{"_id":"6240737b7df03c436525f724","slug":"amar-ujala-abhiyan-education-health-aim-to-vaccinate-85-thousand-teenagers-in-hisar","type":"story","status":"publish","title_hn":"अमर उजाला अभियान: किशोर खुद लगवा रहे टीका, दोस्तों को भी कर रहे जागरूक, हिसार में 85 हजार को टीका लगाने का लक्ष्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अमर उजाला अभियान: किशोर खुद लगवा रहे टीका, दोस्तों को भी कर रहे जागरूक, हिसार में 85 हजार को टीका लगाने का लक्ष्य
Sun, 27 Mar 2022 07:53 PM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Sun, 27 Mar 2022 07:53 PM IST
सार
कोरोना महामारी से बचाव के लिए हरियाणा के हिसार में 85 हजार किशोरों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा गया है। अच्छी बात यह है कि किशोर खुद तो टीका लगवा ही रहे हैं, अपने दोस्तों व परिजनों को भी जागरूक कर रहे हैं।
विज्ञापन
health
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कोरोना महामारी से बचने के लिए टीकाकरण अभियान 3 जनवरी से शुरू किया गया। 15 से 17 साल तक के बच्चों का टीकाकरण तेजी पकड़ता जा रहा है। शुरुआत में किशोरों ने टीका लगवाने में रुचि नहीं दिखाई थी, लेकिन अब रोजाना संख्या बढ़ती जा रही है। टीका लगवाने के बाद किशोर अपने दोस्तों को टीका लगवाने के लिए जागरूक कर रहे। अभी तक हरियाणा के हिसार में में 55922 ने पहली और 24938 दूसरी डोज लगवा चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से जिले में 85 हजार किशोरों को टीका लगवाने का लक्ष्य रखा है।
विज्ञापन
टीका लगवाने के बाद हैं तंदुरुस्त
रेखा ने बताया कि उसने कोविशील्ड की दोनों डोज लगवा ली हैं। टीका लगवाने के बाद किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं आई है। महामारी से बचाव के लिए सभी को कोरोनारोधी टीका लगवाना चाहिए। इसे लगाने से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ जाती है और बीमारी से लड़ने में कामयाब होते हैं। वैक्सीन लगाने से इम्यून सिस्टम संक्रमण को पहचानने के लिए बूस्ट करता है और उसके खिलाफ शरीर में एंटीबॉडी बनते हैं जो बाहरी बीमारी से लड़ने में हमारे शरीर की मदद करते हैं। ऐसे में हम बीमारी की चपेट में आने से बच जाते हैं।
विज्ञापन
पहले भय था अब नहीं
संदीप ने बताया कि शुरुआत में टीकाकरण को लेकर कई प्रकार की भ्रांतियां फैली हुई थी। शुरुआत में टीका लगवाने में भय लग रहा था, लेकिन, दोस्तों ने प्रेरित किया और पहली डोज लगवाई। उसके बाद किसी प्रकार की कोई दिक्कत नहीं हुई। अब दूसरी डोज लगवाई है। दूसरी डोज लगवाने के बाद भी कोई दिक्कत नहीं हुई। टीका लगवाने के बाद संक्रमण से बचा जा सकता है। पूरे देश में टीकाकरण अभियान चला हुआ है, हम सभी को टीके लगवाने चाहिए। चिकित्सक भी इस बारे में जागरूक कर रहे हैं।
विज्ञापन
बचपन में भी टीके लगते हैं, अब भी लगवा लिए
छात्र सुमेर का कहना है कि बचपन में भी बीमारी से बचाने के लिए टीके लगाए जाते। उस समय कोई भी अभिभावक अपने बच्चों को टीका लगवाने से मना नहीं करता। कोरोना का टीका भी संक्रमण से बचाने के लिए बनाया गया है। सभी को आगे बढ़कर ये टीका लगवाना चाहिए। मैंने दोनों डोज लगवा ली है। टीका लगवाने के बाद किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं आई।
पूरे परिवार को लगवाए टीकें
गंगवा गांव के पास स्कोलर कॉलोनी में रहने वाले 67 वर्षीय होशियार सिंह बताते हैं कि उनके परिवार में नौ सदस्य 18 साल से ऊपर हैं। सभी को कोरोनारोधी वैक्सीन की दोनों डोज लगवा ली है। जब पहले परिवार के सदस्य टीका लगवाने के लिए इनकार कर रहे थे। सबसे पहले मैंने टीका लगवाया। टीका लगवाने के बाद बुखार तक नहीं हुआ। टीकाकरण के लिए पारिवारिक सदस्यों को जागरूक किया। उन्होंने आमजन से अपील की है कि वे टीकाकरण में भाग लें और संक्रमण से बचें।
रफ्तार पकड़ रहा अभियान
डिप्टी सीएमओ चिकित्सक तरुण का कहना है कि 15 से 17 साल तक के किशोर अभियान की शुरुआत में टीका लगवाने के लिए कम संख्या में आ रहे थे, लेकिन उसके बाद संख्या बढ़ती रही। तीन जनवरी से लेकर अब तक 55922 किशोर पहली डोज लगवा चुके हैं और 24938 किशोर दूसरी डोज लगवा चुके हैं।