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सरपंचों के धरने को जिला परिषद भाईचारा गुट का समर्थन
Updated Thu, 05 Apr 2018 01:28 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
खंड कार्यालय हिसार-। व खंड-।। की सरपंच व ग्राम सचिव एसोसिएशन के धरने को जिला परिषद के भाईचारा गुुट ने अपना समर्थन दिया। जिला पार्षदों ने कहा कि सरपंचों के साथ हर स्तर पर संघर्ष करेंगे। सरपंचों के सम्मान के लिए साथ रहेंगे।
धरने पर कर्मिक भूख हड़ताल पर मानविंद्र सिंह सरपंच बीड़ बबरान, मनवीर सरपंच मुकलान, राजपाल गुंजार, राहुल सरपंच रायपुर, सुरजीत सरपंच शाहपुर आदि ने कहा कि यदि मुख्यमंत्री असल में सरपंचों व ग्राम सचिवों से सकारात्मक बातचीत चाहते हैं तो एसोसिएशन की ओर से गठित प्रदेश कार्यकारिणी से बात करें ना कि अलग-अलग सरपंच व सचिवों को बुलाकर उनसे बात करें। क्योंकि इससे आंदोलन में सरकार के खिलाफ और आक्रोश पैदा होगा। इस दौरान धरनास्थल पर रणधीर पनिहार, गुलजार काहलो, पूर्ण सिंह डाबड़ा, धर्मबीर गोयत, योगेंद्र शर्मा, सतपाल, मनोज कोहली, कृष्ण जागलान, शम्मी नागपाल, रणवीर सिंह, अनूप धनखड़, राजू तलवंडी, राहुल स्वामी, गुलशन जागलान आदि ने अपना समर्थन दिया। इस मौके पर रणधीर पनिहार ने सरपंचों को संबोधित करते हुए कहा कि ई-पंचायत प्रणाली लागू करने से पहले कंप्यूटर ट्रेनिंग व सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं ना कि तुगलकी फरमान जारी किए जाएं।
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जिला पार्षद बोले-हर स्तर पर साथ
जिला परिषद के भाईचारा गुट के सदस्य अपना समर्थन देने पहुंचे। जिला पार्षद कृष्ण सातरोड, रमेश श्योराण, सत्यवान नैन, बलजीत सुरेवाला, रामप्रसाद गढवाल ने कहा कि सरपंचों की मांग पूरी तरह से जायज हैं। हम हर स्तर पर सरपंचों का सहयोग करेंगे। किसी भी सरपंच के साथ नाइंसाफी नहीं होने दी जाएगी। युवा कांग्रेस के प्रदेश महासचिव व पार्षद कृष्ण सातरोड ने कहा कि प्रदेश सरकार किसी गांव में विकास कार्य नहीं होने देना चाहती। इस कारण नए नए बहाने लगाकर काम अटकाने का प्रयास हो रहा है। गांव में सरपंच का मान सम्मान में कहीं कमी नहीं आने दी जाएगी।
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ये हैं सरपंचों की मांग
ई-पंचायत प्रणाली लागू करने से पहले साधन मुहैया करवाया जाए
हरियाणा पंचायती राज एक्ट 1994 को पूर्णतया: लागू किया जाए।
गांवों में राशन कार्ड और सर्वे कर बीपीएल कार्ड बनवाए जाएं।
पीएम आवास योजना गांव में भी लागू हो
ग्राम सचिवों के 20 रुपये मासिक भत्ते को बढ़ाकर 5000 रुपये करे
ग्राम सचिव की शैक्षणिक योग्यता स्नातक की
ग्राम सचिव का वेतनमान पटवारी के समान ग्रेड पे 2400 से निर्धारित करें
सांसदों एवं विधायकों की तर्ज पर सरपंचों/पंचों का मानदेय बढ़ाया जाए
सरपंचों/पंचों का यात्रा भत्ता व दैनिक भत्ता निर्धारित कर सरकार वहन करे
प्रत्येक गांव में ग्राम सचिवालय बनाए
जीपीडीपी को बंद किया जाए
9 ग्राम सचिवों को तुरंत बहाल किया जाए
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हिसार।
खंड कार्यालय हिसार-। व खंड-।। की सरपंच व ग्राम सचिव एसोसिएशन के धरने को जिला परिषद के भाईचारा गुुट ने अपना समर्थन दिया। जिला पार्षदों ने कहा कि सरपंचों के साथ हर स्तर पर संघर्ष करेंगे। सरपंचों के सम्मान के लिए साथ रहेंगे।
धरने पर कर्मिक भूख हड़ताल पर मानविंद्र सिंह सरपंच बीड़ बबरान, मनवीर सरपंच मुकलान, राजपाल गुंजार, राहुल सरपंच रायपुर, सुरजीत सरपंच शाहपुर आदि ने कहा कि यदि मुख्यमंत्री असल में सरपंचों व ग्राम सचिवों से सकारात्मक बातचीत चाहते हैं तो एसोसिएशन की ओर से गठित प्रदेश कार्यकारिणी से बात करें ना कि अलग-अलग सरपंच व सचिवों को बुलाकर उनसे बात करें। क्योंकि इससे आंदोलन में सरकार के खिलाफ और आक्रोश पैदा होगा। इस दौरान धरनास्थल पर रणधीर पनिहार, गुलजार काहलो, पूर्ण सिंह डाबड़ा, धर्मबीर गोयत, योगेंद्र शर्मा, सतपाल, मनोज कोहली, कृष्ण जागलान, शम्मी नागपाल, रणवीर सिंह, अनूप धनखड़, राजू तलवंडी, राहुल स्वामी, गुलशन जागलान आदि ने अपना समर्थन दिया। इस मौके पर रणधीर पनिहार ने सरपंचों को संबोधित करते हुए कहा कि ई-पंचायत प्रणाली लागू करने से पहले कंप्यूटर ट्रेनिंग व सभी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएं ना कि तुगलकी फरमान जारी किए जाएं।
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जिला पार्षद बोले-हर स्तर पर साथ
जिला परिषद के भाईचारा गुट के सदस्य अपना समर्थन देने पहुंचे। जिला पार्षद कृष्ण सातरोड, रमेश श्योराण, सत्यवान नैन, बलजीत सुरेवाला, रामप्रसाद गढवाल ने कहा कि सरपंचों की मांग पूरी तरह से जायज हैं। हम हर स्तर पर सरपंचों का सहयोग करेंगे। किसी भी सरपंच के साथ नाइंसाफी नहीं होने दी जाएगी। युवा कांग्रेस के प्रदेश महासचिव व पार्षद कृष्ण सातरोड ने कहा कि प्रदेश सरकार किसी गांव में विकास कार्य नहीं होने देना चाहती। इस कारण नए नए बहाने लगाकर काम अटकाने का प्रयास हो रहा है। गांव में सरपंच का मान सम्मान में कहीं कमी नहीं आने दी जाएगी।
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ये हैं सरपंचों की मांग
ई-पंचायत प्रणाली लागू करने से पहले साधन मुहैया करवाया जाए
हरियाणा पंचायती राज एक्ट 1994 को पूर्णतया: लागू किया जाए।
गांवों में राशन कार्ड और सर्वे कर बीपीएल कार्ड बनवाए जाएं।
पीएम आवास योजना गांव में भी लागू हो
ग्राम सचिवों के 20 रुपये मासिक भत्ते को बढ़ाकर 5000 रुपये करे
ग्राम सचिव की शैक्षणिक योग्यता स्नातक की
ग्राम सचिव का वेतनमान पटवारी के समान ग्रेड पे 2400 से निर्धारित करें
सांसदों एवं विधायकों की तर्ज पर सरपंचों/पंचों का मानदेय बढ़ाया जाए
सरपंचों/पंचों का यात्रा भत्ता व दैनिक भत्ता निर्धारित कर सरकार वहन करे
प्रत्येक गांव में ग्राम सचिवालय बनाए
जीपीडीपी को बंद किया जाए
9 ग्राम सचिवों को तुरंत बहाल किया जाए