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Bhiwani News: तोशाम हलके में साढ़े 40 करोड़ की पेयजल परियोजनाओं को मंजूरी, कई गांवों में बिछेगी नई पाइप लाइन
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तोशाम। पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए तोशाम हलके में करीब साढ़े 40 करोड़ रुपये की नई परियोजनाओं को मंजूरी मिली है। इन परियोजनाओं के तहत जलापूर्ति योजनाओं में सुधार, जलघरों का अपग्रेडेशन, अतिरिक्त संरचनाओं का निर्माण तथा विभिन्न गांवों और ढाणियों तक नई पेयजल पाइप लाइनें बिछाई जाएंगी।
सिंचाई एवं जल संसाधन तथा महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रुति चौधरी और पूर्व राज्यसभा सदस्य किरण चौधरी ने कहा कि हलके में शुद्ध और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि मौजूदा जलघरों की क्षमता बढ़ाई जा रही है। पुराने और जर्जर स्टोरेज टैंकों की मरम्मत के साथ नए टैंकों का निर्माण भी कराया जाएगा, ताकि किसी भी गांव में पेयजल की कमी न रहे।
उन्होंने बताया कि गांव कुसुंभी में दो करोड़ 57 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलघर में नई संरचनाओं का निर्माण तथा पंप हाउस से जलघर तक पाइप लाइन बिछाई जाएगी। मालवास देवसर और मालवास कोहाड़ में चार करोड़ 67 लाख 85 हजार रुपये की लागत से जलघर का निर्माण तथा जूई कैनाल से जलघर तक पाइप लाइन डाली जाएगी।
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गांव बागनवाला की डाडम रोड और झांवरी रोड स्थित ढाणियों तक 23 लाख रुपये से अधिक की लागत से पेयजल पाइप लाइन बिछाई जाएगी। गांव ढाब ढाणी में तीन करोड़ 71 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना का सुधारीकरण, अतिरिक्त संरचनाओं का निर्माण तथा शेष गलियों में पाइप लाइन डाली जाएगी। गांव दरियापुर में 20 लाख रुपये से अधिक की लागत से ढाणियों तक पेयजल पहुंचाने के लिए पाइप लाइन बिछाई जाएगी।
गांव हेतमपुरा में दो करोड़ 15 लाख 48 हजार रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना में सुधार, पुरानी मशीनरी बदलने तथा नई सप्लाई लाइन बिछाने का कार्य होगा। जूई कलां में सात करोड़ 78 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना का नवीनीकरण और पुरानी पाइप लाइनों के स्थान पर नई लाइनें बिछाई जाएंगी। कैरू प्रथम और द्वितीय में सात करोड़ 37 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलघर अपग्रेडेशन तथा शेष गलियों में पाइप लाइन डाली जाएगी।
उन्होंने बताया कि गांव खावा की ढाणियों में 24 लाख 63 हजार रुपये से अधिक की लागत से पाइप लाइन बिछाई जाएगी। गांव मंढान में 67 लाख 50 हजार रुपये से अधिक की लागत से ढाणियों तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के लिए पाइप लाइन डाली जाएगी। गांव निगाना कलां में दो करोड़ 34 लाख 24 हजार रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना का नवीनीकरण और नई पाइप लाइन बिछाई जाएगी। गांव निगाना खुर्द में तीन करोड़ चार लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना में सुधार तथा नई पाइप लाइनें डाली जाएंगी। गांव सिढान में चार करोड़ 17 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति व्यवस्था में सुधार और नई पाइप लाइनें बिछाई जाएंगी। गांव थिलौड़ में एक करोड़ 25 लाख रुपये से अधिक की लागत से पंपिंग मशीनरी बदली जाएगी और नई पाइप लाइनें बिछाई जाएंगी।
इन गांवों की जलापूर्ति योजनाओं को मिलेगा नया स्वरूप
स्वीकृत परियोजनाओं के तहत कुसुंभी, मालवास देवसर, मालवास कोहाड़, बागनवाला, ढाब ढाणी, दरियापुर, हेतमपुरा, जूई कलां, कैरू प्रथम-द्वितीय, खावा, मंढान, निगाना कलां, निगाना खुर्द, सिढान और थिलौड़ में जलापूर्ति व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। इन योजनाओं में जलघरों का निर्माण व अपग्रेडेशन, अतिरिक्त संरचनाओं का निर्माण, पुरानी मशीनरी का प्रतिस्थापन तथा गांवों और ढाणियों तक नई पेयजल पाइप लाइनें बिछाने का कार्य शामिल है। इससे क्षेत्र में स्वच्छ और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने की व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
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सिंचाई एवं जल संसाधन तथा महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रुति चौधरी और पूर्व राज्यसभा सदस्य किरण चौधरी ने कहा कि हलके में शुद्ध और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि मौजूदा जलघरों की क्षमता बढ़ाई जा रही है। पुराने और जर्जर स्टोरेज टैंकों की मरम्मत के साथ नए टैंकों का निर्माण भी कराया जाएगा, ताकि किसी भी गांव में पेयजल की कमी न रहे।
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उन्होंने बताया कि गांव कुसुंभी में दो करोड़ 57 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलघर में नई संरचनाओं का निर्माण तथा पंप हाउस से जलघर तक पाइप लाइन बिछाई जाएगी। मालवास देवसर और मालवास कोहाड़ में चार करोड़ 67 लाख 85 हजार रुपये की लागत से जलघर का निर्माण तथा जूई कैनाल से जलघर तक पाइप लाइन डाली जाएगी।
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गांव बागनवाला की डाडम रोड और झांवरी रोड स्थित ढाणियों तक 23 लाख रुपये से अधिक की लागत से पेयजल पाइप लाइन बिछाई जाएगी। गांव ढाब ढाणी में तीन करोड़ 71 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना का सुधारीकरण, अतिरिक्त संरचनाओं का निर्माण तथा शेष गलियों में पाइप लाइन डाली जाएगी। गांव दरियापुर में 20 लाख रुपये से अधिक की लागत से ढाणियों तक पेयजल पहुंचाने के लिए पाइप लाइन बिछाई जाएगी।
गांव हेतमपुरा में दो करोड़ 15 लाख 48 हजार रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना में सुधार, पुरानी मशीनरी बदलने तथा नई सप्लाई लाइन बिछाने का कार्य होगा। जूई कलां में सात करोड़ 78 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना का नवीनीकरण और पुरानी पाइप लाइनों के स्थान पर नई लाइनें बिछाई जाएंगी। कैरू प्रथम और द्वितीय में सात करोड़ 37 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलघर अपग्रेडेशन तथा शेष गलियों में पाइप लाइन डाली जाएगी।
उन्होंने बताया कि गांव खावा की ढाणियों में 24 लाख 63 हजार रुपये से अधिक की लागत से पाइप लाइन बिछाई जाएगी। गांव मंढान में 67 लाख 50 हजार रुपये से अधिक की लागत से ढाणियों तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के लिए पाइप लाइन डाली जाएगी। गांव निगाना कलां में दो करोड़ 34 लाख 24 हजार रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना का नवीनीकरण और नई पाइप लाइन बिछाई जाएगी। गांव निगाना खुर्द में तीन करोड़ चार लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति योजना में सुधार तथा नई पाइप लाइनें डाली जाएंगी। गांव सिढान में चार करोड़ 17 लाख रुपये से अधिक की लागत से जलापूर्ति व्यवस्था में सुधार और नई पाइप लाइनें बिछाई जाएंगी। गांव थिलौड़ में एक करोड़ 25 लाख रुपये से अधिक की लागत से पंपिंग मशीनरी बदली जाएगी और नई पाइप लाइनें बिछाई जाएंगी।
इन गांवों की जलापूर्ति योजनाओं को मिलेगा नया स्वरूप
स्वीकृत परियोजनाओं के तहत कुसुंभी, मालवास देवसर, मालवास कोहाड़, बागनवाला, ढाब ढाणी, दरियापुर, हेतमपुरा, जूई कलां, कैरू प्रथम-द्वितीय, खावा, मंढान, निगाना कलां, निगाना खुर्द, सिढान और थिलौड़ में जलापूर्ति व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। इन योजनाओं में जलघरों का निर्माण व अपग्रेडेशन, अतिरिक्त संरचनाओं का निर्माण, पुरानी मशीनरी का प्रतिस्थापन तथा गांवों और ढाणियों तक नई पेयजल पाइप लाइनें बिछाने का कार्य शामिल है। इससे क्षेत्र में स्वच्छ और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने की व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।