फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Fatehabad News ›   धान की पुन: खरीद शुरू नहीं की तो व्यापार मंडल अनाजमंडी बंद कर करेगा प्रदर्शन

धान की पुन: खरीद शुरू नहीं की तो व्यापार मंडल अनाजमंडी बंद कर करेगा प्रदर्शन

Fri, 23 Nov 2018 01:05 AM IST
Updated Fri, 23 Nov 2018 01:05 AM IST
विज्ञापन
धान की पुन: खरीद शुरू नहीं की तो व्यापार मंडल अनाजमंडी बंद कर करेगा प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

फतेहाबाद। फतेहाबाद जिले में परमल धान की सरकारी खरीद पुन: शुरू करवाने की मांग को लेकर व्यापार मंडल का एक शिष्टमंडल वीरवार दोपहर को उपायुक्त से मिलने पहुंचा। उपायुक्त के न मिलने पर उन्होंने मांग पत्र सुपरिंटेंडेंट को सौंप दिया। व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने बताया कि वह धान की खरीद शुरू करवाने को लेकर दो बार उपायुक्त से तथा दो बार ही खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक से मिल चुके हैं, लेकिन हर बार उन्हें आश्वासन ही मिला है। उन्होंने चेतावनी दी कि शीघ्र ही धान की खरीद न की गई तो वह अनाजमंडी बंद करके आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, परमल धान की खरीद सरकार द्वारा की जाती है। जिसका न्यूनतम समर्थन मूल्य 1770 रुपये प्रति क्विंटल था। सरकार द्वारा 15 नवंबर से धान की खरीद अचानक बंद कर दी गई। जिसके रोष स्वरूप पिछले दिनों व्यापार मंडल के प्रधान सुभाष मुंजाल, सचिव रमेश तनेजा व रमेश नागपाल खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक प्रमोद शर्मा से मिले और धान की खरीद शुरू करवाने की मांग की। अभी तक धान की खरीद न होने से आहत व्यापार मंडल के सुभाष मुंजाल ने बताया कि इस समय मंडी में 15 हजार मीट्रिक टन धान पड़ा हुआ है। उन्होंने बताया कि इस बार धान पकने को तैयार था तो बरसात आ गई थी, इसलिए धान मंडी में देरी से आया। इसलिए सरकार को 10 दिन और धान की खरीद करनी चाहिए थी, लेकिन इसके विपरीत सरकार ने इस बार 10 दिन पहले ही धान की खरीद बंद कर दी। व्यापार मंडल के अनुसार, इस समय किसान अपना धान लेकर मंडी में बैठे हुए हैं और औने पौने दामों में निजी मिलरों को बेचने के लिए मजबूर हैं। पता चला है कि किसान की मजबूरी का फायदा उठाकर अब निजी खरीददार इसे 1650 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से खरीद कर रहे हैं। जबकि आढ़तियों ने किसानों को एडवांस पैसा दे रखा है, उसकी भरपाई भी अभी तक नहीं हो रही। व्यापार मंडल के सचिव रमेश तनेजा ने बताया कि अचानक मौसम बिगडने पर बरसात की संभावना बनी हुई है, ऐसे में किसान का धान खराब हो सकता है, जिसकी जिम्मेवारी सरकार की होगी। व्यापार के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने उनकी बात न सुनी तो वह एक दो दिन में मंडी की बैठक बुलाकर अनाजमंडी को बंद करके आंदोलन को मजबूर होंगे।
विज्ञापन

वर्जन
धान की खरीद बंद करने के आदेश सरकार की ओर से आए हैं। वैसे भी अभी तक परमल धान पूरी तरह से मंडियों में आ चुका है। अगर सरकार द्वारा खरीद संबंधी कोई पत्र आया तो वह अवश्य धान करेंगे, वरना अब धान की खरीद संभव नहीं’
विज्ञापन
विज्ञापन

प्रमोद शर्मा, जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed