फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   Work on three cages in mini zoo stuck again, how will wild cock, owl and parrot bear the brunt of winter without management?

Bhiwani News: लघु चिड़ियाघर में तीन पिंजरों का काम फिर अटका, जंगली मुर्गा, उल्लू और तोता बिना प्रबंध कैसे सहेंगे सर्दी का सितम

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 Dec 2023 11:19 PM IST
विज्ञापन
Work on three cages in mini zoo stuck again, how will wild cock, owl and parrot bear the brunt of winter without management?
भिवानी। चौ. सुरेंद्र सिंह लघु चिड़ियाघर भिवानी में वन्य जीव-जंतुओं पर इस बार सर्दी का सितम कहर बरपाएगा। क्योंकि मियाद खत्म होने के बावजूद अब तक तीन पिंजरों का निर्माण का काम पूरा नहीं हुआ है। न ही पिंजरों में पूरी तरह जाली लग पाई हैं न ही इनके ऊपर ठंड से बचाव की कोई व्यवस्था है। फिलहाल इन पिंजरों का निर्माण चलने की वजह से वन्य जीवों को दूसरे तंग बाड़े में वैकल्पिक व्यवस्था के लिए रखा है, जिसमें भी कोई पुख्ता प्रबंध नहीं हैं। अक्तूबर में दो शावकों को जन्म देने वाली मादा शेरनी गीता को भी सवा दो महीने से स्पेशल बाड़े से धूप में बाहर नहीं निकाला है न ही बच्चों को अब तक खुली धूप के दर्शन हुए हैं। जबकि अंदर भी हीटर की व्यवस्था तक नहीं है। ऐसे में उन पर भी बीमार होने का खतरा बढ़ रहा है।
विज्ञापन

वन्य जीव जंतु प्राणी विभाग ने लघु चिड़ियाघर के जंगली मूर्गा, तोता और उल्लू के बाड़े के नवीनीकरण का कार्य करीब साढ़े 12 लाख रुपये में ठेकेदार को सौंपा था। ठेकेदार ने शुरुआत में इन पिंजरों के निर्माण में निम्न स्तर की जाली इस्तेमाल की तो इस पर वन्य प्राणी विभाग के अधिकारियों ने आपत्ति जता दी। जिसके बाद कई माह तक ठेकेदार ने काम बंद रखा। वन्य प्राणी विभाग की ओर से ठेकेदार को दी गई मियाद की अवधि भी खत्म हो गई, मगर अब भी बाड़ों के नवीनीकरण का काम अधूरा पड़ा है। रात के समय अब जल्द ही पाला गिरना शुरू हो जाएगा। खुले में तो वन्य जीव अपना प्रबंध खुद कर लेते हैं, मगर यहां बाड़ों में कैद वन्य जीवों के लिए सर्दी से बचाव की व्यवस्था वन्य प्राणी विभाग द्वारा करना बेहद जरूरी है। अधूरे पड़े बाड़ों के काम की वजह से परिंदों पर भी सर्दी का सितम कहर बरपाएगा।
विज्ञापन

सर्दी के मौसम में आम तौर पर वन्य प्राणी विभाग भालू और शेर के बाड़े में हीटर की व्यवस्था कराता है। क्योंकि ज्यादा तापमान गिरने पर ये इसी के सहारे खुद के शरीर के तापमान को संतुलित रखते हैं। जबकि परिंदों के बाड़े पर भी पाले और ओस से बचाव के लिए पिंजरों के ऊपरी हिस्सों को ढका जाता है, मगर अभी तक ऐसे कोई प्रबंध नहीं हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

------------------------------------------
लघु चिड़ियाघर में पिंजरों का काम जल्द पूरा कराया जाएगा। इस संबंध में ठेकेदार को हिदायतें दी गई है। इसी के साथ सोमवार को लघु चिड़ियाघर में वन्य प्राणी विभाग के चिकित्सक की रोहतक से भिवानी जू में विजिट होगी। जिसमें बाड़े के तापमान की जांच के अनुसार बाड़ों में हीटर की व्यवस्था भी कराई जाएगी। मादा शेरनी गीता के शावक अभी दो माह आठ दिन के हुए हैं, जिन्हें तीन माह तक अंदर ही रखा जाएगा।
-मनवीर इंचार्ज चौ. सुरेंद्र सिंह मेमोरियल लघु चिड़ियाघर भिवानी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed