{"_id":"597b8be34f1c1b51628b4783","slug":"161501268963-bhiwani-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुआवजे की मांग को लेकर किसानों ने दिया धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुआवजे की मांग को लेकर किसानों ने दिया धरना
Updated Sat, 29 Jul 2017 12:39 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुआवजे लिए किसानों ने दिया धरना
बहल। बारिश से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा देने एवं अन्य मांगों को लेकर क्षेत्र के किसानों ने अनाज मंडी परिसर में धरना देकर प्रदर्शन किया। किसानों ने कहा कि बारिश से तबाह हुई फसलों की गिरदावरी करवाकर मुआवजा देने के लिए लिए कई बार प्रशासन से गुहार की गई है, लेकिन उनकी बातों को अनसुना किया जा रहा है। किसानों ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा।
बड़ी संख्या में किसान अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले शुक्रवार को नई अनाज मंडी परिसर में एकत्रित हुए। इस अवसर पर किसानों ने कहा कि 20 जुलाई को क्षेत्र में हुई भयंकर बारिश के बाद जलभराव से ग्वार, बाजरा एवं कपास की फसलें खराब हो गई थी। इस बारे में प्रशासन को सूचित किया गया था तथा स्पेशल गिरदावरी कर मुआवजे के लिए प्रार्थना की गई थी। लेकिन प्रशासन ने उनकी बातों की कोई सुनवाई नहीं की गई। सूचना मिलने पर नायब तहसीलदार जगदीश चंद्र अनाज मंडी पहुंचे तथा किसानों से ज्ञापन लिया। ज्ञापन में किसानों ने स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को लागू करने, लावारिस पशुओं से फसलों को बचाने का प्रबंध, सरकारी खरीद समर्थन मूल्य पर सुनिश्चित करने, ढाणियों में घरेलू बिजली कनेक्शन दिए जाने सहित अन्य मांगे रखी। इस दौरान किसानों ने 9 अगस्त के प्रस्तावित रोहतक मेें धरना-प्रदर्शन के लिए रूपरेखा तैयार की। वहीं, किसानों ने प्रशासन को अल्टीमेेटम दिया कि अगर उनकी मांगों पर गौर नहीं किया गया तो वे 2 अगस्त को फिर से एकत्रित होकर धरना देंगे। धरने की अध्यक्षता खंड प्रधान भगवान सिंह ढाणी बहल ने की जबकि संचालन महीपाल बिधनोई ने किया। इस अवसर पर प्रदेश सचिव दयानंद पुनिया, कै. ईश्वर सिंह, डॉ. बलबीर ठाकन, धर्मपाल नंबरदार, मीरसिंह, दलबीर, प्रताप मूंड, रामसिंह जांगड़ा, हवासिंह, दिनेश सिहाग सहित अनेक किसान मौजूद रहे।
विज्ञापन
बहल। बारिश से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा देने एवं अन्य मांगों को लेकर क्षेत्र के किसानों ने अनाज मंडी परिसर में धरना देकर प्रदर्शन किया। किसानों ने कहा कि बारिश से तबाह हुई फसलों की गिरदावरी करवाकर मुआवजा देने के लिए लिए कई बार प्रशासन से गुहार की गई है, लेकिन उनकी बातों को अनसुना किया जा रहा है। किसानों ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा।
बड़ी संख्या में किसान अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले शुक्रवार को नई अनाज मंडी परिसर में एकत्रित हुए। इस अवसर पर किसानों ने कहा कि 20 जुलाई को क्षेत्र में हुई भयंकर बारिश के बाद जलभराव से ग्वार, बाजरा एवं कपास की फसलें खराब हो गई थी। इस बारे में प्रशासन को सूचित किया गया था तथा स्पेशल गिरदावरी कर मुआवजे के लिए प्रार्थना की गई थी। लेकिन प्रशासन ने उनकी बातों की कोई सुनवाई नहीं की गई। सूचना मिलने पर नायब तहसीलदार जगदीश चंद्र अनाज मंडी पहुंचे तथा किसानों से ज्ञापन लिया। ज्ञापन में किसानों ने स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को लागू करने, लावारिस पशुओं से फसलों को बचाने का प्रबंध, सरकारी खरीद समर्थन मूल्य पर सुनिश्चित करने, ढाणियों में घरेलू बिजली कनेक्शन दिए जाने सहित अन्य मांगे रखी। इस दौरान किसानों ने 9 अगस्त के प्रस्तावित रोहतक मेें धरना-प्रदर्शन के लिए रूपरेखा तैयार की। वहीं, किसानों ने प्रशासन को अल्टीमेेटम दिया कि अगर उनकी मांगों पर गौर नहीं किया गया तो वे 2 अगस्त को फिर से एकत्रित होकर धरना देंगे। धरने की अध्यक्षता खंड प्रधान भगवान सिंह ढाणी बहल ने की जबकि संचालन महीपाल बिधनोई ने किया। इस अवसर पर प्रदेश सचिव दयानंद पुनिया, कै. ईश्वर सिंह, डॉ. बलबीर ठाकन, धर्मपाल नंबरदार, मीरसिंह, दलबीर, प्रताप मूंड, रामसिंह जांगड़ा, हवासिंह, दिनेश सिहाग सहित अनेक किसान मौजूद रहे।
विज्ञापन