{"_id":"66ca25b43aa7f313340e0c83","slug":"underpasses-built-on-rural-connectivity-routes-become-shelters-for-rainy-season-bhiwani-news-c-125-1-bwn1002-122119-2024-08-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhiwani News: ग्रामीण संपर्क मार्गों पर बने अंडर पास बने बरसाती का अड्डा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhiwani News: ग्रामीण संपर्क मार्गों पर बने अंडर पास बने बरसाती का अड्डा
Sat, 24 Aug 2024 11:55 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sat, 24 Aug 2024 11:55 PM IST
विज्ञापन
गांव मुंढाल में तालू-मुंढाल लिंक मार्ग पर बने अंडर पास से गुजरती गाड़ी।
भिवानी। हांसी-रोहतक रेलवे मार्ग पर रेलवे विभाग की ओर से ग्रामीण संपर्क मार्गों व खेतों के रास्तों पर बनाए गए अंडरपास लोगों के लिए समस्या का कारण बन गए हैं। इनमें बारिश के समय चार से पांच फीट तक पानी भर गया है। इसके कारण खेतों में जाने वाले किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा रहा है।
दरअसल, हांसी-रोहतक रेल मार्ग बिछने के बाद इस मार्ग पर पड़ने वाले गावों के लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे विभाग की ओरसे गांवों के लिंक व खेतों में जाने वाले रास्तों पर अंडर पास बनाए गए हैं। जो सड़क मार्ग से लगभग चार से पांच फीट तक गहरे हैं। इसके कारण इनमें बरसात के समय जलभराव हो जाता है।
अंडर पास की गहराई अधिक होने के कारण इनमें गिरकर किसानों के साथ हादसे भी हो चुके हैं। लेकिन सुनवाई करने वाला कोई नहीं है। इस रेलमार्ग पर करीब 35 गावों लगते हैं। वहीं भिवानी-जींद मार्ग पर रेलवे ओवरब्रिज के कारण वाहनों को वाया तालू से होकर गुजरना पड़ता है। इसके कारण छोटे वाहनों को पानी में डूबने तक की समस्या आ जाती है।
विज्ञापन
छोटी गाड़ियों काफी बार पानी ज्यादा होने के कारण बीच में ही बंद हो जाती है। चार से पांच फीट पानी होने के कारण बाइक तो पानी में डूब जाती है। प्रत्येक अंडर पास के नीचे यही समस्या बनी हुई है। जिसके कारण आमजन काफी परेशान है। इन अंडर पासों से पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है।
-- -- --
इन मार्गों पर है समस्या
- मुंढाल से सुखपुरा संपर्क मार्ग।
- मुंढाल से जताई संपर्क मार्ग।
- मुंढाल से तालू संपर्क मार्ग।
- कुंगड़ भैणी से बवानीखेड़ा मार्ग।
- गढ़ी से मेहंदा लिंक मार्ग।
- ढाणा से बड़सी मार्ग।
- सभी गांव से खेतों में जाने वाले कच्चे सभी कच्चे मार्गों पर।
-- -- --
रेलवे लाइन बिछने के बाद बनाए गए अंडर पास के कारण हमें खेतों में जाने में समस्या का सामना करना पड़ा है। मानसून में अंडर पास में पानी भरने के कारण हमारे खेतों में जाने का कोई रास्ता नहीं रहता है। हमें पानी से होकर ही खेतों में जाना पड़ता है। इसके कारण हमें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
- शिवकुमार, मुंढाल निवासी।
-- -- -
यह रेलवे लाइन हमारे लिए समस्या बन के आई है। रेलवे विभाग की ओर से बनाए गए अंडर पास चार से पांच फीट तक गहरे है। इसके कारण बैल बुग्गी लेकर जाते समय पानी बुग्गी तक आ जाता है। इसके कारण हमें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के बाद तो यह समस्या हो भी गंभीर हो जाती है।
- सोनू, मुंढाल निवासी।
-- -- --
हमारे खेतों में जाने वाले मार्ग पर रेलवे विभाग की ओर से अंडर पास बनाया गया है। इसमें पूरे साल तक पानी नहीं खत्म होता है। बारिश के समय तो यह समस्या हो भी ज्यादा हो जाती है। इसके कारण हमें खेतों में भी नहीं जा पाते है। अंडर पास में पानी इतना होता है कि बाइक तो पूरी तरह से डूब जाती है।
- अमित, मुंढाल निवासी।
विज्ञापन
दरअसल, हांसी-रोहतक रेल मार्ग बिछने के बाद इस मार्ग पर पड़ने वाले गावों के लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे विभाग की ओरसे गांवों के लिंक व खेतों में जाने वाले रास्तों पर अंडर पास बनाए गए हैं। जो सड़क मार्ग से लगभग चार से पांच फीट तक गहरे हैं। इसके कारण इनमें बरसात के समय जलभराव हो जाता है।
विज्ञापन
अंडर पास की गहराई अधिक होने के कारण इनमें गिरकर किसानों के साथ हादसे भी हो चुके हैं। लेकिन सुनवाई करने वाला कोई नहीं है। इस रेलमार्ग पर करीब 35 गावों लगते हैं। वहीं भिवानी-जींद मार्ग पर रेलवे ओवरब्रिज के कारण वाहनों को वाया तालू से होकर गुजरना पड़ता है। इसके कारण छोटे वाहनों को पानी में डूबने तक की समस्या आ जाती है।
विज्ञापन
छोटी गाड़ियों काफी बार पानी ज्यादा होने के कारण बीच में ही बंद हो जाती है। चार से पांच फीट पानी होने के कारण बाइक तो पानी में डूब जाती है। प्रत्येक अंडर पास के नीचे यही समस्या बनी हुई है। जिसके कारण आमजन काफी परेशान है। इन अंडर पासों से पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है।
इन मार्गों पर है समस्या
- मुंढाल से सुखपुरा संपर्क मार्ग।
- मुंढाल से जताई संपर्क मार्ग।
- मुंढाल से तालू संपर्क मार्ग।
- कुंगड़ भैणी से बवानीखेड़ा मार्ग।
- गढ़ी से मेहंदा लिंक मार्ग।
- ढाणा से बड़सी मार्ग।
- सभी गांव से खेतों में जाने वाले कच्चे सभी कच्चे मार्गों पर।
रेलवे लाइन बिछने के बाद बनाए गए अंडर पास के कारण हमें खेतों में जाने में समस्या का सामना करना पड़ा है। मानसून में अंडर पास में पानी भरने के कारण हमारे खेतों में जाने का कोई रास्ता नहीं रहता है। हमें पानी से होकर ही खेतों में जाना पड़ता है। इसके कारण हमें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
- शिवकुमार, मुंढाल निवासी।
यह रेलवे लाइन हमारे लिए समस्या बन के आई है। रेलवे विभाग की ओर से बनाए गए अंडर पास चार से पांच फीट तक गहरे है। इसके कारण बैल बुग्गी लेकर जाते समय पानी बुग्गी तक आ जाता है। इसके कारण हमें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के बाद तो यह समस्या हो भी गंभीर हो जाती है।
- सोनू, मुंढाल निवासी।
हमारे खेतों में जाने वाले मार्ग पर रेलवे विभाग की ओर से अंडर पास बनाया गया है। इसमें पूरे साल तक पानी नहीं खत्म होता है। बारिश के समय तो यह समस्या हो भी ज्यादा हो जाती है। इसके कारण हमें खेतों में भी नहीं जा पाते है। अंडर पास में पानी इतना होता है कि बाइक तो पूरी तरह से डूब जाती है।
- अमित, मुंढाल निवासी।