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Fatehabad News: अदालत की टिप्पणी, किशोरी पर दर्दनाक प्रभाव पड़ा, लाख मुआवजा देने के आदेश

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 11 Jan 2023 11:14 PM IST
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Court's remarks, had painful effect on teenager, orders to pay lakhs of compensation
फतेहाबाद। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश और फास्ट ट्रैक अदालत द्वारा सुनाए गए 14 साल की सजा के फैसले को जलेबी बाबा पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में चुनौती देगा। इसकी पुष्टि करते हुए जलेबी बाबा के वकील गजेंद्र सिंह ने कहा कि वे इस फैसले को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में चुनौती देंगे। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
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गौरतलब है कि टोहाना के चर्चित जलेबी बाबा उर्फ अमरपुरी को मंगलवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट के जज बलवंत सिंह ने 14 साल कैद की सजा सुनाई थी। इससे पहले शुक्रवार को उसे दोषी करार दिया गया था। चार साल तीन महीने और 28 दिन के बाद मामले में सुनाए गए फैसले में अदालत ने टिप्पणी करते हुए कहा कि यह एक ऐसा मामला है, जहां एक नाबालिग किशोरी को एक पुरुष ने हवस का शिकार बनाया। किशोरी पर इसका दर्दनाक प्रभाव पड़ा है, लेकिन उसे नहीं पता कि उसके साथ क्या हुआ है। नाबालिग किशोरी के अभिभावकों को इस घटना को भुलाने में भी लंबा समय लगेगा। फैसला 71 पेजों का था। इस मामले में 33 गवाहों ने अपनी गवाही अदालत में दी। अदालत ने जिला विधिक प्राधिकरण के सचिव को नाबालिग पीड़िता को चार लाख का मुआवजा देने के भी आदेश दिए हैं। इस राशि में से 75 प्रतिशत राशि राष्ट्रीय बैंक में तीन साल के लिए फिक्स डिपॉजिट के लिए जमा करवानी होगी। वहीं, 25 प्रतिशत राशि नाबालिग को खर्च करने के लिए दी जाएगी।
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अदालत बोली, दोषी को फैसले के खिलाफ अपील का अधिकार
सजा के अपने फैसले में अदालत ने कहा कि दोषी को इस फैसले के खिलाफ अपील का अधिकार है। यदि वह अधिवक्ता करने में असमर्थ है तो वह लीगल ऐड या जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव को लिख सकता है। इस फैसले की एक प्रति दोषी को निशुल्क दी जा रही है। गौरतलब है कि अदालत ने मंगलवार को दोषी जलेबी बाबा उर्फ अमरपुरी को आईपीसी की धारा 376सी, पॉक्सो एक्ट व आईटी एक्ट के तहत सजा सुनाई थी। अदालत ने दोषी बाबा को 35 हजार का जुर्माना भी लगाया। मगर दोषी ने यह जुर्माना अदालत में जमा नहीं करवाया। पीड़ितों की ओर से अदालत में जिला उप न्यायवादी ओपी बिश्नोई के साथ एडवोकेट संजय वर्मा और विजय रंगा ने पैरवी की।
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