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Charkhi Dadri News: सड़क हादसों से चिंतित 10 दोस्त एकजुट, 60 गोवंश के गले में पहना चुके रिफ्लेक्टर टेप
Thu, 12 Sep 2024 03:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Thu, 12 Sep 2024 03:42 AM IST
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चरखी दादरी में अभियान श़रू करने से पहले भगवान परशुराम चौक के पास खड़े टीम सदस्य।
जगदीप सिंह
चरखी दादरी। लावारिस गोवंश से कई सड़क हादसे हो चुके हैं। तीन साल में हुए हादसों में पांच लोगों की मौत हो चुकी है। इससे चिंतित शहर के 10 दोस्तों ने एक समूह बनाया है। यह समूह सड़कों पर घूमने वाले 60 गोवंश के गले और सींगों पर रिफ्लेक्टर टेप लगा चुका है। इस समूह ने शहर में लावारिस घूम रहे हर गोवंश पर रिफ्लेक्टर टेप लगाने का लक्ष्य रखा है।
इस समूह के युवा सदस्यों का कहना है कि पशुओं के गले पर रिफ्लेक्टर टेप या रेडियम की पट्टी लगाई जा रही है। इससे वाहन चालकों को सड़क के बीच खड़े बेसहारा पशु आसानी से नजर आ सकेंगे। इससे जहां हादसों में कमी आएगी वहीं गोवंश भी बच सकेंगे।
इन युवाओं ने बताया कि गोवंश के कारण हुए हादसों में कई लोगों की मौत हो चुकी है। उनमें से दो उनके परिचित थे। उनके परिवारों को मिले दर्द को देखते हुए उन दोस्तों ने लावारिस गोवंश के गले में रिफ्लेक्टर टेप लगाने का ख्याल आया। इसके बाद उन्होंने टेप लगाना शुरू किया। अभियान की शुरुआत भगवान परशुराम चौक से लोहारू चौक, ढाणी रेलवे फाटक से महेंद्रगढ़ चुंगी तक की गई। इस दौरान टीम 60 गोवंश के गले और सींगों पर रेडियम पट्टी लगा चुकी है।
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- 6 माह में 240 गोवंश ने तोड़ा दम
स्थानीय गोरक्षक रिंपी फोगाट ने बताया कि हादसों की चपेट में आने से हर माह करीब 35-40 गोवंश दम तोड़ रहा है। उन्होंने बताया कि हर प्रशासन को लावारिस गोवंश के रहने और चारे का इंतजाम करना चाहिए। इससे सड़कों पर होने वाले हादसों में काफी कमी आएगी और गोवंश कचरा खाने के लिए मजबूर नहीं होंगा।
किसी के पास नहीं रोजगार, जेबखर्च से खरीदा टेप
टीम के सभी 10 सदस्य फिलहाल बेरोजगार हैं। लावारिस गोवंश पर रेडियम की पट्टी लगाने के लिए उन्होंने कोई चंदा नहीं जुटाया है, बल्कि वह परिजनों से मिलने वाले खर्च से ही यह काम कर रहे हैं। टीम के सभी सदस्य शहर और आसपास के गांवों से आते हैं और इनमें मनीष कुमार, उमेश, मनोज, दीपक, अमित, मन्नी, कालूराम, कोकी, अंकुर, नवीन और दीपक लोहरवाड़ा आदि शामिल हैं।
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चरखी दादरी। लावारिस गोवंश से कई सड़क हादसे हो चुके हैं। तीन साल में हुए हादसों में पांच लोगों की मौत हो चुकी है। इससे चिंतित शहर के 10 दोस्तों ने एक समूह बनाया है। यह समूह सड़कों पर घूमने वाले 60 गोवंश के गले और सींगों पर रिफ्लेक्टर टेप लगा चुका है। इस समूह ने शहर में लावारिस घूम रहे हर गोवंश पर रिफ्लेक्टर टेप लगाने का लक्ष्य रखा है।
इस समूह के युवा सदस्यों का कहना है कि पशुओं के गले पर रिफ्लेक्टर टेप या रेडियम की पट्टी लगाई जा रही है। इससे वाहन चालकों को सड़क के बीच खड़े बेसहारा पशु आसानी से नजर आ सकेंगे। इससे जहां हादसों में कमी आएगी वहीं गोवंश भी बच सकेंगे।
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इन युवाओं ने बताया कि गोवंश के कारण हुए हादसों में कई लोगों की मौत हो चुकी है। उनमें से दो उनके परिचित थे। उनके परिवारों को मिले दर्द को देखते हुए उन दोस्तों ने लावारिस गोवंश के गले में रिफ्लेक्टर टेप लगाने का ख्याल आया। इसके बाद उन्होंने टेप लगाना शुरू किया। अभियान की शुरुआत भगवान परशुराम चौक से लोहारू चौक, ढाणी रेलवे फाटक से महेंद्रगढ़ चुंगी तक की गई। इस दौरान टीम 60 गोवंश के गले और सींगों पर रेडियम पट्टी लगा चुकी है।
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- 6 माह में 240 गोवंश ने तोड़ा दम
स्थानीय गोरक्षक रिंपी फोगाट ने बताया कि हादसों की चपेट में आने से हर माह करीब 35-40 गोवंश दम तोड़ रहा है। उन्होंने बताया कि हर प्रशासन को लावारिस गोवंश के रहने और चारे का इंतजाम करना चाहिए। इससे सड़कों पर होने वाले हादसों में काफी कमी आएगी और गोवंश कचरा खाने के लिए मजबूर नहीं होंगा।
किसी के पास नहीं रोजगार, जेबखर्च से खरीदा टेप
टीम के सभी 10 सदस्य फिलहाल बेरोजगार हैं। लावारिस गोवंश पर रेडियम की पट्टी लगाने के लिए उन्होंने कोई चंदा नहीं जुटाया है, बल्कि वह परिजनों से मिलने वाले खर्च से ही यह काम कर रहे हैं। टीम के सभी सदस्य शहर और आसपास के गांवों से आते हैं और इनमें मनीष कुमार, उमेश, मनोज, दीपक, अमित, मन्नी, कालूराम, कोकी, अंकुर, नवीन और दीपक लोहरवाड़ा आदि शामिल हैं।