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अनुमति एक करोड़ की 1.26 लाख में खरीद डाले 15 नए टीपर ऑटो, अब एक साल से खड़े हुए कबाड़
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हरियाणा अग्निशमन एवम् आपात कालीन सेवाएं कार्यालय में कबाड़ बने नये टिप्पर ऑटो। संवाद
- फोटो : Bhiwani
भिवानी। नगर परिषद में घोटाले और सामान खरीद सुर्खियों में रहा है। लेकिन अब 15 टिपर ऑटो की खरीद मामले की फाइल भी शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय में अटक गई है। इसकी वजह से पिछले एक साल से एक ही जगह पर खड़े नए टिपर ऑटो कबाड़ हो चुके हैं वहीं संबंधित कंपनी का भुगतान भी अधर में लटका है। निदेशालय से शहर में नए टिपर ऑटो खरीद के लिए एक करोड़ के बजट को मंजूरी मिली थी, मगर नगर परिषद अधिकारियों ने 15 नए टिपर ऑटो एक करोड़ 26 लाख रुपये में खरीद कर डाले।
टिपर ऑटो खरीद का ये रेट कंपनी के तय रेटों से कहीं अधिक था। इसकी वजह से शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय ने खरीद पर ही आपत्ति लगा दी। इसके बाद नगर परिषद अधिकारियों ने भी नए टिपर ऑटो को हैंडओवर से साफ इंकार कर डाला। अब मुख्यालय के समक्ष फिर से टिपर ऑटो खरीद की रीवाइज फाइल भेजी गई है, लेकिन अभी तक उस पर कोई अनुमति नहीं मिली है।
शहर के 31 वार्डों में घर-घर कूड़ा उठान के लिए पिछली योजना के अंतिम साल में 15 नए टिपर ऑटो की खरीद हुई थी। सरकार द्वारा निर्धारित किए गए जैम पोर्टल पर नए ऑटो की खरीद की गई। ऑटो खरीद के लिए भिवानी नगर परिषद को एक करोड़ के बजट की मंजूरी मिली थी, मगर 15 नए ऑटो एक करोड़ 26 लाख रुपये में खरीद डाले। जिस पर निदेशालय ने तकनीकी आपत्ति जताते हुए इसके भुगतान पर ही रोक लगा दी। इसके बाद ये टिपर ऑटो न नगर परिषद के समक्ष अधिकारिक रूप से पहुंच सके न ही संबंधित कंपनी को इनका भुगतान हो पाया। अब एक साल से अधिक अर्से से ये टिपर ऑटो जिला दमकल कार्यालय में एक जगह से टस से मस तक नहीं हुए हैं। इनके टायर और अन्य उपकरण भी खराब हो गए हैं वहीं इंजन के स्टार्ट होने की भी अब कोई गारंटी नहीं है। फिलहाल शहर के वार्डों में 16 टिपर ऑटो ही घर-घर कूड़ा उठान में लगे हैं। जबकि 15 नए टिपर ऑटो के इस्तेमाल पर अभी भी संशय बना है।
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नगर परिषद अब शहर में लगाएगा सीसीटीवी कैमरे
नगर परिषद अब शहरी दायरे में मुख्य जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाएगा। इसका खाका भी तैयार हो चुका है। नगर परिषद अधिकारियों ने इसका मसौदा भी निदेशालय भेजा है। वहां से मंजूरी मिलते ही मुख्य बिंदुओं पर सीसीटीवी इंस्टाल होंगे, जिसके बाद आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगेगी।
हर कूड़े के ढेर पर कर्मचारी तैनाती की तैयारी
शहर के अंदर निर्धारित सभी कचरा प्वाइंटों पर अब स्थायी तौर पर एक कर्मचारी तैनात रहेगा। ताकि कचरा सड़कों पर न फैले। वहीं कचरे की वजह से लोगों को आवागमन में भी कोई परेशानी न बने। इसके लिए नगर परिषद ने शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय को प्रस्ताव भेजा है।
पिछली योजना में शहर के अंदर 15 नए टिपर ऑटो की खरीद निर्धारित बजट से अधिक रेट पर हुई थी। जिस पर निदेशालय ने आपत्ति जता दी थी। हमने फिर से टिपर ऑटो के रेट रीवाइज की फाइल मुख्यालय को भेजी है। अभी तक न तो नए टिपर ऑटो नगर परिषद के हैंडओवर हुए हैं न ही संबंधित कंपनी को कोई भुगतान हुआ है। शहर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी। वहीं कचरा प्वाइंटों पर भी एक-एक कर्मचारी तैनात किया जाएगा।
- भवानी प्रताप सिंह, चेयरपर्सन प्रतिनिधि नगर परिषद भिवानी।
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टिपर ऑटो खरीद का ये रेट कंपनी के तय रेटों से कहीं अधिक था। इसकी वजह से शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय ने खरीद पर ही आपत्ति लगा दी। इसके बाद नगर परिषद अधिकारियों ने भी नए टिपर ऑटो को हैंडओवर से साफ इंकार कर डाला। अब मुख्यालय के समक्ष फिर से टिपर ऑटो खरीद की रीवाइज फाइल भेजी गई है, लेकिन अभी तक उस पर कोई अनुमति नहीं मिली है।
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शहर के 31 वार्डों में घर-घर कूड़ा उठान के लिए पिछली योजना के अंतिम साल में 15 नए टिपर ऑटो की खरीद हुई थी। सरकार द्वारा निर्धारित किए गए जैम पोर्टल पर नए ऑटो की खरीद की गई। ऑटो खरीद के लिए भिवानी नगर परिषद को एक करोड़ के बजट की मंजूरी मिली थी, मगर 15 नए ऑटो एक करोड़ 26 लाख रुपये में खरीद डाले। जिस पर निदेशालय ने तकनीकी आपत्ति जताते हुए इसके भुगतान पर ही रोक लगा दी। इसके बाद ये टिपर ऑटो न नगर परिषद के समक्ष अधिकारिक रूप से पहुंच सके न ही संबंधित कंपनी को इनका भुगतान हो पाया। अब एक साल से अधिक अर्से से ये टिपर ऑटो जिला दमकल कार्यालय में एक जगह से टस से मस तक नहीं हुए हैं। इनके टायर और अन्य उपकरण भी खराब हो गए हैं वहीं इंजन के स्टार्ट होने की भी अब कोई गारंटी नहीं है। फिलहाल शहर के वार्डों में 16 टिपर ऑटो ही घर-घर कूड़ा उठान में लगे हैं। जबकि 15 नए टिपर ऑटो के इस्तेमाल पर अभी भी संशय बना है।
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नगर परिषद अब शहर में लगाएगा सीसीटीवी कैमरे
नगर परिषद अब शहरी दायरे में मुख्य जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाएगा। इसका खाका भी तैयार हो चुका है। नगर परिषद अधिकारियों ने इसका मसौदा भी निदेशालय भेजा है। वहां से मंजूरी मिलते ही मुख्य बिंदुओं पर सीसीटीवी इंस्टाल होंगे, जिसके बाद आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगेगी।
हर कूड़े के ढेर पर कर्मचारी तैनाती की तैयारी
शहर के अंदर निर्धारित सभी कचरा प्वाइंटों पर अब स्थायी तौर पर एक कर्मचारी तैनात रहेगा। ताकि कचरा सड़कों पर न फैले। वहीं कचरे की वजह से लोगों को आवागमन में भी कोई परेशानी न बने। इसके लिए नगर परिषद ने शहरी स्थानीय निकाय निदेशालय को प्रस्ताव भेजा है।
पिछली योजना में शहर के अंदर 15 नए टिपर ऑटो की खरीद निर्धारित बजट से अधिक रेट पर हुई थी। जिस पर निदेशालय ने आपत्ति जता दी थी। हमने फिर से टिपर ऑटो के रेट रीवाइज की फाइल मुख्यालय को भेजी है। अभी तक न तो नए टिपर ऑटो नगर परिषद के हैंडओवर हुए हैं न ही संबंधित कंपनी को कोई भुगतान हुआ है। शहर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी। वहीं कचरा प्वाइंटों पर भी एक-एक कर्मचारी तैनात किया जाएगा।
- भवानी प्रताप सिंह, चेयरपर्सन प्रतिनिधि नगर परिषद भिवानी।