{"_id":"6843ebd0b9eb6449350a1d30","slug":"three-accused-of-cheating-a-clerk-of-panchkula-jail-department-were-arrested-from-rajasthan-fatehabad-police-2025-06-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haryana: पंचकूला जेल विभाग के क्लर्क को ठगने के तीन आरोपी राजस्थान से किए गिरफ्तार, फतेहाबाद पुलिस की कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haryana: पंचकूला जेल विभाग के क्लर्क को ठगने के तीन आरोपी राजस्थान से किए गिरफ्तार, फतेहाबाद पुलिस की कार्रवाई
Sat, 07 Jun 2025 01:05 PM IST
नवीन दलाल
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद (हरियाणा)
Published by: नवीन दलाल
Updated Sat, 07 Jun 2025 01:05 PM IST
सार
साइबर क्राइम थाना फतेहाबाद प्रभारी इंस्पेक्टर सतीश ने बताया कि पुलिस ने 21 मई को गांव नाढोड़ी निवासी गुरसेवक सिंह की शिकायत पर मामला दर्ज किया था। शिकायतकर्ता के अनुसार वह जेल विभाग पंचकूला में क्लर्क के पद पर कार्यरत है।
विज्ञापन
आरोपी
- फोटो : संवाद
विस्तार
फतेहाबाद की साइबर क्राइम थाना पुलिस ने एक नाबालिग सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए लोगों की पहचान रवि कुमार सैनी व कमलेश कुमार सैनी निवासी बगीची का बास, राजगढ़, जिला अलवर, राजस्थान के रूप में हुई है, जबकि तीसरा नाबालिग आरोपी भी अलवर निवासी है। नाबालिग को जहां अदालत ने जमानत दे दी, वहीं दो अन्य आरोपियों को दो दिन के रिमांड पर लिया गया है।
विज्ञापन
आरोपियों के पास से एक मोबाइल व 500 रुपये की नकदी बरामद हुई है। साइबर क्राइम थाना फतेहाबाद प्रभारी इंस्पेक्टर सतीश ने बताया कि पुलिस ने 21 मई को गांव नाढोड़ी निवासी गुरसेवक सिंह की शिकायत पर मामला दर्ज किया था। शिकायतकर्ता के अनुसार वह जेल विभाग पंचकूला में क्लर्क के पद पर कार्यरत है।
विज्ञापन
18 मई को उसके मोबाइल नंबर पर व्हाटसएप कॉल आई। फोन करने वाले ने कहा कि अगर वह ट्रेडिंग करना चाहता है तो वह उसको ट्रेडिंग करवा कर अच्छा मुनाफा दिला सकता है। इस पर उसने ट्रेडिंग करने के लिए सहमति दी। इसके बाद उसे एक यूपीआई आईडी दी और उस पर ट्रेडिंग शुरू करने के लिए 88 हजार 805 रुपये भेजने को कहा।
विज्ञापन
गुरसेवक ने बताया कि उसने अपने गूगल-पे नंबर से 88 हजार 805 रुपए बताई गई यूपीआई आईडपी पर ट्रांसफर कर दिए। गुरसेवक ने कहा कि इसके बाद जब उसने उक्त नंबर पर कॉल की तो न तो उसका फोन उठाया और न ही उसे कोई जवाब दिया बल्कि उसका नंबर भी ब्लाॅक कर दिया। इसके बाद उसे अपने साथ हुए फ्रॉड का पता चला। इस मामले में साइबर क्राइम थाना फतेहाबाद पुलिस ने मामला दर्ज कर तीन आरोपियों को राजस्थान से गिरफ्तार कर लिया है।