भिवानी। नगर परिषद में घोटाले के खिलाफ सोमवार को नगर परिषद जन संघर्ष समिति ने अर्धनग्न होकर धरना दिया। नगर परिषद कार्यालय के बाहर हुए धरने की अध्यक्षता समिति प्रधान व निवर्तमान पार्षद ईश्वर मान ने की। इसमें शहर के विभिन्न संगठनों ने सदस्यों ने पहुंचकर समर्थन दिया।
ईश्वर मान ने कहा कि भिवानी नगर परिषद में सात तरह के घोटाले उजागर हो चुके हैं। इनमें चेक से फर्जी फर्मों को भुगतान, फर्जी रसीद घोटाला, भूमि घोटाला, सफाई कर्मचारी भर्ती घोटाला, पीआईडी घोटाला, अवैध कब्जा घोटाला, सैनिटाइज व मास्क घोटाला। इन सभी की सीबीआई व हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश से जांच कराई जाए। ईश्वर मान ने कहा कि जब तक इन सभी घोटालों की विस्तृत जांच कराकर सभी आरोपियों पर कानूनी कार्रवाई नहीं होगी, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि घोटालेबाजों ने भिवानी को लूटकर नंगा कर दिया है, अब हम अर्धनग्न होकर उन घोटालेबाजों को सलाखों के पीछे पहुंचाने में भिवानी की जनता के साथ खड़े होकर आंदोलन कर रहे हैं। युवा कल्याण संगठन के संरक्षक कमल सिंह प्रधान व किसान सभा से कामरेड ओमप्रकाश ने कहा कि नगर परिषद घोटाले की जांच सीबीआई या हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश से करवाई जाए, ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके। नरेंद्र धनाना, अनिल शेषमा, दिलबाग ढुल, रामफल देसवाल, सुदर्शन जिंदल, ललित अग्रवाल सीए, एनके ढांडा, कुलदीप फोगाट, महावीर डालमिया, बलवान सिंह पूर्व पार्षद, सुशीला पूनिया पूर्व पार्षद, अशोक कामरा पूर्व पार्षद, अशोक जोगी पूर्व पार्षद, निरंजन पूर्व पार्षद, ब्रजलाल पूर्व पार्षद, गजेंद्र सिंह तंवर, रामनिवास कौशिक, जग्गू पूर्व पार्षद, विनोद शर्मा, रमेश टमाटर वाला, कमलेश, गोरी शंकर शर्मा ने कहां कि जब तक सभी भ्रष्टाचारियों की गिरफ्तारी नहीं हो जाती, तब तक यह धरना लगातार चलता रहेगा।