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दस एमएम की बारिश में शहर बना तालाब
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रविवार सुबह फतेहाबाद में हुई बरसात के बाद जलभराव ।
- फोटो : Fatehabad
रविवार सुबह हुई बारिश ने एक बार फिर जल भराव से निपटने के इंतजामों की पोल खोलकर रख दी है। महज तीन दिन पहले ही विधायक दुड़ाराम के दौरे के दौरान जन स्वास्थ्य विभाग ने जल भराव से निपटने की लिए जल भराव न होने का आश्वासन दिया था। कृषि विभाग के अनुसार रविवार को दस एमएम बारिश हुई।
नगर परिषद व जनस्वास्थ्य विभाग की लापरवाही का अनुमान इस बात से लगाया जाता है कि सुबह नौ बजे तक जिले में बारिश थम चुकी थी, इसके बावजूद कई जगह पर दोपहर बारह बजे तक जलभराव रहा। कृषि विभाग के उपनिदेशक राजेश सिहाग के अनुसार रविवार को कुल दस एमएम बारिश रिकार्ड की गई है। विधायक दुड़ाराम ने तीन दिन पहले धर्मशाला रोड, तुलसीदास चौक और संयास आश्रम रोड का निरीक्षण किया था। उस समय भी स्थानीय दुकानदारों ने जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों पर लापरवाही बरतने के आरोप जड़े थे। रविवार सुबह आई बरसात से वो सड़कें जलाशय के रूप में तब्दील होती नजर आई, जहां-जहां विधायक ने निरीक्षण किया था। तुलसीदास चौक, धर्मशाला रोड के दुकानदारों ने बारिश के बाद तालाब में तब्दील हुई सड़कों के वीडियो बनाकर भी सोशल मीडिया पर वायरल किए।
जीटी रोड पर एक-एक फीट तक पानी भरा
शहर के बाकी हिस्सों की तरह बारिश में बीघड़ रोड और जीटी रोड भी बदहाल ही रहे। इन इलाकों में बारिश रूकने के दो घंटे बाद भी एक-एक फीट तक जलभराव की स्थिति बनी रही। जीटी रोड पर शिवपुरी के बाहर तो वाहनों तक के निकलने की दिक्कत हो जाती है जबकि बीघड रोड पर सिंगल रोड होने के कारण वाहन चालकों के साथ साथ दुकान के अंदर पानी घुसने से दुकानदारों को भी परेशानी होती है।
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बारिश से नरमे-कपास की फसल को संजीवनी
यह बरसात किसानों के लिए काफी फायदेमंद साबित हुई है। गर्मी के इस मौसम में नरमा व कपास फसल को सिंचाई की काफी जरूरत थी। ऐसे में बरसात होने के कारण फसलों को काफी लाभ होगा। भट्टू के किसान दलीप सिंह, मनीराम, मदनलाल, रमेश कुमार, अनिल कुमार ने बताया कि यह बरसात फसलों के लिए वरदान साबित हो रही है।
भट्टू में भी बरसात से सड़कों पर जल भराव
भट्टूकलां क्षेत्र में रविवार को जमकर बरसात हुई। भट्टूमंडी में बरसाती पानी निकासी की उचित व्यवस्था न होने के कारण मंडी की सड़कों पर करीब एक से दो फुट तक पानी भर गया। जिसके कारण लोगों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ी। अनाज मंडी के सभी गेटों पर बरसाती पानी खड़ा हो गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के मुख्य द्वार के सामने सड़क पर करीब दो फुट तक पानी खड़ा रहने के कारण लोगों को अस्पताल में जाने के लिए भारी परेशानी उठानी पड़ी। इस मार्ग से गुजरने वाले कई दुपहिया वाहन बीच रास्ते में ही बन्द हो गए। वहीं लोगों को घुटनों तक के पानी के बीच पैदल चलकर जाना पड़ा। रेलवे स्टेशन के सामने वाली सड़क पर काफी पानी जमा होने के कारण लोगों को पानी से गुजरना पड़ा। आदमपुर- फतेहाबाद मार्ग पर कई दुकानों में भी बरसाती पानी घुस गया। वहीं अच्छी बरसात के कारण मौसम परिवर्तनशील बना रहा। इस क्षेत्र में अधिकतर किसान सिंचाई के लिए बरसात पर ही निर्भर रहते है। ऐसे में यह बरसात काफी फायदेमंद साबित हुई है।
टोहाना में भी जलभराव से खराब हुए हालात
रविवार को सुबह से हुई बरसात के चलते शहर हर बार की तरह पानी से भर गया जिसके चलते शहर के अनेक मुख्य मार्ग जलमग्न हो गए। बरसात के कारण रतिया रोड़ पर पानी जमा होने से अनेक वाहन बंद हो गए तथा दुर्गा मंदिर के पास एक नंदी नाले में गिर गया। मामले की सूचना पाकर पहुंचे गौ रक्षा दल की टीम ने नंदी को सुरक्षित बाहर निकाला।
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नगर परिषद व जनस्वास्थ्य विभाग की लापरवाही का अनुमान इस बात से लगाया जाता है कि सुबह नौ बजे तक जिले में बारिश थम चुकी थी, इसके बावजूद कई जगह पर दोपहर बारह बजे तक जलभराव रहा। कृषि विभाग के उपनिदेशक राजेश सिहाग के अनुसार रविवार को कुल दस एमएम बारिश रिकार्ड की गई है। विधायक दुड़ाराम ने तीन दिन पहले धर्मशाला रोड, तुलसीदास चौक और संयास आश्रम रोड का निरीक्षण किया था। उस समय भी स्थानीय दुकानदारों ने जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों पर लापरवाही बरतने के आरोप जड़े थे। रविवार सुबह आई बरसात से वो सड़कें जलाशय के रूप में तब्दील होती नजर आई, जहां-जहां विधायक ने निरीक्षण किया था। तुलसीदास चौक, धर्मशाला रोड के दुकानदारों ने बारिश के बाद तालाब में तब्दील हुई सड़कों के वीडियो बनाकर भी सोशल मीडिया पर वायरल किए।
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जीटी रोड पर एक-एक फीट तक पानी भरा
शहर के बाकी हिस्सों की तरह बारिश में बीघड़ रोड और जीटी रोड भी बदहाल ही रहे। इन इलाकों में बारिश रूकने के दो घंटे बाद भी एक-एक फीट तक जलभराव की स्थिति बनी रही। जीटी रोड पर शिवपुरी के बाहर तो वाहनों तक के निकलने की दिक्कत हो जाती है जबकि बीघड रोड पर सिंगल रोड होने के कारण वाहन चालकों के साथ साथ दुकान के अंदर पानी घुसने से दुकानदारों को भी परेशानी होती है।
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बारिश से नरमे-कपास की फसल को संजीवनी
यह बरसात किसानों के लिए काफी फायदेमंद साबित हुई है। गर्मी के इस मौसम में नरमा व कपास फसल को सिंचाई की काफी जरूरत थी। ऐसे में बरसात होने के कारण फसलों को काफी लाभ होगा। भट्टू के किसान दलीप सिंह, मनीराम, मदनलाल, रमेश कुमार, अनिल कुमार ने बताया कि यह बरसात फसलों के लिए वरदान साबित हो रही है।
भट्टू में भी बरसात से सड़कों पर जल भराव
भट्टूकलां क्षेत्र में रविवार को जमकर बरसात हुई। भट्टूमंडी में बरसाती पानी निकासी की उचित व्यवस्था न होने के कारण मंडी की सड़कों पर करीब एक से दो फुट तक पानी भर गया। जिसके कारण लोगों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ी। अनाज मंडी के सभी गेटों पर बरसाती पानी खड़ा हो गया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के मुख्य द्वार के सामने सड़क पर करीब दो फुट तक पानी खड़ा रहने के कारण लोगों को अस्पताल में जाने के लिए भारी परेशानी उठानी पड़ी। इस मार्ग से गुजरने वाले कई दुपहिया वाहन बीच रास्ते में ही बन्द हो गए। वहीं लोगों को घुटनों तक के पानी के बीच पैदल चलकर जाना पड़ा। रेलवे स्टेशन के सामने वाली सड़क पर काफी पानी जमा होने के कारण लोगों को पानी से गुजरना पड़ा। आदमपुर- फतेहाबाद मार्ग पर कई दुकानों में भी बरसाती पानी घुस गया। वहीं अच्छी बरसात के कारण मौसम परिवर्तनशील बना रहा। इस क्षेत्र में अधिकतर किसान सिंचाई के लिए बरसात पर ही निर्भर रहते है। ऐसे में यह बरसात काफी फायदेमंद साबित हुई है।
टोहाना में भी जलभराव से खराब हुए हालात
रविवार को सुबह से हुई बरसात के चलते शहर हर बार की तरह पानी से भर गया जिसके चलते शहर के अनेक मुख्य मार्ग जलमग्न हो गए। बरसात के कारण रतिया रोड़ पर पानी जमा होने से अनेक वाहन बंद हो गए तथा दुर्गा मंदिर के पास एक नंदी नाले में गिर गया। मामले की सूचना पाकर पहुंचे गौ रक्षा दल की टीम ने नंदी को सुरक्षित बाहर निकाला।