फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   Order to file case against 5 police personnel within 10 days

Bhiwani News: एसएचओ, दो एएसआई सहित 5 पुलिस कर्मचारियों पर 10 दिन में केस दर्ज करने का आदेश

Tue, 04 Mar 2025 12:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी Updated Tue, 04 Mar 2025 12:42 AM IST
विज्ञापन
Order to file case against 5 police personnel within 10 days
भिवानी। पुलिस टीम पर हमले के एक फर्जी मामले में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने आरोपी हनुमान गेट निवासी पूर्व पार्षद हंसराज उर्फ हंसा को बरी कर दिया है। अदालत ने एसएचओ, दो एएसआई और दो हेड कांस्टेबल को दोषी मानते हुए उनके खिलाफ दस दिन में केस दर्ज करने के आदेश दिए। अदालत ने सीजेएम को पूरे मामले की देखरेख करने और मानवाधिकार आयोग को भी सूचना देने के आदेश दिए हैं।अदालत ने सभी पांच पुलिस कर्मचारियों पर कुल 15 लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है।
विज्ञापन

पीड़ित पक्ष के वकील सज्जन खनगवाल ने बताया कि होली के दिन 20 मार्च 2019 को हंसराज हंसा पर पुलिस कर्मचारियों ने गोली चलाई थी। गोली उसकी जांघ में लगी थी। पुलिस कर्मचारियों ने उसे बेरहमी से पीटा था। फिर हंसा के खिलाफ ही पुलिस टीम पर जानलेवा हमला कर हत्या के प्रयास के मामले में फर्जी केस दर्ज करा दिया था। अधिवक्ता सज्जन खनगवाल ने बताया कि हंसा को फर्जी तौर पर पुलिस टीम पर हमला करने और षडयंत्र के तहत फंसाया गया था। न्यायालय ने प्रस्तुत किए गए तथ्यों और गवाहों के बिनाह पर आरोपी हंसराज उर्फ हंसा को बरी कर दिया है और पांच पुलिसकर्मियों को दोषी माना है। अदालत ने यह फैसला 27 फरवरी को सुनाया था। सोमवार को न्यायालय ने ऑनलाइन ऑर्डर अपलोड कर दिया। फैसला सुनाए जाने के दस दिन के अंदर ही पुलिस को इन पांच कर्मचारियों पर एफआईआर दर्ज करने के भी आदेश दिए हैं, जिसकी जानकारी सीजेएम को देनी होगी।
विज्ञापन

अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश मनीष कुमार की अदालत ने एसएचओ अनिल पर तीन लाख रुपये, एएसआई दशरथ पर पांच लाख रुपये, एएसआई गिरिराज पर पांच लाख, हेड कांस्टेबल (एचसी) सनील और एचसी सुनील पर एक-एक लाख रुपये जुर्माना लगाया है। अदालत ने एसपी के साथ हर माह बैठक में भी इस मामले की प्रगति रिपोर्ट रखने के आदेश दिए हैं। ये जुर्माना राशि राज्य सरकार को उक्त कर्मचारियों के वेतन से काटकर पीड़ित को देनी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

30 मार्च 2019 को किया था हंसा गिरफ्तार
एडवोकेट सज्जन खनगवाल ने बताया कि हंसा के खिलाफ पुलिस ने 20 मार्च 2019 को पुलिस कर्मचारियों पर हत्या के प्रयास के मामले में केस दर्ज किया था। उसे जांघ में गोली लगने की वजह से अस्पताल में दाखिल रहना पड़ा। फिर 30 मार्च 2019 को हंसा को गिरफ्तार कर पुलिस ने न्यायिक हिरासत में जेल भेजा था। इसके बाद 24 अगस्त 2021 को न्यायालय से बेल कराने के बाद ही वह बाहर आया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed