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हरियाणा: अपराध बढ़ा तो नपेंगे थाना प्रभारी, निलंबन तक की होगी कार्रवाई; डीजीपी अजय सिंघल ने दिए निर्देश
Tue, 08 Sep 2026 07:44 PM IST
शाहिल शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Tue, 08 Sep 2026 07:44 PM IST
सार
डीजीपी ने कहा अब खराब प्रदर्शन को केवल समीक्षा तक सीमित नहीं रखा जाएगा बल्कि जिम्मेदारी तय कर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
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डीजीपी अजय सिंघल की बैठक
- फोटो : वीडियो ग्रैब
विस्तार
हरियाणा में अपराध पर प्रभावी नियंत्रण नहीं कर पाने वाले थाना प्रभारियों पर अब कार्रवाई होगी। पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने निर्देश दिए कि जिस थाना क्षेत्र में अपराध पर अंकुश नहीं लगेगा और थाना प्रभारी अपने प्रदर्शन में खरा नहीं उतरेंगे, उनके खिलाफ निलंबन तक की कार्रवाई की जाएगी।
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संबंधित सुपरवाइजरी अधिकारी की जवाबदेही भी तय होगी। पुलिस मुख्यालय में सोमवार को अपराध नियंत्रण को लेकर करीब तीन घंटे चली उच्च स्तरीय बैठक में प्रदेश के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक, पुलिस आयुक्त और पुलिस अधीक्षकों ने हिस्सा लिया। बैठक में प्रदेश की अपराध स्थिति की थानावार समीक्षा की गई।
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डीजीपी ने अधिकारियों से कहा कि केवल अपराध के आंकड़े जुटाना पर्याप्त नहीं है। हर थाने में यह देखा जाए कि कौन सा अपराध बढ़ रहा है व उसके पीछे वास्तविक कारण क्या हैं। उसे रोकने के लिए अब तक क्या कदम उठाए गए। सीसीटीएनएस के आंकड़ों का विश्लेषण कर अपराध की प्रवृत्ति को समझने और घटना से पहले रोकथाम की रणनीति बनाने के निर्देश दिए गए।
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उन्होंने पुलिस अधीक्षकों और वरिष्ठ अधिकारियों को अपने अधीन आने वाले थानों के प्रभारियों के साथ नियमित बैठक करने को कहा।
थाना स्तर पर अपराध की माइक्रो लेवल मॉनिटरिंग कर कमजोर कड़ियों की पहचान करने और उसी आधार पर कार्रवाई की रणनीति तैयार करने के निर्देश दिए गए। बैठक में 15 जून को दिए गए निर्देशों पर हुई कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। डीजीपी ने कहा कि जिम्मेदारी के अनुरूप काम नहीं करने वाले अधिकारियों को जवाब देना होगा।
अब खराब प्रदर्शन को केवल समीक्षा तक सीमित नहीं रखा जाएगा बल्कि जिम्मेदारी तय कर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। डीजीपी ने बताया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष बीएनएस के तहत प्रदेश में कुल अपराध में 9.11 प्रतिशत कमी आई है। उन्होंने थाना स्तर पर अपराध के कारणों का गहराई से विश्लेषण कर नियंत्रण की व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए।
धमकी, फायरिंग और साइबर अपराध पर नजर
एडीजीपी सीआईडी सौरभ सिंह ने धमकी भरी कॉल और फायरिंग जैसी गंभीर घटनाओं की रोकथाम के लिए पुलिस इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय और प्रभावी रणनीति बनाने पर जोर दिया। बैठक में लंबित साइबर अपराध मामलों के जल्द निपटारे और पीड़ितों की राशि की रिकवरी पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। अगली समीक्षा बैठक में अधिकारियों को थानावार प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी।