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Fatehabad News: हरियाणा स्कूल शिक्षा प्राधिकरण परिषद को ग्रेच्युटी की राशि ब्याज सहित 6.81 लाख रुपये जमा कराने के आदेश
Wed, 04 Dec 2024 11:33 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Wed, 04 Dec 2024 11:33 PM IST
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फतेहाबाद। सहायक श्रम आयुक्त एवं नियंत्रण प्राधिकरण (पेमेंट ऑफ ग्रेच्युटी एक्ट) अदालत के जज रोशन लाल ने हरियाणा स्कूल शिक्षा प्राधिकरण परिषद फतेहाबाद से सेवानिवृत कार्यरत लेखा अधिकारी को बड़ी राहत दी है। अदालत ने परिषद को आदेश दिया कि वह शिकायतकर्ता को ग्रेच्युटी राशि के रूप में 5,25,740 रुपये की राशि अदा करें।
जानकारी के मुताबिक, रामनगर टोहाना निवासी दीपक कुमार ने हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद फतेहाबाद में 19 जुलाई 2008 को लेखा अधिकारी के रूप में पद संभाला था। वह अपनी नौकरी से 28 फरवरी 2021 को सेवानिवृत्त हो गए। मगर सेवानिवृत्ति के बाद परिषद ने उन्हें ग्रेच्युटी राशि अदा नहीं की। इस पर शिकायतकर्ता दीपक कुमार ने अपने अधिवक्ता राजबीर सिंह के मार्फत अदालत में इस संबंध में शिकायत दर्ज करवाई। दीपक कुमार ने अपनी शिकायत में बताया कि उनका अंतिम वेतन 55,500 रुपये था। अदालत ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद शिकायतकर्ता के हक में फैसला सुनाया। अदालत ने अपने फैसले में परिषद को निर्देश दिया कि वह 30 दिन में ग्रेच्युटी की राशि 5,29,748 और 1,51,862 रुपये ब्याज सहित कुल राशि 6,81,602 रुपये प्राधिकरण के पास जमा करवाएं। यदि परिषद ऐसा करने में असफल रहती है तो 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज अतिरिक्त रूप से अदा करना होगा।
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जानकारी के मुताबिक, रामनगर टोहाना निवासी दीपक कुमार ने हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद फतेहाबाद में 19 जुलाई 2008 को लेखा अधिकारी के रूप में पद संभाला था। वह अपनी नौकरी से 28 फरवरी 2021 को सेवानिवृत्त हो गए। मगर सेवानिवृत्ति के बाद परिषद ने उन्हें ग्रेच्युटी राशि अदा नहीं की। इस पर शिकायतकर्ता दीपक कुमार ने अपने अधिवक्ता राजबीर सिंह के मार्फत अदालत में इस संबंध में शिकायत दर्ज करवाई। दीपक कुमार ने अपनी शिकायत में बताया कि उनका अंतिम वेतन 55,500 रुपये था। अदालत ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद शिकायतकर्ता के हक में फैसला सुनाया। अदालत ने अपने फैसले में परिषद को निर्देश दिया कि वह 30 दिन में ग्रेच्युटी की राशि 5,29,748 और 1,51,862 रुपये ब्याज सहित कुल राशि 6,81,602 रुपये प्राधिकरण के पास जमा करवाएं। यदि परिषद ऐसा करने में असफल रहती है तो 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज अतिरिक्त रूप से अदा करना होगा।
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