{"_id":"637e5ad3c8ee363ec90148b2","slug":"patients-referred-from-civil-hospital-by-intimidation-normal-delivery-done-in-private-fatehabad-news-hsr647901032","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehabad News: नागरिक अस्पताल से मरीजों को डराकर किया रेफर, निजी में हुई नार्मल डिलीवरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehabad News: नागरिक अस्पताल से मरीजों को डराकर किया रेफर, निजी में हुई नार्मल डिलीवरी
विज्ञापन
फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल से गर्भवती को रेफर करने का आरोप लगाते हुए तीमारदार।
- फोटो : Fatehabad
फतेहाबाद। नागरिक अस्पताल में डिलीवरी के लिए आई गर्भवती को रेफर करने का खेल चल रहा है। मरीज की हालत गंभीर बताकर उसे रेफर किया जा रहा है और डिलीवरी के लिए निजी अस्पताल भेजा जा रहा है। ऐसा ही मामला नागरिक अस्पताल फतेहाबाद में सामने आया है। यहां गर्भवती की हालत गंभीर बताकर रेफर कर दिया गया और निजी अस्पताल में ले जाने की सलाह दी गई। निजी अस्पताल में गर्भवती ने नॉर्मल डिलीवरी से बच्ची को जन्म दे दिया। मामले को लेकर प्रसूता के पति ने अस्पताल के स्टाफ पर गंभीर आरोप लगाए है। वहीं मामला एसएमओ डॉ. राजेश चौधरी के संज्ञान में आने के बाद जांच के आदेश दिए गए हैं।
मामले के मुताबिक फतेहाबाद के गुरुनानकपुरा मोहल्ला निवासी मनोज ने बताया कि उसकी पत्नी को लेबर पेन होने पर नागरिक अस्पताल फतेहाबाद लाया था। यहां पर जांच के बाद स्टाफ ने वापस भेज दिया। शाम को दिक्कत दोबारा होने पर अस्पताल आए। यहां पर कर्मचारी ने 100 रुपये लिए और इंजेक्शन लगाया। टीका लगाने के बाद हालत ज्यादा बिगड़ी और दर्द बढ़ गया। इसके बाद स्टाफ ने कहा कि मरीज को ले जाओ यहां पर कोई डॉक्टर नहीं और हालत गंभीर है और रेफर कर दिया। अस्पताल स्टाफ ने उन्हें निजी अस्पताल में भेज दिया। यहां पर पत्नी की डिलीवरी नार्मल हुई। बच्चे को निजी अस्पताल की नर्सरी में भेज दिया गया। मनोज ने कहा कि अस्पताल में जांच करवाई गई थी तो उसे सभी रिपोर्ट नार्मल बताई गई थी। जो डिलीवरी सरकारी अस्पताल में निशुल्क होनी थी, अब उसे हजारों रुपये का खर्च उठाना पड़ेगा।
एंबुलेंस नहीं दी गई, मोटरसाइकिल पर लाया निजी अस्पताल
मनोज ने आरोप लगाया कि जब रेफर किया गया तो उसे एंबुलेंस सुविधा भी नहीं दी गई। वह पत्नी को मोटरसाइकिल पर ही निजी अस्पताल लेकर आया।
जिले के सरकारी अस्पतालों में ये हुई डिलीवरी
अस्पताल डिलीवरी हुई
पीएचसी पीलीमंदोरी 43
पीएचसी नहला 25
सीएचसी भूना 216
सीएचसी भट्टूकलां 184
सीएचसी बड़ोपल 106
पीएचसी बनगांव 30
नागरिक अस्पताल फतेहाबाद 1922
पीएचसी नागपुर 134
सीएचसी जाखल 121
पीएचसी कुलां 7
पीएचसी भिरड़ाना 76
पीएचसी अहरवां 1
सीएचसी रतिया 322
पीएचसी पिरथला 94
सब डिविजन अस्पताल टोहाना 623
पीएचसी समैन 19
कुल ं डिलीवरी 3923
नोट : ये आंकड़ा सितंबर माह तक का है।
जिले में डिलीवरी की स्थिति
निजी अस्पताल में हुई डिलीवरी : 3719
सरकारी अस्पताल में हुई डिलीवरी : 3923
कोट
मामला मेरे संज्ञान में आया है। मामले को लेकर मैंने जांच के आदेश दे दिए हैं। जांच में जो सामने आएगा, उस आधार पर कार्रवाई होगी।
-डॉ. राजेश चौधरी, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी, नागरिक अस्पताल फतेहाबाद।
विज्ञापन
मामले के मुताबिक फतेहाबाद के गुरुनानकपुरा मोहल्ला निवासी मनोज ने बताया कि उसकी पत्नी को लेबर पेन होने पर नागरिक अस्पताल फतेहाबाद लाया था। यहां पर जांच के बाद स्टाफ ने वापस भेज दिया। शाम को दिक्कत दोबारा होने पर अस्पताल आए। यहां पर कर्मचारी ने 100 रुपये लिए और इंजेक्शन लगाया। टीका लगाने के बाद हालत ज्यादा बिगड़ी और दर्द बढ़ गया। इसके बाद स्टाफ ने कहा कि मरीज को ले जाओ यहां पर कोई डॉक्टर नहीं और हालत गंभीर है और रेफर कर दिया। अस्पताल स्टाफ ने उन्हें निजी अस्पताल में भेज दिया। यहां पर पत्नी की डिलीवरी नार्मल हुई। बच्चे को निजी अस्पताल की नर्सरी में भेज दिया गया। मनोज ने कहा कि अस्पताल में जांच करवाई गई थी तो उसे सभी रिपोर्ट नार्मल बताई गई थी। जो डिलीवरी सरकारी अस्पताल में निशुल्क होनी थी, अब उसे हजारों रुपये का खर्च उठाना पड़ेगा।
विज्ञापन
एंबुलेंस नहीं दी गई, मोटरसाइकिल पर लाया निजी अस्पताल
मनोज ने आरोप लगाया कि जब रेफर किया गया तो उसे एंबुलेंस सुविधा भी नहीं दी गई। वह पत्नी को मोटरसाइकिल पर ही निजी अस्पताल लेकर आया।
जिले के सरकारी अस्पतालों में ये हुई डिलीवरी
अस्पताल डिलीवरी हुई
पीएचसी पीलीमंदोरी 43
पीएचसी नहला 25
सीएचसी भूना 216
सीएचसी भट्टूकलां 184
सीएचसी बड़ोपल 106
पीएचसी बनगांव 30
नागरिक अस्पताल फतेहाबाद 1922
पीएचसी नागपुर 134
सीएचसी जाखल 121
पीएचसी कुलां 7
पीएचसी भिरड़ाना 76
पीएचसी अहरवां 1
सीएचसी रतिया 322
पीएचसी पिरथला 94
सब डिविजन अस्पताल टोहाना 623
पीएचसी समैन 19
कुल ं डिलीवरी 3923
नोट : ये आंकड़ा सितंबर माह तक का है।
जिले में डिलीवरी की स्थिति
निजी अस्पताल में हुई डिलीवरी : 3719
सरकारी अस्पताल में हुई डिलीवरी : 3923
कोट
मामला मेरे संज्ञान में आया है। मामले को लेकर मैंने जांच के आदेश दे दिए हैं। जांच में जो सामने आएगा, उस आधार पर कार्रवाई होगी।
-डॉ. राजेश चौधरी, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी, नागरिक अस्पताल फतेहाबाद।