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रिश्वत कांड में आरोपी एसई से 17 लाख रुपये बरामद

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 31 Mar 2022 02:15 AM IST
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Rs 17 lakh recovered from SE accused in bribery scandal
संवाद न्यूज एजेंसी
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करनाल। रिश्वत कांड में नगर निगम के एसई दीपक किग्गर से पुलिस ने रिमांड के दौरान 17 लाख रुपये बरामद किए हैं, हालांकि पुलिस ने नौ लाख रुपये बरामद करने के लिए आरोपी को पांच दिन के रिमांड पर लिया था। पूछताछ में सामने आया है कि एसई बैंक लॉकर में भी रुपये छिपाकर रखता था, क्योंकि 28 मार्च को पुलिस ने एसई के बल्लगढ़ स्थित पीएनबी के लॉकर से 9.50 लाख रुपये बरामद किए थे। इससे अलग 25 मार्च को एसई के सेक्टर-7 स्थित किराए के मकान से 50 हजार रुपये बरामद किए थे। 30 मार्च को भी पुलिस ने एसई के सेक्टर-7 मकान से सात लाख रुपये बरामद किए हैं। सूत्रों का कहना है कि एसई के दो बैंक खातों में करीब दो करोड़ रुपये जमा हैं। फिलहाल पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। वहीं, पुलिस उसकी प्रॉपर्टी की भी जांच कर रही है। आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि एसई का हर फाइल पर कमीशन फिक्स था, यदि प्रोजेक्ट बड़ा होता था तो वह कमीशन बढ़ा लेता था।
जेई और ठेकेदारों की तरफ घूमी पुलिस की जांच
अब पुलिस की जांच जेई और ठेकेदारों की तरफ घूम गई है, क्योंकि वीडियो में जेई और ठेकेदार रिश्वत के रुपये एसई दीपक किग्गर और उसके पीए विकास को देते नजर आ रहे हैं। अब पुलिस जांच करेगी कि जेई के पास रिश्वत के रुपये कहां से आए, जेई नगर निगम एसई को रिश्वत क्यों देते थे।
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ये है मामला
नगर निगम के एसई दीपक किग्गर ने 17 दिसंबर 2021 को सिविल लाइन थाने में फर्जी वीडियो वायरल करने की धमकी देकर रंगदारी मांगने की शिकायत दी थी। 27 दिसंबर 2021 को पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इनमें एक एसई के कार्यालय का कंप्यूटर ऑपरेटर निकला। आरोपी ने पूछताछ में खुलासा किया कि एसई और उसका पीए विकास शर्मा ठेकेदारों से रिश्वत लेते थे, लेकिन उसे नहीं देते थे। इस कारण उसने एसई के कार्यालय में एक छिपा कैमरा लगाकर एसई और पीए की वीडियो बनाई, जिसमें वह ठेकेदारों व जेई से रिश्वत के रुपये ले रहा है।
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पुलिस ने ऐसी 32 वीडियो का खुलासा किया था। इसके बाद एसई को सस्पेंड कर दिया और उन 32 वीडियो की जांच एडीसी योगेश कुमार को सौंपी। करीब ढाई महीने तक मामले की जांच चली, जिसमें सामने आया था कि एसई दीपक किग्गर और पीए विकास ठेकेदारों से रुपये लेते थे। 15 मार्च को एडीसी की जांच रिपोर्ट के आधार पर एसई व उसके पीए पर सिविल लाइन थाने में मामला दर्ज किया गया। 16 मार्च को पीए विकास शर्मा को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद 24 मार्च को एसई दीपक को फरीदाबाद से गिरफ्तार किया गया।
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