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Bhiwani News: लगातार अभ्यास से कठिन नहीं लगती बोर्ड परीक्षाएं
Wed, 03 Jan 2024 12:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Wed, 03 Jan 2024 12:04 AM IST
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भिवानी की मेधावी छात्रा दीक्षा।
भिवानी। बोर्ड की परीक्षा ज्यादा कठिन नहीं आती है। बस उसके लिए लगातार अभ्यास करना जरूरी है। इन परीक्षाओं में 90 फीसदी सिलेबस एनसीईआरटी की पुस्तकों से आता है। बोर्ड की परीक्षा दे रहे विद्यार्थियों को यह सुझाव दिया है 2023 में जीनियस सीनियर सेकेंडरी स्कूल ढिगावा में 10वीं कक्षा की स्कूल टॉपर छात्रा दीक्षा ने।
दीक्षा का कहना है कि बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी के लिए एनसीईआरटी की पुस्तकों से पढ़ाई के साथ मॉक टेस्ट का अभ्यास करना जरूरी है। लगातार अभ्यास करने से मुख्य परीक्षा देते वक्त तनाव नहीं होगा और पेपर आसान लगेगा। परीक्षाओं की तैयारी योजनाबद्ध तरीके से करें। समय का सदुपयोग करना जरूरी है। दीक्षा ने स्वयं के अनुभव बताते हुए कहा कि उसने आरंभ से परीक्षाओं की तैयारी करनी शुरू कर दी थी। स्कूल से घर आने के बाद दो घंटे व रात को आठ से दस बजे तक हर रोज पढ़ाई करती थी। कोई प्रश्न समझ न आने पर अगले दिन स्कूल में अध्यापकों से समझकर हल करती थी। स्कूल में अध्यापकों द्वारा जो पढ़ाया जाता उसे ध्यान से समझकर मेहनत करती थी।
दीक्षा ने बताया कि उसने पिछले पांच साल के प्रश्न पत्रों का लगातार अभ्यास किया है। लगातार मॉक टेस्ट देने से मुख्य परीक्षा में किसी तरह का कोई परेशानी नहीं हुई। बोर्ड परीक्षा देने वाले विद्यार्थी फिलहाल सोशल मीडिया से दूर रहें और लगातार मॉक टेस्ट का अभ्यास करें।
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दीक्षा का कहना है कि बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी के लिए एनसीईआरटी की पुस्तकों से पढ़ाई के साथ मॉक टेस्ट का अभ्यास करना जरूरी है। लगातार अभ्यास करने से मुख्य परीक्षा देते वक्त तनाव नहीं होगा और पेपर आसान लगेगा। परीक्षाओं की तैयारी योजनाबद्ध तरीके से करें। समय का सदुपयोग करना जरूरी है। दीक्षा ने स्वयं के अनुभव बताते हुए कहा कि उसने आरंभ से परीक्षाओं की तैयारी करनी शुरू कर दी थी। स्कूल से घर आने के बाद दो घंटे व रात को आठ से दस बजे तक हर रोज पढ़ाई करती थी। कोई प्रश्न समझ न आने पर अगले दिन स्कूल में अध्यापकों से समझकर हल करती थी। स्कूल में अध्यापकों द्वारा जो पढ़ाया जाता उसे ध्यान से समझकर मेहनत करती थी।
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दीक्षा ने बताया कि उसने पिछले पांच साल के प्रश्न पत्रों का लगातार अभ्यास किया है। लगातार मॉक टेस्ट देने से मुख्य परीक्षा में किसी तरह का कोई परेशानी नहीं हुई। बोर्ड परीक्षा देने वाले विद्यार्थी फिलहाल सोशल मीडिया से दूर रहें और लगातार मॉक टेस्ट का अभ्यास करें।
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