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शादी से इनकार करने पर नहर में फेंक किशोरी की हत्या करने वाले को उम्रकैद
Updated Sat, 16 Sep 2017 01:50 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
एडीजे डॉ. पंकज की अदालत ने 10वीं कक्षा की एक छात्रा को बहला-फुसला कर भगाकर और उसकी नहर में डुबोकर हत्या करने पर गांव सलेमगढ़ के अनिल को उम्रकैद और 7000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर उसे दो महीने की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। अदालत ने उसे बुधवार को दोषी करार दिया था। आदमपुर थाना पुलिस ने इस संबंध में 12 सितंबर 2015 में केस दर्ज किया था। एक आदमी ने पुलिस को शिकायत दी थी कि सलेमगढ़ के युवक अनिल का उनके घर आना-जाना था। उसने बयान दिए थे कि अनिल शाम को बाइक पर उनके घर आया था। वह कुछ देर रुका था और फिर चला गया था। परिवार खाना खाकर सो गया था। वह रात एक बजे उठा तो 17 साल की उसकी बेटी चारपाई से गायब मिली। उसने बेटी को तलाशा, लेकिन रात को कुछ पता नहीं चला। अगले दिन वह कुछ ग्रामीणों के साथ मलहसरा में सिद्धमुख नहर की पटरी पर पहुंचा तो देखा कि अनिल ने चुन्नी से हाथ बांधकर उसकी बेटी को नहर में धक्का दे दिया। अनिल उनको आता देखकर बाइक छोड़कर नहर में छलांग लगाकर दूसरी तरफ फरार हो गया। वे नहर में कूदे, लेकिन उसकी बेटी की लाश ही मिली। उसकी डूबने से मौत हो गई। शिकायतकर्ता ने बयान दिए थे कि अनिल उसकी बेटी को बहला-फुसलाकर भगाकर लाया था और उसने शादी से इनकार करने पर उसकी बेटी की नहर में डुबोकर हत्या कर दी। आदमपुर थाना पुलिस ने नामजद के खिलाफ हत्या, दुष्कर्म और बहला-फुसलाकर भगा ले जाने का केस दर्ज किया था।
12 सितंबर 2015 में दर्ज हुआ था केस, सात हजार जुर्माने की सुनाई सजा
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हिसार।
एडीजे डॉ. पंकज की अदालत ने 10वीं कक्षा की एक छात्रा को बहला-फुसला कर भगाकर और उसकी नहर में डुबोकर हत्या करने पर गांव सलेमगढ़ के अनिल को उम्रकैद और 7000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर उसे दो महीने की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। अदालत ने उसे बुधवार को दोषी करार दिया था। आदमपुर थाना पुलिस ने इस संबंध में 12 सितंबर 2015 में केस दर्ज किया था। एक आदमी ने पुलिस को शिकायत दी थी कि सलेमगढ़ के युवक अनिल का उनके घर आना-जाना था। उसने बयान दिए थे कि अनिल शाम को बाइक पर उनके घर आया था। वह कुछ देर रुका था और फिर चला गया था। परिवार खाना खाकर सो गया था। वह रात एक बजे उठा तो 17 साल की उसकी बेटी चारपाई से गायब मिली। उसने बेटी को तलाशा, लेकिन रात को कुछ पता नहीं चला। अगले दिन वह कुछ ग्रामीणों के साथ मलहसरा में सिद्धमुख नहर की पटरी पर पहुंचा तो देखा कि अनिल ने चुन्नी से हाथ बांधकर उसकी बेटी को नहर में धक्का दे दिया। अनिल उनको आता देखकर बाइक छोड़कर नहर में छलांग लगाकर दूसरी तरफ फरार हो गया। वे नहर में कूदे, लेकिन उसकी बेटी की लाश ही मिली। उसकी डूबने से मौत हो गई। शिकायतकर्ता ने बयान दिए थे कि अनिल उसकी बेटी को बहला-फुसलाकर भगाकर लाया था और उसने शादी से इनकार करने पर उसकी बेटी की नहर में डुबोकर हत्या कर दी। आदमपुर थाना पुलिस ने नामजद के खिलाफ हत्या, दुष्कर्म और बहला-फुसलाकर भगा ले जाने का केस दर्ज किया था।
12 सितंबर 2015 में दर्ज हुआ था केस, सात हजार जुर्माने की सुनाई सजा