फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   Child labor was being done for just Rs 3500, CWC wrote letter to SHO for action

Bhiwani News: मात्र 3500 रुपये में कराई जा रही थी बाल मजदूरी, सीडब्ल्यूसी ने कार्रवाई के लिए लिखा एसएचओ को पत्र

Mon, 20 Nov 2023 11:28 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी Updated Mon, 20 Nov 2023 11:28 PM IST
विज्ञापन
Child labor was being done for just Rs 3500, CWC wrote letter to SHO for action
भिवानी।
विज्ञापन

शहर के जैन चौक क्षेत्र में क्रोकरी एंड गिफ्ट गैलरी हाउस संचालक और पोशाक भंडार संचालक के खिलाफ बाल कल्याण समिति की ओर से किशोर न्याय अधिनियम 2015 के तहत केस दर्ज कर कानूनी कार्रवाई किए जाने की सिफारिश की है। दरअसल ऑपरेशन मुस्कान के तहत इन दोनों ही दुकानों में महज 15 साल के दो बच्चों से बाल मजदूरी कराई जा रही थी। इसके बदले उन्हें महज 3500 रुपये मेहनताना दिया जा रहा था। दोनों बच्चों को रेस्क्यू किए जाने के बाद उनकी काउंसिलिंग भी कराई गई थी। इसके बाद अब आरोपियों पर कानूनी कार्रवाई के लिए कदम उठाया गया है।
बाल कल्याण समिति की ओर से लिखे गए पत्र में बताया गया है कि ऑपरेशन मुस्कान के तहत श्रम निरीक्षक रवि शंकर, बाल कल्याण समिति सदस्य सतेंद्र तंवर, डीसीपीयू यूनिट भिवानी से संदीप कमार, स्टेट क्राइम ब्रांच से एसआई कपिल देव, एचसी राजबीर, एचसी जयवीर की संयुक्त टीम ने जैन चौक क्षेत्र में दो दुकानों पर दो नाबालिग बच्चों को बाल मजदूरी करते हुए रेस्क्यू किया गया था। इन बच्चों की छह नवंबर को बाल कल्याण समिति के समक्ष पेश किया। जहां इन बच्चों की काउंसिलिंग कराई गई। काउंसिलिंग के दौरान बच्चों ने बताया कि दोपहर तीन बजे से रात आठ बजे तक लगातार उनसे काम कराया जाता था। इस एवज में 3500 रुपये मेहनताना देते थे। बच्चाें को रेस्क्यू किए जाने के बाद परिजनों को सौंपा। वहीं बाल मजदूरी कराने के मामले में जिला बाल कल्याण समिति की ओर से शहर थाना पुलिस थाना प्रबंधक और पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखकर आरोपी दुकानदारों के खिलाफ किशोर न्याय अधिनियम 215 के तहत कानूनी कार्रवाई की सिफारिश की है।
विज्ञापन


ऑपरेशन मुस्कान के तहत गुम हुए बच्चों को रेस्क्यू किया जा रहा है। वहीं बाल मजदूरी में फंसे बच्चों को बचाया जा रहा है। इस संबंध में सीडब्ल्यूसी की ओर से सिटी एसएचओ को पत्र लिखा है। केस दर्ज कर इस संबंध में आगामी कार्रवाई कराई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

- सतेंद्र तंवर, सदस्य, बाल कल्याण समिति।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article