{"_id":"68b887bcd1d4bbdff807377e","slug":"fisheries-is-a-good-way-to-strengthen-the-rural-economy-fatehabad-news-c-127-1-shsr1017-139685-2025-09-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehabad News: मत्स्य पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने का अच्छा माध्यम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehabad News: मत्स्य पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने का अच्छा माध्यम
Wed, 03 Sep 2025 11:53 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Wed, 03 Sep 2025 11:53 PM IST
विज्ञापन
फतेहाबाद। मनोहर मेमोरियल (एमएम) कॉलेज के जीव विज्ञान विभाग की ओर बुधवार को मत्स्य पालन पर विस्तार व्याख्यान का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्त के तौर पर चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार से सहायक प्रोफेसर डॉ. कविता शर्मा ने भाग लिया। प्राचार्य डॉ. गुरचरण दास ने अतिथियों का स्वागत किया। डॉ. कविता ने कहा कि मत्स्य पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के साथ-साथ युवाओं के लिए रोजगार का अच्छा माध्यम है। उन्होंने विभिन्न मछली प्रजापतियों, कृत्रिम प्रजनन, तालाब प्रबंधन और मत्स्य पालन की आधुनिक तकनीकों पर विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि भारत में जल संसाधनों की प्रचुरता के कारण मत्स्य पालन के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को इस क्षेत्र में कॅरिअर बनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने मत्स्य पालन को बढ़ावा देने को लेकर सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओं के बारे में भी जानकारी साझा की। कार्यक्रम के अंत में आयोजित प्रश्नोत्तरी सत्र में विद्यार्थियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। जीव विज्ञान विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. श्रुति मोंगा ने आयोजन में मिली जानकारी को विद्यार्थियों को लाभकारी बताया।
इस अवसर पर छत्रपाल शर्मा रिटायर्ड भारतीय वायुसेना, डॉ. विजय गोयल, प्रो. मंजू कुमारी, प्रो. शैंकी बंसल, प्रो. मुकुल सहित अन्य स्टाफ मौजूद रहा।
विज्ञापन
कार्यक्रम में मुख्य वक्त के तौर पर चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार से सहायक प्रोफेसर डॉ. कविता शर्मा ने भाग लिया। प्राचार्य डॉ. गुरचरण दास ने अतिथियों का स्वागत किया। डॉ. कविता ने कहा कि मत्स्य पालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के साथ-साथ युवाओं के लिए रोजगार का अच्छा माध्यम है। उन्होंने विभिन्न मछली प्रजापतियों, कृत्रिम प्रजनन, तालाब प्रबंधन और मत्स्य पालन की आधुनिक तकनीकों पर विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि भारत में जल संसाधनों की प्रचुरता के कारण मत्स्य पालन के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को इस क्षेत्र में कॅरिअर बनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने मत्स्य पालन को बढ़ावा देने को लेकर सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओं के बारे में भी जानकारी साझा की। कार्यक्रम के अंत में आयोजित प्रश्नोत्तरी सत्र में विद्यार्थियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। जीव विज्ञान विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. श्रुति मोंगा ने आयोजन में मिली जानकारी को विद्यार्थियों को लाभकारी बताया।
विज्ञापन
इस अवसर पर छत्रपाल शर्मा रिटायर्ड भारतीय वायुसेना, डॉ. विजय गोयल, प्रो. मंजू कुमारी, प्रो. शैंकी बंसल, प्रो. मुकुल सहित अन्य स्टाफ मौजूद रहा।