चरखी दादरी: संदिग्ध परिस्थितियों में साधु ने सुसाइड नोट लिख डेरे में लगाया फंदा, रोहतक के थे निवासी
घिकाड़ा गांव में पहुंचकर पुलिस ने शव को कब्जे में लिया है। साधु दो दिन पहले ही मंदिर में रहने आया था। मंगलवार सुबह पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
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हरियाणा के चरखी दादरी के गांव घिकाड़ा के ठाडे श्री मंदिर में दो दिन पहले रहने के लिए आए एक साधु ने सुसाइड नोट लिखकर संदिग्ध परिस्थितियों में फंदा लगा लिया। सदर थाना पुलिस और एफएसएल टीम ने मौके पर पहुंचकर शव की जांच की। पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए साधु का शव सिविल अस्पताल में रखवा दिया है। उनका मंगलवार सुबह पोस्टमार्टम कराया जाएगा। साधु की पहचान जीवनदास (52) के रूप में हुई है।
घिकाड़ा के राजकीय उच्च विद्यालय के समीप स्थित ठाडे श्री मंदिर के कमेटी के प्रधान राजेंद्र ने बताया कि शनिवार को एक साधु यहां पर रहने के लिए आया था। उन्होंने साधु का आधार कार्ड नंबर और नाम पूछकर रहने की अनुमति दी थी। सोमवार सुबह करीब नौ बजे वो मंदिर में साधु से मिलकर अपने घर चला गया।
इसके बाद करीब 11 बजे वह साधु के लिए खाना लेकर मंदिर लौटा तो कमरे के अंदर फंदे पर साधु का शव लटका मिला। उसने तत्काल गांव के अन्य लोगों को मौके पर बुलाया और इसके बाद पुलिस को सूचित किया। सदर थाना पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में ले लिया और इसके बाद एफएसएल टीम को भी मौके पर बुलाया।
सुसाइड नोट में किसी को नहीं ठहराया जिम्मेदार
साधु के शव के पास पुलिस को एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसे जांच अधिकारी ने अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस के मुताबिक मृतक ने सुसाइड नोट में इस कदम के लिए किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि साधु का नाम जीवनदास था और मूल रूप से वह रोहतक के खडवाली गांव का निवासी था।
पोस्टमार्टम के लिए शव दादरी सिविल अस्पताल के शव गृह में रखवा दिया है। अभी किसी के बयान दर्ज नहीं हुए है और बयान दर्ज करने के बाद मंगलवार को शव का पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। -श्रीभगवान, जांच अधिकारी एवं हवलदार, सदर थाना दादरी।