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Hisar News: बुडाना के बेटे डॉ. अरुण चौधरी राखी बारह खाप से सम्मानित, जम्मू-कश्मीर में उत्कृष्ट सेवाओं पर मिला डीजीपी प्रशंसा पदक
Thu, 19 Feb 2026 12:55 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Thu, 19 Feb 2026 12:55 AM IST
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नारनौंद में डॉ. अरुण चौधरी को सम्मानित करते खाप प्रधान रतन मिलकपुर और अन्य खाप प्रतिनिधि। स्रोत
नारनौंद। गांव बुडाना के होनहार सपूत डॉ. अरुण चौधरी को उनके उत्कृष्ट कार्यों और विशेष उपलब्धियों के लिए बुधवार को प्रतिष्ठित राखी बारह खाप द्वारा सम्मानित किया गया। खाप पंचायत ने स्मृति चिह्न भेंट कर उन्हें समाज के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताया।
डॉ. अरुण चौधरी वर्तमान में सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की 10वीं वाहिनी में सहायक कमांडेंट (चिकित्सा अधिकारी) के पद पर कार्यरत हैं। सीमित संसाधनों और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच उन्होंने हजारों सुरक्षाकर्मियों और श्रद्धालुओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराईं।जम्मू-कश्मीर जैसे संवेदनशील क्षेत्र में वर्ष 2024 के विधानसभा चुनाव तथा वर्ष 2025 की अमरनाथ यात्रा के दौरान उत्कृष्ट सेवाएं देने पर उन्हें जम्मू-कश्मीर पुलिस महानिदेशक प्रशंसा पदक से भी सम्मानित किया जा चुका है।
खाप के प्रधान रतन मिलकपुर ने कहा कि डॉ. अरुण ने अपने कर्तव्यनिष्ठ व्यवहार, पेशेवर दक्षता और साहस से न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। सुरेश कोथ ने कहा कि ऐसे युवा अधिकारी समाज की सच्ची पूंजी हैं। डॉ. अरुण की उपलब्धि से बुडाना गांव सहित पूरे क्षेत्र में गर्व और उत्साह का वातावरण है। खाप प्रतिनिधियों ने अन्य युवाओं से भी उनके जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया।
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डॉ. अरुण ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता को देते हुए बताया कि उनके पिता सुनील सिवाच प्रगतिशील किसान व समाजसेवी हैं, जबकि माता अनीता देवी ने उन्हें मजबूत पारिवारिक संस्कार दिए। उन्होंने यह सम्मान अपने दादा स्वर्गीय चौधरी चंद्र सिंह को समर्पित किया, जिनकी 12वीं पुण्यतिथि वीरवार को है।
कार्यक्रम में सेवानिवृत्त जीएम उदयवीर दूहन, जाट एजुकेशनल सोसायटी के प्रधान दिलदार पूनिया, कुलवंत रापड़िया, अनूप सरसाना, नंदराम सांगवान, डॉ. अजीत सिंह, डॉ. जगजीत, डॉ. चंचल माैजूद रहे।
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डॉ. अरुण चौधरी वर्तमान में सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की 10वीं वाहिनी में सहायक कमांडेंट (चिकित्सा अधिकारी) के पद पर कार्यरत हैं। सीमित संसाधनों और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच उन्होंने हजारों सुरक्षाकर्मियों और श्रद्धालुओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराईं।जम्मू-कश्मीर जैसे संवेदनशील क्षेत्र में वर्ष 2024 के विधानसभा चुनाव तथा वर्ष 2025 की अमरनाथ यात्रा के दौरान उत्कृष्ट सेवाएं देने पर उन्हें जम्मू-कश्मीर पुलिस महानिदेशक प्रशंसा पदक से भी सम्मानित किया जा चुका है।
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खाप के प्रधान रतन मिलकपुर ने कहा कि डॉ. अरुण ने अपने कर्तव्यनिष्ठ व्यवहार, पेशेवर दक्षता और साहस से न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है। सुरेश कोथ ने कहा कि ऐसे युवा अधिकारी समाज की सच्ची पूंजी हैं। डॉ. अरुण की उपलब्धि से बुडाना गांव सहित पूरे क्षेत्र में गर्व और उत्साह का वातावरण है। खाप प्रतिनिधियों ने अन्य युवाओं से भी उनके जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया।
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डॉ. अरुण ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता को देते हुए बताया कि उनके पिता सुनील सिवाच प्रगतिशील किसान व समाजसेवी हैं, जबकि माता अनीता देवी ने उन्हें मजबूत पारिवारिक संस्कार दिए। उन्होंने यह सम्मान अपने दादा स्वर्गीय चौधरी चंद्र सिंह को समर्पित किया, जिनकी 12वीं पुण्यतिथि वीरवार को है।
कार्यक्रम में सेवानिवृत्त जीएम उदयवीर दूहन, जाट एजुकेशनल सोसायटी के प्रधान दिलदार पूनिया, कुलवंत रापड़िया, अनूप सरसाना, नंदराम सांगवान, डॉ. अजीत सिंह, डॉ. जगजीत, डॉ. चंचल माैजूद रहे।