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पत्थर पर टैक्स घटा, नहीं घटे क्रशर-रोडी के दाम
Updated Sun, 02 Jul 2017 01:59 AM IST
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पत्थर पर टैक्स घटा, नहीं घटे क्रशर-रोडी के दाम
अमर उजाला ब्यूरो
तोशाम
देशभर में जीएसटी लागू होने के बाद भी एचएसआईआईडीसी ने खानक पहाड़ में पत्थर के दाम कम नहीं किए। वहीं डाडम पहाड़ में सुंदर मार्केंटिंग कंपनी ने पत्थर पर टैक्स घटाकर प्रति टन 20 रुपये कम कर दिए। क्रेशर मालिकों ने मांग की है कि एचएसआईआईडीसी तुरंत टैक्स घटाकर पत्थर के भाव कम करे।
एक जुलाई आधी रात से देशभर में जीएसटी लागू हो गया। जीएसटी शुरू होने के बाद कुछ सामान पर टैक्स बढ़ाया गया तो कुछ सामान पर टैक्स घटाया गया है। तोशाम क्षेत्र में डाडम व खानक की दो पहाडिय़ां हैं जिनमें जीएसटी लागू होने के बाद से डाडम पहाड़ी में खनन करने वाली कंपनी ने पत्थर के दाम तो कम होंगे, लेकिन दूसरी तरफ खानक पहाड़ी में एचएसआईआईडीसी द्वारा पत्थर के रेट कम नहीं किए गए। खानक पहाड़ी में एचएसआईआईडीसी की ओर से 30 जून को भी पत्थर 295 रुपये प्रति टन व जीएसटी लागू होने के बाद एक जुलाई को भी 295 रुपये प्रति टन के हिसाब से पत्थर दिया गया है। जबकि डाडम पहाड़ी में पत्थर के रेट 20 रुपये प्रति टन के हिसाब से कम कर दिए गए हैं।
ब्लू डायमंड क्रेशर के मालिक हरीश जिंदल का कहना है कि जीएसटी लागू होने के बाद पत्थर पर टैक्स घटाया गया है। जिससे पत्थर के रेटों में कमी आनी चाहिए थी। लेकिन खानक पहाड़ी में एचएसआईआईडीसी द्वारा वही रेट लिया जा रहा। जिंदल ने बताया कि डाडम पहाड़ी के ठेकेदार ने पत्थर के दाम कम कर दिए हैं। जिंदल का कहना है कि टैक्स कम होने से लोगों को फायदा होगा। इससे पत्थर के दाम घटाने के बाद लोगों को सस्ती सामग्री मिलेगी।
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इस बारे में सुंदर मार्केटिंग कंपनी के माइनिंग मैनेजर संजय कुमार ने बताया कि जीएसटी में जो टैक्स कम हुआ है वो टैक्स घटा दिया है। 1 जुलाई से 20 रुपये प्रति टन के हिसाब से पत्थर कम भाव पर बेचा जा रहा है। क्रेशर एसोसिएशन के पूर्व प्रधान यशपाल नागपाल का कहना है कि एचएसआईआईडीसी को पत्थर के रेट घटाने चाहिए।
फोटो- 12
एचएसआईआईडीसी द्वारा काटी गई पर्ची
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अमर उजाला ब्यूरो
तोशाम
देशभर में जीएसटी लागू होने के बाद भी एचएसआईआईडीसी ने खानक पहाड़ में पत्थर के दाम कम नहीं किए। वहीं डाडम पहाड़ में सुंदर मार्केंटिंग कंपनी ने पत्थर पर टैक्स घटाकर प्रति टन 20 रुपये कम कर दिए। क्रेशर मालिकों ने मांग की है कि एचएसआईआईडीसी तुरंत टैक्स घटाकर पत्थर के भाव कम करे।
एक जुलाई आधी रात से देशभर में जीएसटी लागू हो गया। जीएसटी शुरू होने के बाद कुछ सामान पर टैक्स बढ़ाया गया तो कुछ सामान पर टैक्स घटाया गया है। तोशाम क्षेत्र में डाडम व खानक की दो पहाडिय़ां हैं जिनमें जीएसटी लागू होने के बाद से डाडम पहाड़ी में खनन करने वाली कंपनी ने पत्थर के दाम तो कम होंगे, लेकिन दूसरी तरफ खानक पहाड़ी में एचएसआईआईडीसी द्वारा पत्थर के रेट कम नहीं किए गए। खानक पहाड़ी में एचएसआईआईडीसी की ओर से 30 जून को भी पत्थर 295 रुपये प्रति टन व जीएसटी लागू होने के बाद एक जुलाई को भी 295 रुपये प्रति टन के हिसाब से पत्थर दिया गया है। जबकि डाडम पहाड़ी में पत्थर के रेट 20 रुपये प्रति टन के हिसाब से कम कर दिए गए हैं।
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ब्लू डायमंड क्रेशर के मालिक हरीश जिंदल का कहना है कि जीएसटी लागू होने के बाद पत्थर पर टैक्स घटाया गया है। जिससे पत्थर के रेटों में कमी आनी चाहिए थी। लेकिन खानक पहाड़ी में एचएसआईआईडीसी द्वारा वही रेट लिया जा रहा। जिंदल ने बताया कि डाडम पहाड़ी के ठेकेदार ने पत्थर के दाम कम कर दिए हैं। जिंदल का कहना है कि टैक्स कम होने से लोगों को फायदा होगा। इससे पत्थर के दाम घटाने के बाद लोगों को सस्ती सामग्री मिलेगी।
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इस बारे में सुंदर मार्केटिंग कंपनी के माइनिंग मैनेजर संजय कुमार ने बताया कि जीएसटी में जो टैक्स कम हुआ है वो टैक्स घटा दिया है। 1 जुलाई से 20 रुपये प्रति टन के हिसाब से पत्थर कम भाव पर बेचा जा रहा है। क्रेशर एसोसिएशन के पूर्व प्रधान यशपाल नागपाल का कहना है कि एचएसआईआईडीसी को पत्थर के रेट घटाने चाहिए।
फोटो- 12
एचएसआईआईडीसी द्वारा काटी गई पर्ची