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Bhiwani News: शिक्षा के मंदिर की दहलीज पर लग रहे नशे के कश

Wed, 10 May 2023 12:25 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी Updated Wed, 10 May 2023 12:25 AM IST
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On the threshold of the temple of education, there are puffs of intoxication
सीबीएलयू के मुख्य गेट के बाहर वीटा बूथ पर सिगरेट के कश लगाते युवा।
भिवानी। शिक्षा के मंदिर की दहलीज पर इन दिनों युवा नशे के कश लगा रहे हैं। उन्हें न तो अपने स्वास्थ्य की चिंता है और न ही कॅरिअर की। सीबीएलयू और कॉलेजों के आसपास अवैध हुक्का बार चल रहे हैं, जहां पर युवा आराम से बैठकर हुक्का गुड़गुड़ा रहे हैं या फिर सिगरेट व बीड़ी के धुएं के छल्ले बना रहे हैं।
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पुलिस प्रशासन जहां सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान निषेध के प्रति जागरूक कर रहा है। वहीं दूसरी तरफ ये युवा भी नियमों का पालन नहीं कर रहे। हालांकि पुलिस प्रशासन ने कुछ दिन पहले अवैध हुक्का बार के एक-दो ठिकानों को तोड़ा था लेकिन पूर्ण रूप से प्रतिबंध नहीं लग पाया।
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संवाददाता ने शहर के सीबीएलयू और कॉलेजों के आसपास के क्षेत्र में भ्रमण किया, जहां युवा हुक्का, सिगरेट के कश लगाते नजर आए। सीबीएलयू व राजकीय महाविद्यालय के सामने बने कैफे में युवाओं ने हुक्का पीने का ठिकाना बनाया हुआ है। इसके अलावा यहां एक दूध के बूथ पर विद्यार्थी सिगरेट के कश लगा रहे हैं। कोई प्यार में मिला धोखा तो कोई अपनी गलत संगत के कारण नशे की तरफ जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्र के साथ शहरों में भी इन दिनों हुक्के का प्रचलन बढ़ रहा है, जिसके कश लगाते हुए युवा वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल रहे हैं तो कई उनकी लत में पड़ रहे हैं। इस नशे की लत के कारण वे घंटों धुआं उड़ा रहे हैं।
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विशेषज्ञों का कहना है कि युवा शौक-शौक में नशा करना शुरू कर देते हैं और बाद में वे इसके दलदल में फंस जाते हैं। जहां से निकलना मुश्किल हो जाता है।
कदम-कदम पर बने धूम्रपान के ठिकाने
शहर में इन दिनों कदम-कदम पर धूम्रपान के ठिकाने बने हुए हैं। जहां स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थी पहुंच रहे हैं। हांसी रोड स्थित नहर के पास दो जगह युवा हुक्का गुड़गुड़ाते मिलते हैं। इसके अलावा सीआईडी कार्यालय के नजदीक चाय की दुकान पर सिगरेट, पुराना बस स्टैंड, हांसी गेट से पुराना हाउसिंग बोर्ड जाने वाला मार्ग पर कई जगहों पर हुक्का और सिगरेट पीने के ठिकाने बने हुए हैं। कॉलेजों की कैंटीनों और चाय की दुकानों में भी सिगरेट, बीड़ी व कई तरह के तंबाकू उपलब्ध रहते हैं। वहीं शादियों में भी आजकल इलेक्ट्रिक हुक्के का ट्रेंड बना हुआ है।
गलत संगत बिगाड़ रहा भविष्य
स्कूल से पासआउट होने के बाद युवा कॉलेज में जाते हैं, जहां वे गलत संगति के संपर्क में आकर अपना वर्तमान व भविष्य खराब कर रहे हैं। नागरिक अस्पताल में काउंसिलिंग करवाने पहुंचे 22 वर्षीय युवक ने बताया कि कॉलेज में उसके दोस्त सिगरेट और हुक्का पीते थे, जिसके कारण उसे भी लत लग गई। इसके अलावा दूसरे मामले में 21 वर्षीय युवक ने बताया कि उसका प्रेमिका के साथ ब्रेकअप हो गया था, जिसके बाद वह नशा करने लग गया। मनोरोग विशेषज्ञ ने दोनों युवकों की करीब दो माह तक काउंसिलिंग की, जिसके बाद उन्होंने नशे की लत से दूरी बनाई।
विशेषज्ञ सलाह : अक्सर देखने में आया है कि युवा शौक-शौक में सिगरेट, हुक्का या फिर शराब का सेवन शुरू करते हैं, जोकि बाद में उनकी आदत बन जाती है। लगातार धूम्रपान और शराब का सेवन करने से कैंसर जैसी बीमारियां भी हो सकती हैं। ऐसे में युवा अच्छे लोगों के संपर्क में रहें और कोई चिंता होने पर परिजनों से साझा करें। सुबह और शाम योग करें और पौष्टिक आहार का सेवन करें।

- डॉ. रघुवीर शांडिल्य, सिविल सर्जन, भिवानी।
विश्वविद्यालय परिसर और आसपास के क्षेत्र में धूम्रपान करना वर्जित है। परिसर में स्थित कैंटीन और आस-पास के क्षेत्र की जांच करवाई जाएगी। विद्यार्थियों को बेहतरीन शिक्षा और संस्कारवान बनाने में हम सदैव प्रयासरत हैं।
- ऋतु सिंह, कुलसचिव, सीबीएलयू भिवानी
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