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शारीरिक और मानसिक शांति के लिए प्राणायाम जरूरी : स्वामी सच्चिदानंद
Sun, 26 May 2024 12:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sun, 26 May 2024 12:45 AM IST
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अटेला नया शिविर में प्राणायाम करवाते स्वामी सच्चिदानंद व सुमन सांगवान।
चरखी दादरी। आर्यवीर दल की ओर से अटेला नया में आयोजित व्यायाम प्रशिक्षण शिविर के तीसरे दिन स्वामी सच्चिदानंद ने योग शिक्षिका सुमन सांगवान के साथ शिविरार्थियों को प्राणायाम का अभ्यास करवाया। उन्होंने शिविरार्थियों को तेज गर्मी के कारण शरीर में होने वाली समस्याओं से भी अवगत कराया।
उन्होंने कहा कि गर्मी में मन अशांत रहता है। शरीर और मन को तनावमुक्त रखने के लिए हमें नियमित रूप से प्राणायाम का अभ्यास करना चाहिए। अनुलोम विलोम मानसिक शांति और शीतकारी व शीतली प्राणायाम गर्मी में शरीर के तापमान को नियंत्रित कर पाचन को बेहतर रखती है। इससे शरीर और दिमाग दोनों शांत करने में मदद मिलती है।
स्वामी सच्चिदानंद ने कहा कि प्राणायाम करने से शरीर का खून साफ होता है और यह रक्तचाप को कम करने में भी फायदेमंद हैं। दोनों प्राणायामों को खड़े-खड़े और चलकर दोनों मुद्रा में किसी समय कर सकते हैं। शिविर में व्यायाम शिक्षक राहुल आर्य, योगेश सांगवान, हिमांशी, भविष्य, प्रयास, निष्ठा, इशिका, प्रीति, नवीन, जतिन, नितेश, रूपेश, रूपेंद्र, खुशी, वर्षा, मुस्कान, रामपति, रीना, मीना, निर्मला, मुन्नी, कलावती, राशि, जिंदल, अवनि आदि मौजूद रहे।
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उन्होंने कहा कि गर्मी में मन अशांत रहता है। शरीर और मन को तनावमुक्त रखने के लिए हमें नियमित रूप से प्राणायाम का अभ्यास करना चाहिए। अनुलोम विलोम मानसिक शांति और शीतकारी व शीतली प्राणायाम गर्मी में शरीर के तापमान को नियंत्रित कर पाचन को बेहतर रखती है। इससे शरीर और दिमाग दोनों शांत करने में मदद मिलती है।
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स्वामी सच्चिदानंद ने कहा कि प्राणायाम करने से शरीर का खून साफ होता है और यह रक्तचाप को कम करने में भी फायदेमंद हैं। दोनों प्राणायामों को खड़े-खड़े और चलकर दोनों मुद्रा में किसी समय कर सकते हैं। शिविर में व्यायाम शिक्षक राहुल आर्य, योगेश सांगवान, हिमांशी, भविष्य, प्रयास, निष्ठा, इशिका, प्रीति, नवीन, जतिन, नितेश, रूपेश, रूपेंद्र, खुशी, वर्षा, मुस्कान, रामपति, रीना, मीना, निर्मला, मुन्नी, कलावती, राशि, जिंदल, अवनि आदि मौजूद रहे।
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