फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   farmers, protest, bajara, regestration

बाजरा रजिस्ट्रेशन में धांधली को लेकर किसानों ने दिया धरना

Mon, 03 Aug 2020 12:00 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Mon, 03 Aug 2020 12:00 AM IST
विज्ञापन
farmers, protest, bajara, regestration
जूई में रोष व्यक्त करते धरने पर बैठे किसान। - फोटो : Bhiwani
बाजरा रजिस्ट्रेशन में हो रही धांधली को लेकर जुई बिचली के बड़ चौक पर पीड़ित किसानों ने धरना दिया। धरने की अगुवाई रामफल, नवनीत रापडिया, संदीप लांबा ने की। धरना सुबह नौ बजे से लेकर दोपहर दो बजे तक चला। धरने पर पीड़ित किसानों ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर सात अगस्त तक बाजरा रजिस्ट्रेशन में हो रही धांधली में सुधार नहीं किया गया तो अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया जाएगा, जिसके लिए प्रशासन जिम्मेदार होगा।
विज्ञापन

रामफल बागडू, नवनीत रापड़िया ने धरना संबोधित करते हुए कहा की सरकार की गलत नीतियों के चलते गांव में आपसी भाईचारा खत्म हो रहा है। जिस किसान के पास मात्र दो किले भूमि है वह अपने और अपने निजी रिश्तों में 50 से 60 किला तक का रजिस्ट्रेशन करवा रहा है। इससे उस खेवट में बाकी बचे अधिकतर किसान वंचित रह जाते हैं। अधिकारियों से जब बात की जाती है तो वह सिर्फ एक ही जवाब देते हैं कि आपसी सहमति बनाकर रजिस्ट्रेशन करवाएं। लेकिन दलाली और कमीशन खाने वाले लोग इस बात को नहीं समझते और वह सरकार की दी हुई सुविधा मानकर उसे अपना हक समझते हैं। अगर उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत की जाती है तो घर की घर में लड़ाई होने का खतरा बढ़ जाता है। आपसी भाईचारे के अंदर एक दूसरे की आंखें लाल हो रही है। लेकिन सुनवाई कहीं नहीं हो रही। किसान संदीप लांबा ने बताया की गांव जूई खुर्द और जुई बिचली की चकबंदी नहीं हुई है जिसकी वजह से अधिकतर गांव के परिवारों के साझे खाते हैं। अपनी भूमि के साथ साथ वो उनके खातों को भी मेरी फसल मेरा ब्योरा पर रजिस्ट्रेशन कर इस योजना का दुरुपयोग कर रहे हैं। असल किसान जब रजिस्ट्रेशन करवाने जाते हैं तो उनको भूमि रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं होने की बात कही जाती है। लोभ ओर लालच में आपसी सहमति नहीं बन पाती और मामला अटक जाता है। किसानों ने कहा कि आज यह सांकेतिक धरना था। सरकार और प्रशासन ने जिस किसान के पास जितनी भूमि है उसी हिसाब से उसका रजिस्ट्रेशन करने की प्रक्रिया को नहीं अपनाया तो सात अगस्त को जूई बिजली के इसी पंचायती कुएं के पास अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा। इस अवसर पर रामफल सामोता, विजय सेठ, संजय लांबा, लीला राम रापडिय़ा, विकाश लांबा, सचिन धायल, बबलू जांगड़ा, अशोक लांबा मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed