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Fatehabad News: बैंककर्मियों की हड़ताल से 300 करोड़ रुपये का लेनदेन ठप
Tue, 27 Jan 2026 11:22 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Tue, 27 Jan 2026 11:22 PM IST
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शहर के एसबीआई की मुख्य शाखा पर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन करते बैंक के कर्मचारी। संवाद
फतेहाबाद। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की देशव्यापी हड़ताल के चलते मंगलवार को जिले के सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में कामकाज पूरी तरह ठप रहा। हड़ताल में शामिल बैंक कर्मचारियों ने शाखाओं में कार्य बंद रखा, नारेबाजी की और लघु सचिवालय पहुंचकर कार्यवाहक उपायुक्त अनुराग ढालिया को ज्ञापन सौंपा।
हड़ताल के चलते जिलेभर की 40 से अधिक बैंक शाखाओं में करीब 300 करोड़ रुपये के लेनदेन पर असर पड़ा। बैंकिंग सेवाएं बाधित रहने से व्यापारियों, खाताधारकों और आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। नकद लेनदेन, चेक क्लियरेंस, ऋण फाइलों और अन्य जरूरी कार्य पूरी तरह प्रभावित रहे। वहीं इस हड़ताल को सेवानिवृत्त कर्मचारी जगदीश मोंगा, भीम सैन बंसल, अशोक बाघला ने भी अपना समर्थन दिया है।
हड़ताल का नेतृत्व कर रहे यूनियन के जिला प्रधान नरेंद्र लांबा ने कहा कि केंद्र सरकार बैंक कर्मचारियों के साथ भेदभावपूर्ण रवैया अपना रही है। एलआईसी और अन्य सरकारी वित्तीय संस्थानों में पहले से पांच दिवसीय कार्य सप्ताह लागू है, जबकि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में इसे अब तक लागू नहीं किया गया। कर्मचारियों पर बढ़ते कार्यभार और मानसिक दबाव को देखते हुए यह व्यवस्था जरूरी हो चुका है।
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उन्होंने कहा कि पांच दिन कार्य सप्ताह की मांग वर्ष 2015 से लंबित है। उस समय दो दिवसीय अवकाश की घोषणा तो की गई थी, लेकिन आज तक इसे व्यवहार में नहीं लाया गया। यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर राष्ट्रीय स्तर पर सार्थक वार्ता नहीं हुई, तो अगली रणनीति तय की जाएगी। इसमें दो दिवसीय हड़ताल या आंदोलन के अन्य सख्त कदम भी शामिल हो सकते हैं। कर्मचारियों ने कहा कि मांगें पूरी होने तक संघर्ष जारी रहेगा।
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आर्थिक गतिविधियों पर लगा ब्रेक
हड़ताल के चलते मंगलवार को बैंक बंद रहने के कारण जिले में आर्थिक गतिविधियां रुक गईं। चेक क्लीयरेंस, कैश डिपॉजिट और आरटीजीएस जैसी सेवाएं पूरी तरह बंद रहीं। स्थानीय व्यापारी साहिल, विनोद, जगदीश भादू और प्रेम कुमार आदि का कहना है कि हड़ताल से उनके व्यापारिक भुगतान अटक गए हैं।
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कार्यवाहक उपायुक्त को सौंपा ज्ञापन
हड़ताल के दौरान बैंक कर्मचारियों ने शहर में रोष मार्च निकाला। इसके बाद जिला प्रधान नरेंद्र लांबा के माध्यम से कार्यवाहक उपायुक्त अनुराग ढालिया को केंद्र सरकार के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान बैंक कर्मचारी दीपक कुंडू, अनिल, सतपाल बिश्नोई, कुलदीप ढाका, साहिल रहेजा और बलकार सहित अनेक कर्मचारी शामिल रहे।
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हड़ताल के चलते जिलेभर की 40 से अधिक बैंक शाखाओं में करीब 300 करोड़ रुपये के लेनदेन पर असर पड़ा। बैंकिंग सेवाएं बाधित रहने से व्यापारियों, खाताधारकों और आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। नकद लेनदेन, चेक क्लियरेंस, ऋण फाइलों और अन्य जरूरी कार्य पूरी तरह प्रभावित रहे। वहीं इस हड़ताल को सेवानिवृत्त कर्मचारी जगदीश मोंगा, भीम सैन बंसल, अशोक बाघला ने भी अपना समर्थन दिया है।
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हड़ताल का नेतृत्व कर रहे यूनियन के जिला प्रधान नरेंद्र लांबा ने कहा कि केंद्र सरकार बैंक कर्मचारियों के साथ भेदभावपूर्ण रवैया अपना रही है। एलआईसी और अन्य सरकारी वित्तीय संस्थानों में पहले से पांच दिवसीय कार्य सप्ताह लागू है, जबकि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में इसे अब तक लागू नहीं किया गया। कर्मचारियों पर बढ़ते कार्यभार और मानसिक दबाव को देखते हुए यह व्यवस्था जरूरी हो चुका है।
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उन्होंने कहा कि पांच दिन कार्य सप्ताह की मांग वर्ष 2015 से लंबित है। उस समय दो दिवसीय अवकाश की घोषणा तो की गई थी, लेकिन आज तक इसे व्यवहार में नहीं लाया गया। यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिनों के भीतर राष्ट्रीय स्तर पर सार्थक वार्ता नहीं हुई, तो अगली रणनीति तय की जाएगी। इसमें दो दिवसीय हड़ताल या आंदोलन के अन्य सख्त कदम भी शामिल हो सकते हैं। कर्मचारियों ने कहा कि मांगें पूरी होने तक संघर्ष जारी रहेगा।
आर्थिक गतिविधियों पर लगा ब्रेक
हड़ताल के चलते मंगलवार को बैंक बंद रहने के कारण जिले में आर्थिक गतिविधियां रुक गईं। चेक क्लीयरेंस, कैश डिपॉजिट और आरटीजीएस जैसी सेवाएं पूरी तरह बंद रहीं। स्थानीय व्यापारी साहिल, विनोद, जगदीश भादू और प्रेम कुमार आदि का कहना है कि हड़ताल से उनके व्यापारिक भुगतान अटक गए हैं।
कार्यवाहक उपायुक्त को सौंपा ज्ञापन
हड़ताल के दौरान बैंक कर्मचारियों ने शहर में रोष मार्च निकाला। इसके बाद जिला प्रधान नरेंद्र लांबा के माध्यम से कार्यवाहक उपायुक्त अनुराग ढालिया को केंद्र सरकार के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान बैंक कर्मचारी दीपक कुंडू, अनिल, सतपाल बिश्नोई, कुलदीप ढाका, साहिल रहेजा और बलकार सहित अनेक कर्मचारी शामिल रहे।