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पुरुष नसबंदी एक सुरक्षित, सरल और कम जोखिम वाली प्रक्रिया : डॉ. रघुबीर
Sat, 22 Nov 2025 01:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sat, 22 Nov 2025 01:54 AM IST
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सामान्य अस्पताल में पुरुष नसबंदी जागरूकता रैली रवाना करते सीएमओ डॉ. रघुबीर शांडिल्य।
भिवानी। पुरुष नसबंदी के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को रैली निकाली। सिविल सर्जन डॉ. रघुबीर शांडिल्य ने रैली को हरी झंडी दिखाते हुए कहा कि पुरुष नसबंदी एक सुरक्षित, सरल और कम जोखिम वाली प्रक्रिया है जिसे लेकर समाज में फैली गलत धारणाओं को तोड़ना जरूरी है। उन्होंने बताया कि सरकार नसबंदी करवाने वाले पुरुष को 2 हजार रुपये प्रोत्साहन राशि देती है।
सिविल सर्जन ने बताया कि विभाग द्वारा 21 नवंबर से चार दिसंबर तक चलाए जा रहे पखवाड़े का उद्देश्य खुशहाल परिवार की दिशा में जागरूकता को बढ़ावा देना है। महिलाओं की तुलना में पुरुष नसबंदी अपेक्षाकृत अधिक सुरक्षित और कम जटिल प्रक्रिया है। जागरूकता रैली लोगों को नसबंदी के लाभ और प्रोत्साहन योजनाओं की जानकारी देगी।
पुरुष नसबंदी कुछ ही मिनटों में पूरी होने वाली सरल प्रक्रिया
उप-सिविल सर्जन डॉ. दिव्य कीर्ति ने बताया कि समाज में पुरुष नसबंदी को लेकर कई भ्रांतियां हैं जिन्हें दूर करना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि एनएसवी विधि से होने वाली नसबंदी में न तो कोई चीरा लगता है और न ही टांका लगाया जाता है। यह मात्र 10 मिनट की सरल प्रक्रिया है। पुरुष को नसबंदी के दौरान दो हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि मिलती है जबकि महिला नसबंदी पर 1400 रुपये दिए जाते हैं।
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नसबंदी पखवाड़ा के तहत दो चरणों में चलेगा जागरूकता अभियान
नसबंदी पखवाड़े को दो चरणों में विभाजित किया गया है। पहला चरण 21 से 27 नवंबर तक चलेगा जिसमें परिवार नियोजन के महत्व पर जागरूकता फैलाई जाएगी। दूसरा चरण 28 नवंबर से 4 दिसंबर तक आयोजित होगा, जो जनसंख्या स्थिरीकरण पर केंद्रित रहेगा। अभियान में खंड विस्तार प्रशिक्षण अधिकारी, सुपरवाइजर, स्वास्थ्य कार्यकर्ता, मितानिनें और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर पहुंचकर नागरिकों को पुरुष नसबंदी के प्रति जागरूक करेंगे।
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सिविल सर्जन ने बताया कि विभाग द्वारा 21 नवंबर से चार दिसंबर तक चलाए जा रहे पखवाड़े का उद्देश्य खुशहाल परिवार की दिशा में जागरूकता को बढ़ावा देना है। महिलाओं की तुलना में पुरुष नसबंदी अपेक्षाकृत अधिक सुरक्षित और कम जटिल प्रक्रिया है। जागरूकता रैली लोगों को नसबंदी के लाभ और प्रोत्साहन योजनाओं की जानकारी देगी।
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पुरुष नसबंदी कुछ ही मिनटों में पूरी होने वाली सरल प्रक्रिया
उप-सिविल सर्जन डॉ. दिव्य कीर्ति ने बताया कि समाज में पुरुष नसबंदी को लेकर कई भ्रांतियां हैं जिन्हें दूर करना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि एनएसवी विधि से होने वाली नसबंदी में न तो कोई चीरा लगता है और न ही टांका लगाया जाता है। यह मात्र 10 मिनट की सरल प्रक्रिया है। पुरुष को नसबंदी के दौरान दो हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि मिलती है जबकि महिला नसबंदी पर 1400 रुपये दिए जाते हैं।
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नसबंदी पखवाड़ा के तहत दो चरणों में चलेगा जागरूकता अभियान
नसबंदी पखवाड़े को दो चरणों में विभाजित किया गया है। पहला चरण 21 से 27 नवंबर तक चलेगा जिसमें परिवार नियोजन के महत्व पर जागरूकता फैलाई जाएगी। दूसरा चरण 28 नवंबर से 4 दिसंबर तक आयोजित होगा, जो जनसंख्या स्थिरीकरण पर केंद्रित रहेगा। अभियान में खंड विस्तार प्रशिक्षण अधिकारी, सुपरवाइजर, स्वास्थ्य कार्यकर्ता, मितानिनें और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर पहुंचकर नागरिकों को पुरुष नसबंदी के प्रति जागरूक करेंगे।