों रुपये के सुधार कार्य किए जा रहे हैं। यह कार्य 14 सितंबर तक पूरा करने का लक्ष्य है। सुधारे गए भवन का लोकार्पण 15 सितंबर को होना है। इस अच्छे कार्य का खामियाजा वहां आने वाले और भर्ती मरीजों को भुगतना पड़ रहा है।
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अस्पताल के तीन ऑपरेशन थिएटर में से एक-एक करके मरम्मत की जा रही है। पहले दिन तो कुछ ऑपरेशन तक टालने पड़े थे। महिला वार्ड और प्रसूति विभाग में वार्ड की मरम्मत के कारण मरीजों के बेड बरामदों में लगाए गए हैं। अस्पताल के आंगन से कमरों तक निर्माण सामग्री फैली है।
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अस्पताल की सीवर लाइन खराब है। इस कारण परिसर के बीच में मरीजों के बैठने के लिए बने पार्क में दुर्गंधयुक्त सीवर का पानी भरा पड़ा है। सिविल सर्जन कार्यालय के बाहर सीसी टाइल बिछाई जा रही है। मलेरिया अधिकारी कार्यालय के बाहर सड़क बनाने के लिए सीसी मार्ग को तोड़ा जा रहा है।
ओपीडी और आपातकालीन वार्ड में दुरुस्त टाइल उखाड़कर नई लगाई जा रही हैं। कुछ लोग इसे सार्वजनिक निधि का दुरुपयोग भी बता रहे हैं। लोगों का कहना है कि जितनी लागत से इसे सुधारा जा रहा है, उतनी रकम से कमरों की संख्या और सुविधाएं बढ़ाई जानी चाहिए थी। टीबी अस्पताल का जर्जर मकान तोड़कर भी परिसर को सुधारा जाना चाहिए।