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Fatehabad News: दोस्ती-प्रेम और फिर अपनों की हत्या, एक माह में शक ने ले ली तीन जान

Fri, 27 Mar 2026 11:23 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Fri, 27 Mar 2026 11:23 PM IST
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Friendship, love, and then the murder of loved ones; suspicion claimed three lives in a month
फतेहाबाद। दोस्ती, प्रेम और अवैध संबंध अपनों की ही जान ले रहे हैं। पति-पत्नी के बीच तीसरे की एंट्री से अच्छे भले घर बर्बाद हो रहे हैं। जिले में एक माह में ही अवैध संबंधों ने दो युवकों की जान ले ली। एक युवती की तो उसी के प्रेमी ने ही हत्या कर दी। पति और पत्नी के बीच तीसरे की एंट्री से परिवारों में भी तनाव की स्थिति हो रही है। नागरिक अस्पताल के मनोरोग विभाग में 15 से 20 युवा मानसिक तनाव से परेशान होकर उपचार के लिए पहुंचे हैं।
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केस एक

फतेहाबाद के सेक्टर 11 में इसी माह कैंटर चालक का शव मिला था। पुलिस ने जब जांच शुरू की तो मृतक के दोस्त की गिरफ्तारी हुई। पूछताछ शुरू हुई तो सामने आया कि मृतक की पत्नी भी इस साजिश में शामिल थी। पत्नी के पति के दोस्त के साथ अवैध संबंध थे। पति दोनों के संबंधों के बीच रुकावट बन रहा था। इसके चलते उसकी हत्या कर दी गई।
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केस दो

फतेहाबाद के गुरुनानकपुरा मोहल्ला में करीब 10 दिन पहले युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में आरोपी पकड़े जा चुके हैं। पुलिस जांच में अब सामने आया कि मुख्य आरोपी की पत्नी और मृतक के बीच मैसेज भेजे गए थे। इसी रंजिश में उक्त युवक की हत्या कर दी गई।
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केस तीन

रतिया में पिछले दिनों माइनर में महिला का शव मिला था। पुलिस जांच में सामने आया कि महिला की हत्या उसी के प्रेमी ने की थी। दोनों सहमति संबंध में रह रहे थे। प्रेमिका अपने प्रेमी पर शक करती थी कि उसका कहीं और भी संबंध है। इसके चलते दोनों के बीच झगड़ा भी होता था।


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मानसिक तनाव की चपेट में युवा

नागरिक अस्पताल में मनोरोग विशेषज्ञ की ओपीडी में रोजाना 15 से 20 युवा मानसिक तनाव के पहुंच रहे हैं। मानसिक तनाव के चलते घर भी टूट रहे हैं। पिछले साल पहली तिमाही में 3080 मरीज ओपीडी में पहुंचे जिनमें से 2086 मरीज कॉमन मेंटल डिसऑर्डर से ग्रसित थे। इनमें डिप्रेशन के 1470 और एंग्जायटी के 602 मामले शामिल हैं। यानी हर दो में से एक मरीज मानसिक तनाव से जूझता मिला। दूसरी तिमाही में भी चिंताजनक बनी रही। ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़कर 3742 हो गई। हालांकि कॉमन मेंटल डिसऑर्डर के केस 1362 रहे हैं।
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