Suicide: मम्मी मुझे माफ करना, मेरे बच्चों का ख्याल रखना... बच्चों की हालत व सुसाइड नोट देख हर कोई हतप्रभ
हरियाणा के कुरुक्षेत्र के शाहाबाद कस्बे के खतरवाड़ा क्षेत्र में गुरुवार की देर रात एक दंपती ने जहरीला पदार्थ निगलकर जान दे दी। पति की मौत शाहाबाद के सिविल अस्पताल में जाने के बाद हुई तो पत्नी ने कुरुक्षेत्र अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया।
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मम्मी मुझे माफ करना, मेरे बच्चों का ख्याल रखना...सुसाइड नोट में लिखी यह लाइनें पढ़कर और मासूम बच्चों को देखकर परिजनों संग आसपास के लोगों की आंखों में भी आंसू आ गए। इससे पहले दंपती के जहर खाने पर तबीयत बिगड़ते देख बच्चों ने शोर मचाना शुरू किया तो आसपास से बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हो गए। दंपती को अस्पताल लाया गया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी।
खतरवाड़ा मोहल्ला के रहने वाले रवि प्रकाश व उसकी पत्नी गीता ने जहरीला पदार्थ निगलकर जान दी तो हर कोई सन्न रह गया। जिन मासूम बच्चों के लिए वे दिन रात मेहनत कर रहे थे, उनके सामने ही बेहोश होकर तड़पते दिखे। साढ़े चार साल की मासूम बेटी ने मां को उल्टी करते देखा तो उसने शौर मचाया, जिसके बाद आसपास के लोग व अन्य परिजन भी पहुंचे।
दंपती को बेहोशी की हालत में देख हर कोई सहम गया। मृतक के भाई गगनदीप ने बताया कि उसके भाई ने चार पन्ने का सुसाइड नोट छोड़ा है। इसमें उन्होंने आत्मव्यथा के साथ ही बच्चों को लेकर चिंता जताई है। इसमें सबसे ऊपर लिखा है कि मम्मी माफ करना, हमारे दोनों बच्चों का ख्याल रखना।
अंतिम पेज पर पत्नी गीता ने लिखा कि हम बहुत परेशान हैं। हमारे साथ अन्याय हुआ है। बरामद हुए इस सुसाइड नोट पर बाद में दोनों ने हस्ताक्षर भी किए हैं। सुसाइड नोट में उन्होंने सभी आरोपियों के नाम व उठाए इस कदम के पीछे के कारणों का भी खुलासा किया।
मासूम बेटी से मां बोली...हम जा रहे हैं कल नहीं मिलेंगे
मृतक के भाई के मुताबिक, उनकी साढ़े चार की भतीजी ने बताया कि देर शाम को भाई जल्दी सो गया था, लेकिन मम्मी-पापा नहीं सोए थे। वह भी सो नहीं पा रही थी। उसे मम्मी ने कहा था कि हम जा रहे हैं। कल नहीं मिलेंगे। इसके बाद वे उल्टी करने लगी तो मासूम घबरा गई और शोर मचाया। उधर मृतक के भाई के मुताबिक, सुसाइड नोट में रवि ने बताया है कि उनसे गाड़ी की किस्तें लेकर जमा नहीं करवाई। इस संबंध में जब मैनेजर से बात की तो उसने उनकी समस्या नहीं सुनी और न ही उनकी किस्त जमा करवाई।
पत्नी ने सुसाइड नोट में लिखा कि आशु को उनकी कमेटी के सारे पैसे उसने दे दिए, लेकिन उनको उनका गोल्ड वापस नहीं किया गया। उन्होंने लिखा है कि इन सभी बातों की रिकॉर्डिंग भी हमारे पास फोन में है। यही कारण है कि पुलिस ने फोन भी कब्जे में लिया है।
यह है मामला
कस्बे के खतरवाड़ा क्षेत्र में गुरुवार की देर रात एक दंपती ने जहरीला पदार्थ निगलकर जान दे दी। पति की मौत शाहाबाद के सिविल अस्पताल में जाने के बाद हुई तो पत्नी ने कुरुक्षेत्र अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया। घटना की वजह फाइनेंसरों की ओर से उत्पीड़न बताया जा रहा है। इस संबंध में मृतक दंपती का सुसाइड नोट भी बरामद किया गया है। मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
पुलिस को दी शिकायत में भाई गगनदीप ने आरोप लगाया कि उसके भाई रवि प्रकाश और भाभी गीता को एक फाइनेंस कंपनी, एक पेट्रोल पंप संचालक और एक प्राइवेट कमेटी संचालक द्वारा परेशान किया जा रहा था। इसके चलते ही उन्होंने आत्मघाती कदम उठाया है। मृतक दंपती अपने पीछे एक साढ़े चार साल की बेटी व उससे छोटा तीन साल का बेटा छोड़ गए हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।