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Fatehabad News: फास्ट फूड का स्वाद दिल को कर रहा खराब, युवा भी हो रहे हृदयाघात के शिकार

Sat, 28 Sep 2024 10:14 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Sat, 28 Sep 2024 10:14 PM IST
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The taste of fast food is spoiling the heart, youth are also becoming victims of heart attacks
फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में चिकित्सक डॉ.सुनीता सोखी मरीज का चेकअप करती हुई
फतेहाबाद। समय में बदलाव के साथ खानपान का सिस्टम बदल रहा है। पौष्टिक आहार खाने की जगह लोग फास्ट फूड का स्वाद चखना ज्यादा पसंद कर रहे हैं और ये दिल पर असर कर रहा है। ये ही कारण है कि पहले हृदय संबंधित रोग के लक्षण 45 से 50 आयु वर्ग से ज्यादा में आते थे लेकिन अब 30 साल के युवा भी चपेट में आने लगे हैं। युवा भी अब हृदयाघात का शिकार हो रहे हैं।
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चिकित्सकों का कहना है कि हृदय संबंधित रोग के लक्षणों को पहचाना जरूरी है और समय रहते उपचार लिया जाए तो कंट्रोल किया जा सकता है। संतुलित खानपान और नियमित व्यायाम से दिल को स्वस्थ रखा जा सकता है। रोजाना कम से कम 15 मिनट व्यायाम जरूर करना चाहिए। इसके अलावा पैदल जितना हो सके चलना चाइिए।
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सरकारी में फिजिशियन तक नहीं, ईसीजी तक सिमटा
जिला नागरिक अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञ नहीं है, यहां तक फिजिशियन का पद भी खाली है। हृदय रोग के लक्षण दिखने पर जांच के लिए सिर्फ ईसीजी की सुविधा है। ईसीजी जांच में प्राथमिक तौर पर अगर हृदय रोग की आशंका होती है तो उन्हें रेफर किया जा रहा है। नागरिक अस्पताल के चिकित्सकों की मानें तो ओपीडी में रोजाना 15 से 20 मरीज हृदय बीमारी से संबंधित आ रहे हैं। निजी अस्पतालों में हृदय रोग विशेषज्ञ की ओपीडी में 80 से 100 तक मरीज आ रहे हैं।
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हृदय रोग मरीज को जितना जल्दी हो सके, अस्पताल में पहुंच कर उपचार लेना चाहिए। हृदय रोग के मुख्य तौर पर अगर छाती में दर्द, सांस फूलना, घबराहट, पसीना आना लक्षण है। मरीज के लिए तीन से चार घंटे का समय गोल्डन पीरियड होता है और अगर इसमें उपचार मिल जाए तो जान बचाई जा सकती है। लाइफस्टाइल में बदलाव, व्यायाम न करना और स्मोकिंग आदि करना भी हृदय रोग का कारण है।

- डॉ. अंशुल सहगल, फिजिशियन, सद्भावना अस्पताल।
बिगड़ी जीवनशैली ही हृदय रोग का कारण है। पहले हृदय रोग संबंधित बहुत कम मामले होते थे, लेकिन अब बढ़ रहे हैं। दिल का खासकर ख्याल रखें और ताजे फल, सब्जियों और साबुत अनाज की मात्रा बढ़ाएं। शराब-धूम्रपान से दूरी जरूरी है। ज्यादा शराब पीने और धूम्रपान से भी रक्तचाप बढ़ सकता है।
- डॉ. मनीष टुटेजा, विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल।
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