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Bhiwani News: चुनावी माहौल से गुलजार हो रहा भिवानी बार, उपभोक्ता फोरम के मुद्दे पर हो रही बहस
Tue, 14 May 2024 10:36 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Tue, 14 May 2024 10:36 PM IST
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भिवानी। लोकसभा चुनाव में मतदान की तारीख जैसे-जैसे नजदीक आ रही है वैसे ही चुनावी माहौल भी गर्मा रहा है। भिवानी बार में भी चुनावी माहौल का रंग चढ़ गया है। यहां उपभोक्ता फोरम को न्यायालय परिसर में लाने के मुद्दे पर अब अधिवक्ताओं के बीच बहस होने लगी है। भिवानी जिला बार सभागार परिसर में भिवानी बार पदाधिकारियों और अधिवक्ताओं के बीच संवाद हुआ।
इस मौके पर भिवानी बार प्रधान सत्यजित पिलानिया, पवन परमार ,विकास बुडानिया, संजय तंवर, सुरजीत सैनी, हरेंद्र भालोठिया, वीरेंद्र दुहन, जयमल सिंह, अमित ढुल, अरविंद बैरान ने संवाद में हिस्सा लिया। इस मौके पर लोकसभा चुनावी माहौल पर चर्चा के साथ बार में अधिवक्ताओं के लिए राजनेताओं के योगदान पर भी चर्चा हुई। बार सदस्यों ने कहा कि प्रदेश की राजनीति में अधिकांश बड़े नेताओं का भिवानी बार से नाता रहा है। भिवानी बार का सदस्य रहते हुए भी राजनेताओं ने अधिवक्ताओं के लिए कोई बड़ी परियोजनाओं को नहीं तवज्जो दी।
यही वजह है कि पिछले एक दशक से अधिवक्ता स्थानीय विधायक से लेकर मुख्यमंत्री तक गुहार लगाते आ रहे हैं, मगर उपभोक्ता फोर्म वापस न्यायिक परिसर में नहीं आई है। अधिवक्ताओं ने इस बात पर भी जोर दिया कि अधिवक्ता समाज का सजग और प्रबुद्ध तबका है, बावजूद इसकी हर बार अनदेखी ही होती है। भिवानी जिला बार में करीब 2772 सदस्य हैं। जबकि तीन सौ से अधिक महिला अधिवक्ता भी शामिल हैं। चुनावी माहौल में बार में भी राजनेताओं का आना जाना लगा रहता है। वहीं अधिवक्ताओं के बीच इनदिनों चुनावी मुद्दों की बहस ही ज्यादा रहती है।
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इस मौके पर भिवानी बार प्रधान सत्यजित पिलानिया, पवन परमार ,विकास बुडानिया, संजय तंवर, सुरजीत सैनी, हरेंद्र भालोठिया, वीरेंद्र दुहन, जयमल सिंह, अमित ढुल, अरविंद बैरान ने संवाद में हिस्सा लिया। इस मौके पर लोकसभा चुनावी माहौल पर चर्चा के साथ बार में अधिवक्ताओं के लिए राजनेताओं के योगदान पर भी चर्चा हुई। बार सदस्यों ने कहा कि प्रदेश की राजनीति में अधिकांश बड़े नेताओं का भिवानी बार से नाता रहा है। भिवानी बार का सदस्य रहते हुए भी राजनेताओं ने अधिवक्ताओं के लिए कोई बड़ी परियोजनाओं को नहीं तवज्जो दी।
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यही वजह है कि पिछले एक दशक से अधिवक्ता स्थानीय विधायक से लेकर मुख्यमंत्री तक गुहार लगाते आ रहे हैं, मगर उपभोक्ता फोर्म वापस न्यायिक परिसर में नहीं आई है। अधिवक्ताओं ने इस बात पर भी जोर दिया कि अधिवक्ता समाज का सजग और प्रबुद्ध तबका है, बावजूद इसकी हर बार अनदेखी ही होती है। भिवानी जिला बार में करीब 2772 सदस्य हैं। जबकि तीन सौ से अधिक महिला अधिवक्ता भी शामिल हैं। चुनावी माहौल में बार में भी राजनेताओं का आना जाना लगा रहता है। वहीं अधिवक्ताओं के बीच इनदिनों चुनावी मुद्दों की बहस ही ज्यादा रहती है।
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