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ईवीएम के मतों की गणना के बाद होगी वीवीपैट की पर्चियों की गिनती : उपायुक्त
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हिसार। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त अशोक कुमार मीणा ने कहा कि 23 मई को लोकसभा चुनाव की मतगणना के लिए पहले पोस्टल बैलेट व ईवीएम की कंट्रोल यूनिट के मतों की गणना करवाई जाएगी। इसके पश्चात प्रत्येक विधानसभा सेग्मेंट की 5-5 वीवीपैट मशीनों का रेंडमली चयन करके उनकी पर्चियों की गिनती की जाएगी।
उपायुक्त अशोक कुमार मीणा ने यह बात आज गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के सभागार में आयोजित एक प्रशिक्षण शिविर के दौरान मतगणना की जिम्मेदारी निभाने वाले काउंटिंग सुपरवाइजर, काउंटिंग असिस्टेंट तथा माइक्रो ऑब्जर्वर के प्रशिक्षण शिविर को संबोधित करते हुए कही। प्रशिक्षण शिविर में 710 कर्मचारियों ने भागीदारी की। उपायुक्त अशोक कुमार मीणा व अतिरिक्त उपायुक्त अमरजीत सिंह मान ने इन्हें मतगणना कार्य की प्रत्येक बारीकी के संबंध में सघन जानकारी देते हुए इनकी जिज्ञासाओं का भी समाधान किया।
उपायुक्त ने लोकतंत्र के पर्व में भूमिका निभाने वाले सभी कर्मियों को बधाई देते हुए बताया कि हमने लोकसभा चुनाव की अब तक हुई प्रक्रिया को शांति व सफलता के साथ पूर्ण कर लिया है। अब चुनाव का सर्वाधिक व अंतिम महत्वपूर्ण कार्य मतगणना का होगा जो 23 मई को करवाया जाना है। इस कार्य में संसदीय क्षेत्र की सभी नौ विस सेग्मेंट व पोस्टल बैलेट की गणना के लिए 10 मतगणना केंद्र बनाए गए हैं।
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14 टेबल लगेंगी प्रत्येक केंद्र
प्रत्येक मतगणना केंद्र पर 14 टेबल लगाई जाएंगी, जिन पर एक काउंटिंग सुपरवाइजर, एक काउंटिंग असिस्टेंट तथा एक माइक्रो ऑब्जर्वर नियुक्त होगा। आज प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले कर्मचारियों को मतगणना से एक दिन पहले एसएमएस से पता लगेगा कि उनकी ड्यूटी किस विस के मतगणना केंद्र पर लगी है। सभी कर्मचारी 23 मई को सुबह 5.30 बजे अपने मतगणना केंद्र पर पहुंचेंगे। उन्होंने हिदायत दी कि कोई भी कर्मचारी पहचान पत्र के बिना ड्यूटी पर न जाए, क्योंकि वैध पहचान पत्र के बिना कोई भी व्यक्ति मतगणना केंद्र में प्रवेश नहीं कर पाएगा।
पहले सुविधा पोर्टल पर अपलोड होगा परिणाम
उपायुक्त ने बताया कि मतगणना के लिए टेबल पर पहले केवल सीयू (कंट्रोल यूनिट) ही लाई जाएगी। प्रत्येक राउंड का परिणाम प्राप्त होने के बाद इसे पहले सुविधा पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा। इसके बाद इसकी विधिवत रूप से घोषणा की जाएगी। उन्होंने बताया कि प्रत्येक सीयू के परिणाम प्राप्त होने केे बाद इसे सभी काउंटिंग एजेंट को दिखाकर उनकी तसल्ली करवाई जाए और इसके बाद परिणाम शीट पर काउंटिंग एजेंट्स के हस्ताक्षर करवाए जाएं।
वीवीपैट का चयन रेंडमली आधार पर
ईवीएम के बाद प्रत्येक विस के 5-5 मतदान केंद्रों की वीवीपैट मशीनों की पर्चियों की गणना की जाएगी। वीवीपैट का चयन रेंडमली आधार पर लॉटरी प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा। वीवीपैट की पर्चियों की गणना का कार्य टेबल नंबर एक पर बने केबिन में किया जाएगा। उपायुक्त ने बताया कि सर्विस वोटर्स की मतगणना के लिए 20 सुपरवाइजर लगाए गए हैं, जो पोस्टल बैलेट के क्यूआर कोड को स्कैन करेंगे। पोस्टल बैलेट के लिए नियुक्त किए गए कर्मियों को पुन: प्रशिक्षण दिया जाएगा तथा पूरी प्रक्रिया का ड्राई रन भी करवाया जाएगा ताकि वे अपने कार्य में पारंगत हो सकें।
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उपायुक्त अशोक कुमार मीणा ने यह बात आज गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय के सभागार में आयोजित एक प्रशिक्षण शिविर के दौरान मतगणना की जिम्मेदारी निभाने वाले काउंटिंग सुपरवाइजर, काउंटिंग असिस्टेंट तथा माइक्रो ऑब्जर्वर के प्रशिक्षण शिविर को संबोधित करते हुए कही। प्रशिक्षण शिविर में 710 कर्मचारियों ने भागीदारी की। उपायुक्त अशोक कुमार मीणा व अतिरिक्त उपायुक्त अमरजीत सिंह मान ने इन्हें मतगणना कार्य की प्रत्येक बारीकी के संबंध में सघन जानकारी देते हुए इनकी जिज्ञासाओं का भी समाधान किया।
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उपायुक्त ने लोकतंत्र के पर्व में भूमिका निभाने वाले सभी कर्मियों को बधाई देते हुए बताया कि हमने लोकसभा चुनाव की अब तक हुई प्रक्रिया को शांति व सफलता के साथ पूर्ण कर लिया है। अब चुनाव का सर्वाधिक व अंतिम महत्वपूर्ण कार्य मतगणना का होगा जो 23 मई को करवाया जाना है। इस कार्य में संसदीय क्षेत्र की सभी नौ विस सेग्मेंट व पोस्टल बैलेट की गणना के लिए 10 मतगणना केंद्र बनाए गए हैं।
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14 टेबल लगेंगी प्रत्येक केंद्र
प्रत्येक मतगणना केंद्र पर 14 टेबल लगाई जाएंगी, जिन पर एक काउंटिंग सुपरवाइजर, एक काउंटिंग असिस्टेंट तथा एक माइक्रो ऑब्जर्वर नियुक्त होगा। आज प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले कर्मचारियों को मतगणना से एक दिन पहले एसएमएस से पता लगेगा कि उनकी ड्यूटी किस विस के मतगणना केंद्र पर लगी है। सभी कर्मचारी 23 मई को सुबह 5.30 बजे अपने मतगणना केंद्र पर पहुंचेंगे। उन्होंने हिदायत दी कि कोई भी कर्मचारी पहचान पत्र के बिना ड्यूटी पर न जाए, क्योंकि वैध पहचान पत्र के बिना कोई भी व्यक्ति मतगणना केंद्र में प्रवेश नहीं कर पाएगा।
पहले सुविधा पोर्टल पर अपलोड होगा परिणाम
उपायुक्त ने बताया कि मतगणना के लिए टेबल पर पहले केवल सीयू (कंट्रोल यूनिट) ही लाई जाएगी। प्रत्येक राउंड का परिणाम प्राप्त होने के बाद इसे पहले सुविधा पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा। इसके बाद इसकी विधिवत रूप से घोषणा की जाएगी। उन्होंने बताया कि प्रत्येक सीयू के परिणाम प्राप्त होने केे बाद इसे सभी काउंटिंग एजेंट को दिखाकर उनकी तसल्ली करवाई जाए और इसके बाद परिणाम शीट पर काउंटिंग एजेंट्स के हस्ताक्षर करवाए जाएं।
वीवीपैट का चयन रेंडमली आधार पर
ईवीएम के बाद प्रत्येक विस के 5-5 मतदान केंद्रों की वीवीपैट मशीनों की पर्चियों की गणना की जाएगी। वीवीपैट का चयन रेंडमली आधार पर लॉटरी प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा। वीवीपैट की पर्चियों की गणना का कार्य टेबल नंबर एक पर बने केबिन में किया जाएगा। उपायुक्त ने बताया कि सर्विस वोटर्स की मतगणना के लिए 20 सुपरवाइजर लगाए गए हैं, जो पोस्टल बैलेट के क्यूआर कोड को स्कैन करेंगे। पोस्टल बैलेट के लिए नियुक्त किए गए कर्मियों को पुन: प्रशिक्षण दिया जाएगा तथा पूरी प्रक्रिया का ड्राई रन भी करवाया जाएगा ताकि वे अपने कार्य में पारंगत हो सकें।