{"_id":"645a9275e58d5510360a294e","slug":"administration-of-indore-and-jamnagar-zoos-expressed-their-desire-to-take-bhiwanis-hippopotamus-bhiwani-news-c-21-hsr1027-128515-2023-05-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhiwani: इंदौर और जामनगर चिड़ियाघरों के प्रशासन ने जताई भिवानी के दरियाई घोड़े को लेने की इच्छा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhiwani: इंदौर और जामनगर चिड़ियाघरों के प्रशासन ने जताई भिवानी के दरियाई घोड़े को लेने की इच्छा
Wed, 10 May 2023 12:05 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी (हरियाणा)
Updated Wed, 10 May 2023 12:05 AM IST
सार
भिवानी का लघु चिड़ियाघर 1982 में करीब दस एकड़ में बना था। दिल्ली के चिड़ियाघर से 1984 में मादा दरियाई घोड़ा सोनिया को भिवानी में लाया गया था।
विज्ञापन
बाड़े में टहलता दरियाई घोड़ा।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
हरियाणा के भिवानी के लघु चिड़ियाघर में पैदा हुआ दरियाई घोड़ा सोनू अब इंदौर या फिर जाम नगर के चिड़ियाघर में दर्शकों का मन लुभाएगा। इन दोनों ही चिड़ियाघरों के प्रशासन की तरफ से दरियाई घोड़े को लेने की इच्छा जताई गई है। हालांकि भिवानी लघु चिड़ियाघर प्रशासन ने भी सोनू के बदले में बाघ की मांग रखी है। मामला फिलहाल सेंट्रल जू अथॉरिटी के पास है। चिड़ियाघर प्रशासन ने भालू के बाड़े में भी बदलाव किया है। वहीं दरियाई घोड़े के बाड़े के पास ही बाघ का नया बाड़ा भी जल्द तैयार किया जाएगा।
विज्ञापन
भिवानी का लघु चिड़ियाघर 1982 में करीब दस एकड़ में बना था। दिल्ली के चिड़ियाघर से 1984 में मादा दरियाई घोड़ा सोनिया को भिवानी में लाया गया था। उसी से 1994 में नर दरियाई घोड़ा सोनू पैदा हुआ था। इसके बाद 2012 में नर दरियाई घोड़ा सुंदर जन्मा।
विज्ञापन
सोनिया ने 2019 में फिर से नर दरियाई घोड़े श्याम को जन्म दिया। सोनू अब 29 साल का व्यस्क नर दरियाई घोड़ा बन चुका है, जिसे प्रजनन के लिए भी दूसरे चिड़ियाघर में इस्तेमाल किया जा सकता है। यहां पहले से ही दो जूनियर नर दरियाई घोड़े मौजूद हैं।
विज्ञापन
सेंट्रल जू अथॉरिटी के अनुसार चिड़ियाघरों में वन्य जीवों की अदला बदली का प्रावधान है। अगर किसी एक चिड़ियाघर को एक वन्य जीव की जरूरत है तो उसे अपने यहां से अतिरिक्त वन्य जीव देना पड़ेगा। भिवानी में फिलहाल बाघ के जोड़े की जरूरत है।
जबकि यहां बब्बर शेर और तेंदुआ का जोड़ा पहले से ही है। भिवानी के जू प्रशासन ने सेंट्रल अथॉरिटी के समक्ष दरियाई घोड़े को देने का अनुरोध भेजा था, जिस पर इंदौर और जामनगर के चिड़ियाघर प्रशासन ने सोनू को लेने की इच्छा जताई है।
रोहतक भी शिफ्ट हो सकता है दरियाई घोड़ा सोनू
चिड़ियाघर प्रशासन ने आशंका जताई है कि नर दरियाई घोड़ा सोनू को रोहतक के चिड़ियाघर में भी भेजा जा सकता है। क्योंकि यहां से मादा शेरनी सुधा को कुछ अर्से पहले रोहतक के चिड़ियाघर में भेजा था, जबकि रोहतक के चिड़ियाघर ने भी दरियाई घोड़े की इच्छा जताई है।
बब्बर शेर सिंबा के बाड़े में भी बनी नन्हें शावकों की उम्मीद
चिड़ियाघर प्रशासन ने पिछले साल 31 दिसंबर को इंदौर से भिवानी लाए गए बब्बर शेर सिंबा के कुनबे के यहां फल-फूलने के भी संकेत दिए हैं। उसकी मादा शेर गीता के साथ अब काफी नजदीकियां बनी हैं। जबकि उन दोनों के मिलन को लेकर अधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। लेकिन यह लग रहा है कि जल्द ही इन दोनों का परिवार यहां नन्हें शावकों से महक उठेगा।
तेंदुआ के बाड़े में नहीं नया मेहमान
चिड़ियाघर में तेंदुआ का बाड़ा में कई सालों से नया मेहमान नहीं आया है। नर तेंदुआ सन्नी 17 साल का हो चुका है। उसे 2012 में हिमाचल के शिमला चिड़ियाघर से यहां लाया गया था, जबकि मादा तेंदुआ सोनिया छत्तबीड़ पंजाब के चिड़ियाघर से 2019 में यहां लाई गई थी। फिलहाल इनका कुनबा अभी शुरू नहीं हुआ है।
हिमालयन भालू प्रीतो और डूको भी तनहा
भालू के बाड़े में हिमालयन मादा भालू प्रीतो और नर काला भालू डूको है। इन्हें हिमाचल प्रदेश के चिड़ियाघर से 2019 में यहां लाया गया था। उनका बाड़ा भी अभी नन्हें मेहमान की आस में तनहा है।
मैंने हाल ही में चार्ज संभाला है। भिवानी के लघु चिड़ियाघर के लिए काफी बेहतर करना चाहते हैं। यहां के नर दरियाई घोड़े को दूसरे चिड़ियाघर में भेजने की प्रक्रिया चल रही है, जबकि बदले में भिवानी में बाघ की मांग की है। जो चिड़ियाघर बाघ देने के लिए राजी होगा, उसके यहां दरियाई घोड़ा भेजा जाएगा। इसमें सेंट्रल जू अथॉरिटी के समक्ष भी मसौदा भेजा है। -राजीव गर्ग, डीएफओ, वन्य प्राणी विभाग हिसार।