{"_id":"6ac40090d423f211610142a7","slug":"8500-quintals-of-pearl-millet-arrived-at-the-mandi-farmers-waited-for-government-procurement-bhiwani-news-c-125-1-shsr1009-158196-2026-10-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhiwani News: साढ़े आठ हजार क्विंटल बाजरा मंडी पहुंचा, सरकारी खरीद का इंतजार करते रहे किसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhiwani News: साढ़े आठ हजार क्विंटल बाजरा मंडी पहुंचा, सरकारी खरीद का इंतजार करते रहे किसान
विज्ञापन
भिवानी की अनाज मंडी में लगी बाजरे की ढेरी।
भिवानी। प्रदेश की अन्य मंडियों की तरह भिवानी में भी बाजरे की सरकारी खरीद से एजेंसियों ने किनारा कर लिया। सोमवार को मंडी में साढ़े आठ हजार क्विंटल बाजरा पहुंचा और किसानों के गेट पास भी काटे गए लेकिन दिनभर एजेंसी के अधिकारी खरीद के लिए नहीं पहुंचे।
जिला मुख्यालय की मंडी में बाजरे की आवक ने जोर पकड़ लिया है। सोमवार को करीब 600 किसान साढ़े आठ हजार क्विंटल फसल लेकर पहुंचे। आढ़तियों ने किसानों की ट्रैक्टर-ट्राॅलियों से बाजरा अपने प्रतिष्ठानों के आगे उतरवा लिया जिसके बाद किसान गेट पास लेकर फसल आढ़तियों के भरोसे छोड़कर लौट गए।
सरकारी खरीद नहीं होने से किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं वहीं आढ़ती भी फसल को लेकर परेशानी में हैं। भिवानी मंडी में अब तक करीब 65 हजार क्विंटल बाजरा पहुंच चुका है। प्राइवेट बोली में किसानों को 2200 रुपये प्रति क्विंटल भाव मिल रहा है जबकि सरकार ने एमएसपी 2900 रुपये तय किया है।
विज्ञापन
सरकार ने प्राइवेट बोली पर बिकने वाले बाजरे पर किसानों को 600 रुपये प्रति क्विंटल भावांतर का लाभ देने का प्रावधान किया है। भिवानी मंडी में शुक्रवार को पहली बार सरकारी एजेंसी ने 613 क्विंटल बाजरा एमएसपी पर खरीदा था। सोमवार को खरीद नहीं होने से किसानों में यह संशय भी है कि शुक्रवार को खरीदा गया बाजरा भी कहीं वापस न कर दिया जाए।
किसानों के बाजरे की खरीद को लेकर सरकार स्थिति स्पष्ट नहीं कर रही है। शुक्रवार को भिवानी मंडी में 613 क्विंटल बाजरा की सरकारी खरीद हुई थी लेकिन सोमवार को खरीद बंद रही। अगर किसानों का बाजरा भावांतर योजना के तहत बिकवाना है तो सरकार हिदायतें जारी करे ताकि किसानों को परेशान न होना पड़े। -नरेश बंसल भूरू, प्रधान, दी ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन, भिवानी।
मंडी में सोमवार को करीब साढ़े आठ हजार क्विंटल बाजरा की आवक हुई लेकिन एजेंसी ने सरकारी खरीद नहीं कराई। फसल की आवक के साथ किसानों को गेट पास दिए जा रहे हैं। मंडी में किसानों के लिए समुचित व्यवस्थाएं की गई हैं। खरीद एजेंसियों द्वारा ही की जानी है। -संदीप लोहान, कार्यकारी अधिकारी एवं सचिव, हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड, भिवानी।
ढिगावा मंडी में पांचवें दिन बंपर आवक, 12 हजार क्विंटल से ज्यादा बाजरा पहुंचा
ढिगावा मंडी। सोमवार को पांचवें दिन ढिगावा अनाज मंडी में बाजरा की बंपर आवक हुई। 532 किसान 12,142 क्विंटल बाजरा लेकर मंडी पहुंचे। फिलहाल फसल की खरीद प्राइवेट तौर पर हो रही है और पांचवें दिन 2301 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से 130 क्विंटल बाजरा खरीदा गया।
अब तक मंडी में कुल 364 क्विंटल बाजरा की प्राइवेट खरीद हो चुकी है। मार्केट कमेटी सचिव विवेक पंघाल ने किसानों से साफ-सुथरी फसल समय पर मंडी में लाने और वाहनों पर रजिस्टर्ड नंबर प्लेट लगाकर आने की अपील की। ई-खरीद में परेशानी न हो इसके लिए मंडी में पर्याप्त स्टाफ की ड्यूटी लगाई गई है।
उन्होंने किसानों से फसल बेचने के बाद साथ-साथ बायोमेट्रिक कराने का आग्रह किया ताकि भुगतान में किसी प्रकार की परेशानी न आए।
विज्ञापन
जिला मुख्यालय की मंडी में बाजरे की आवक ने जोर पकड़ लिया है। सोमवार को करीब 600 किसान साढ़े आठ हजार क्विंटल फसल लेकर पहुंचे। आढ़तियों ने किसानों की ट्रैक्टर-ट्राॅलियों से बाजरा अपने प्रतिष्ठानों के आगे उतरवा लिया जिसके बाद किसान गेट पास लेकर फसल आढ़तियों के भरोसे छोड़कर लौट गए।
विज्ञापन
सरकारी खरीद नहीं होने से किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं वहीं आढ़ती भी फसल को लेकर परेशानी में हैं। भिवानी मंडी में अब तक करीब 65 हजार क्विंटल बाजरा पहुंच चुका है। प्राइवेट बोली में किसानों को 2200 रुपये प्रति क्विंटल भाव मिल रहा है जबकि सरकार ने एमएसपी 2900 रुपये तय किया है।
विज्ञापन
सरकार ने प्राइवेट बोली पर बिकने वाले बाजरे पर किसानों को 600 रुपये प्रति क्विंटल भावांतर का लाभ देने का प्रावधान किया है। भिवानी मंडी में शुक्रवार को पहली बार सरकारी एजेंसी ने 613 क्विंटल बाजरा एमएसपी पर खरीदा था। सोमवार को खरीद नहीं होने से किसानों में यह संशय भी है कि शुक्रवार को खरीदा गया बाजरा भी कहीं वापस न कर दिया जाए।
किसानों के बाजरे की खरीद को लेकर सरकार स्थिति स्पष्ट नहीं कर रही है। शुक्रवार को भिवानी मंडी में 613 क्विंटल बाजरा की सरकारी खरीद हुई थी लेकिन सोमवार को खरीद बंद रही। अगर किसानों का बाजरा भावांतर योजना के तहत बिकवाना है तो सरकार हिदायतें जारी करे ताकि किसानों को परेशान न होना पड़े। -नरेश बंसल भूरू, प्रधान, दी ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन, भिवानी।
मंडी में सोमवार को करीब साढ़े आठ हजार क्विंटल बाजरा की आवक हुई लेकिन एजेंसी ने सरकारी खरीद नहीं कराई। फसल की आवक के साथ किसानों को गेट पास दिए जा रहे हैं। मंडी में किसानों के लिए समुचित व्यवस्थाएं की गई हैं। खरीद एजेंसियों द्वारा ही की जानी है। -संदीप लोहान, कार्यकारी अधिकारी एवं सचिव, हरियाणा कृषि विपणन बोर्ड, भिवानी।
ढिगावा मंडी में पांचवें दिन बंपर आवक, 12 हजार क्विंटल से ज्यादा बाजरा पहुंचा
ढिगावा मंडी। सोमवार को पांचवें दिन ढिगावा अनाज मंडी में बाजरा की बंपर आवक हुई। 532 किसान 12,142 क्विंटल बाजरा लेकर मंडी पहुंचे। फिलहाल फसल की खरीद प्राइवेट तौर पर हो रही है और पांचवें दिन 2301 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से 130 क्विंटल बाजरा खरीदा गया।
अब तक मंडी में कुल 364 क्विंटल बाजरा की प्राइवेट खरीद हो चुकी है। मार्केट कमेटी सचिव विवेक पंघाल ने किसानों से साफ-सुथरी फसल समय पर मंडी में लाने और वाहनों पर रजिस्टर्ड नंबर प्लेट लगाकर आने की अपील की। ई-खरीद में परेशानी न हो इसके लिए मंडी में पर्याप्त स्टाफ की ड्यूटी लगाई गई है।
उन्होंने किसानों से फसल बेचने के बाद साथ-साथ बायोमेट्रिक कराने का आग्रह किया ताकि भुगतान में किसी प्रकार की परेशानी न आए।